Indore Water Crisis: अधिकारियों ने रविवार को बताया कि भागीरथपुरा में चल रहे सर्वे के दौरान स्वास्थ्य टीमों ने 2,354 घरों के 9,416 लोगों की जांच की.
5 January, 2026
Indore Water Crisis: पूरे भारत का सबसे साफ शहर इंदौर इस समय गंदे पानी की परेशानी से जुझ रहा है. इंदौर में भागीरथपुरा में दूषित पानी पीने से अब तक 16 लोगों की मौत हो गई हैं, जिसमें छह महीना का बच्चा भी शामिल है. अधिकारियों ने रविवार को बताया कि भागीरथपुरा में चल रहे सर्वे के दौरान स्वास्थ्य टीमों ने 2,354 घरों के 9,416 लोगों की जांच की, जहां दूषित पानी से छह लोगों की मौत हो गई है और डायरिया के 20 नए मामले सामने आए हैं.
142 मरीज अस्पतालों में भर्ती
अधिकारियों के अनुसार, प्रकोप के बाद अब तक 398 मरीज़ों को अस्पतालों में भर्ती कराया गया था. इनमें से 256 मरीज़ ठीक होने के बाद डिस्चार्ज हो चुके हैं. उन्होंने बताया कि फिलहाल 142 मरीज़ अस्पतालों में इलाज करवा रहे हैं, जिनमें से 11 ICU में भर्ती हैं. उन्होंने आगे कहा कि अब यह प्रकोप नियंत्रण में है. मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. माधव प्रसाद हासानी ने कहा कि स्वास्थ्य संकट की जांच के लिए कोलकाता स्थित नेशनल इंस्टीट्यूट फॉर रिसर्च इन बैक्टीरियल इन्फेक्शन्स (NIRBI) की एक टीम इंदौर पहुंची है. उन्होंने कहा कि NIRBI के विशेषज्ञ प्रकोप को रोकने के लिए स्वास्थ्य विभाग को तकनीकी सहायता दे रहे हैं.
अब तक 16 की मौत!
प्रशासन ने अब तक छह मौतों की पुष्टि की है. मेयर पुष्यमित्र भार्गव ने मरने वालों की संख्या 10 बताई थी, जबकि स्थानीय लोगों का दावा है कि डायरिया के प्रकोप से छह महीने के बच्चे सहित 16 लोगों की मौत हुई है. कांग्रेस ने कैलाश विजयवर्गीय के खिलाफ न्यायिक जांच और उन्हें बर्खास्त करने की मांग की है, क्योंकि भागीरथपुरा उनके इंदौर-1 विधानसभा क्षेत्र का हिस्सा है और उनके पास शहरी विकास और आवास मंत्रालय का प्रभार है.
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने धमकी दी है कि अगर पार्टी की सुधार उपायों की मांगें पूरी नहीं की गईं तो 11 जनवरी को आंदोलन शुरू किया जाएगा. उन्होंने इंदौर के मेयर पुष्यमित्र भार्गव और संबंधित नगर निगम अधिकारियों के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का मामला दर्ज करने की मांग की. उन्होंने दावा किया कि भागीरथपुरा के निवासी पिछले आठ महीनों से शिकायत कर रहे थे कि नगर निगम के नल कनेक्शन से दूषित पानी आ रहा है, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं की गई. पटवारी ने आरोप लगाया, “वे यह भी कह रहे हैं कि भागीरथपुरा में नगर निगम के टैंकरों से सप्लाई किया जा रहा पानी भी दूषित है.”
‘घंटा’ शब्द पर विवाद
मौतों पर गुस्से के बीच, कांग्रेस पार्टी ने पूरे मध्य प्रदेश में घंटियां बजाकर विरोध प्रदर्शन किया. यह विरोध मंत्री कैलाश विजयवर्गीय के उस बयान के खिलाफ था, जिसमें उन्होंने मीडिया के एक सवाल का जवाब देते हुए कैमरों के सामने ‘घंटा’ शब्द का इस्तेमाल किया था. कांग्रेस ने इसे असंवेदनशील और अमानवीय बताया और विजयवर्गीय के इस्तीफे और न्यायिक जांच की मांग की.
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