Gwalior Grieving Families: शनिवार देर रात ग्वालियर में शीतला माता मंदिर में दर्शन करने जा रहे श्रद्धालुओं को ट्रक ने काल बनकर कुचल दिया. इस हादसे में कम से कम 14 लोगों की मौत हो गई और कई अन्य घायल हो गए. जान गंवाने वालों के परिवारों की दुनिया उजड़ गई है. परिजन अपने बच्चों को देखने के लिए तड़प रहे हैं. पीड़ित परिवार के सदस्यों ने घायलों को अस्पताल पहुंचाने में हुई देरी पर भी सवाल उठाए हैं.
दो बेटे और बहू को ट्रक ने कुचला
हादसे में अपने बेटे दिव्यांश को खोने वाली एक मां ने बताया कि उन्हें सुबह-सुबह इस घटना के बारे में जानकारी मिली. उन्होंने कहा, “वहां मेरी बहू, मेरा बड़ा बेटा और छोटा बेटा थे. मुझे सुबह 6 बजे बताया गया. मेरी बेटी उन्हें खोजने गई, लेकिन पुलिस ने उसे जाने नहीं दिया. पुलिस ने मुझे उन्हें खोजने में मदद क्यों नहीं की? आप ही बताइए, अगर यह आपका अपना बच्चा होता, तो क्या आपको दुख नहीं होता?”
#WATCH | Gwalior, Madhya Pradesh: The mother of Divyansh, who lost her son in the incident, says, "There was my daughter-in-law, my elder and younger sons. I was informed at 6 o’clock in the morning. My daughter went to find them but police did not allow her. Why wouldn’t the police help me find her? Tell me—if it were your own child, wouldn’t you be in pain?…"
— ANI (@ANI) October 18, 2026
‘घायलों को अस्पताल ले जाने में हुई देरी’
पीड़ित परिवार के एक सदस्य ने घायलों को अस्पताल ले जाने में हुई देरी पर सवाल उठाया और कहा कि परिवार को बच्चे की मौत के बारे में पता ही नहीं था. परिवार के सदस्य ने कहा, “अगर हादसा 2 बजे हुआ था, तो उसे 4 बजे अस्पताल क्यों ले जाया गया? उन्हें उसी समय ले जाना चाहिए था. अब बच्चा नहीं रहा और अधिकारी कह रहे हैं कि कागजों पर साइन कर दो… हमें बताया गया था कि उसका इलाज चल रहा है, हमें बिल्कुल अंदाजा नहीं था कि हमारा बच्चा अब इस दुनिया में नहीं रहा…”
बैरिकेडिंग को तोड़कर आया ट्रक
वहीं, ग्वालियर के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) धर्मवीर सिंह के अनुसार, छिनोर की तरफ से आने वाली सड़क पर एक खड़ी ढलान है, जहां भारी वाहनों का आना-जाना प्रतिबंधित है. रात करीब 1:30 बजे, धान से लदा एक ट्रक वहां रुका. ट्रक ने पुलिस बैरिकेड्स को तोड़ दिया, अचानक उस पर से नियंत्रण खो गया, वह नीचे की ओर आया और मंदिर की बाहरी दीवार से टकरा गया. सड़क पर मौजूद श्रद्धालु इसकी चपेट में आ गए, जिससे यह हादसा हुआ. मौके पर तैनात दो पुलिसकर्मी भी घायल हुए हैं और उनका इलाज चल रहा है.”
ग्वालियर की कलेक्टर रुचिका चौहान ने भी घटना के बारे में विस्तार से बताते हुए कहा कि हादसे की सूचना मिलने के बाद, राहत कार्य के लिए एम्बुलेंस और अन्य वाहन भेजे गए. उन्होंने बताया कि 29 लोग घायल हुए हैं. पांच से छह लोग गंभीर रूप से घायल हैं, जबकि अन्य को मामूली चोटें आई हैं. हादसे की खबर मिलते ही एम्बुलेंस और अन्य वाहनों को मौके पर भेजा गया.”
ग्वालियर में काल बना तेज रफ्तार ट्रक, मंदिर जा रहे श्रद्धालुओं को कुचला, 14 लोगों की मौत
News Source: ANI
