28 Dec 2025

'आह जो दिल से निकाली जाएगी...' पढ़ें अकबर इलाहाबादी के दिल जीत लेने वाले शेर.

बदलता है ज़माना

लोग कहते हैं बदलता है ज़माना सब को, मर्द वो हैं जो ज़माने को बदल देते हैं.

तिरी पहचान

बस जान गया मैं तिरी पहचान यही है, तू दिल में तो आता है समझ में नहीं आता.

ख़ाली जाएगी

आह जो दिल से निकाली जाएगी, क्या समझते हो कि ख़ाली जाएगी.

अहबाब फ़ातिहा 

बताऊं आप को मरने के बाद क्या होगा, पोलाओ खाएँगे अहबाब फ़ातिहा होगा.

अनवार-ए-इलाही

हर ज़र्रा चमकता है अनवार-ए-इलाही से, हर सांस ये कहती है हम हैं तो ख़ुदा भी है.

पियो चंदा भी

मय भी होटल में पियो चंदा भी दो मस्जिद में, शैख़ भी ख़ुश रहें शैतान भी बे-ज़ार न हो.