Anti-Terrorism Campaign: सुरक्षा बलों ने शनिवार को डोडा के गंडोह क्षेत्र के चिली जंगल में एक आतंकवादी ठिकाने का भंडाफोड़ किया. ठिकाने से खाने-पीने की सामग्री और कंबल बरामद हुए.
Anti-Terrorism Campaign: सुरक्षा बलों ने शनिवार को डोडा के गंडोह क्षेत्र के चिली जंगल में एक आतंकवादी ठिकाने का भंडाफोड़ किया. ठिकाने से खाने-पीने की सामग्री और कंबल बरामद हुए. आतंकवाद विरोधी अभियान के तहत जम्मू-कश्मीर की डोडा पुलिस ने जैश-ए-मोहम्मद के पाकिस्तानी कमांडर सैफुल्लाह सहित सक्रिय आतंकवादियों के पोस्टर जारी किए हैं. जगह-जगह लगे पोस्टरों के जरिए आतंकियों की सूचना देने वालों को इनाम और सुरक्षा का आश्वासन दिया गया है. पुलिस ने नागरिकों से सुरक्षा में सहयोग की अपील की है. हाल ही में हुई मुठभेड़ों और क्षेत्र में आतंकवादियों की मौजूदगी के बारे में मिली खुफिया जानकारी के बाद जम्मू क्षेत्र के पहाड़ी इलाकों में सुरक्षा अभियान तेज कर दिए गए हैं. अधिकारियों ने बताया कि ये पोस्टर नागरी, देसा, डोडा प्रवेश द्वार पर स्थित गणपत पुल और थाथरी सहित प्रमुख चौकियों और सार्वजनिक स्थानों पर लगाए गए हैं. उन्होंने कहा कि अधिक से अधिक लोगों तक सूचना पहुंचाने के लिए अन्य संवेदनशील क्षेत्रों में भी ऐसे नोटिस व पोस्टर लगाए जा रहे हैं.
लोगों से जानकारी देने का आग्रह
इसी बीच, सुरक्षा बलों ने शनिवार सुबह डोडा के गंडोह क्षेत्र के चिली जंगल में एक आतंकवादी ठिकाने का भंडाफोड़ किया, जिसमें खाने-पीने की सामग्री और कंबल बरामद हुए. अधिकारियों ने बताया कि बरामदगी से क्षेत्र में हाल ही में हुई हलचल का संकेत मिलता है, जिसके चलते सुरक्षा बलों ने आसपास के जंगलों में तलाशी अभियान तेज कर दिया है. अधिकारियों ने बताया कि संदिग्धों की तस्वीरों और पोस्टरों में जनता से पुलिस के साथ कोई भी विश्वसनीय जानकारी साझा करने का आग्रह किया गया है. साथ ही सूचना देने वालों की पूर्ण गोपनीयता और सुरक्षा का आश्वासन दिया गया है. उन्होंने बताया कि पोस्टर अभियान चेनाब घाटी, जिसमें डोडा और पड़ोसी किश्तवाड़ जिले शामिल हैं, में सक्रिय आतंकी नेटवर्क को खत्म करने के लिए चलाए जा रहे गहन प्रयासों का हिस्सा है. इन जिलों में हाल के वर्षों में कई मुठभेड़ें हुई हैं, जब आतंकवादियों ने जम्मू क्षेत्र के उन हिस्सों में अपनी गतिविधियां फिर से शुरू करने की कोशिश की, जिन्हें काफी हद तक आतंकवाद से मुक्त कर दिया गया था.
डोडा, किश्तवाड़, कठुआ में अभियान तेज
पिछले एक महीने से डोडा, किश्तवाड़, कठुआ, उधमपुर, राजौरी और पुंछ जिलों के ऊपरी इलाकों में एक बड़ा तलाशी अभियान चल रहा है, जिसके परिणामस्वरूप लगभग एक दर्जन मुठभेड़ें हुईं. इनमें से अधिकांश किश्तवाड़, उधमपुर और कठुआ में हुईं. इनमें जैश-ए-मोहम्मद के चार पाकिस्तानी आतंकवादी और एक सेना का जवान शहीद हो गए. 4 फरवरी को उधमपुर के रामनगर वन क्षेत्र में हुई मुठभेड़ में दो आतंकवादी मारे गए और एक किश्तवाड़ के चतरू क्षेत्र में. वहीं 23 जनवरी को कठुआ के परहेतर में एक आतंकवादी को मार गिराया गया. 18 जनवरी को चतरू में हुई मुठभेड़ में एक सेना का पैराट्रूपर भी शहीद हो गया. अधिकारियों ने बताया कि थाथरी और गंडोह क्षेत्रों में तलाशी अभियान जारी है. डोडा में तलाशी अभियान तेज कर दिया गया है, क्योंकि स्थानीय लोगों ने संदिग्ध गतिविधियों की सूचना दी है. माना जा रहा है कि ये लोग आतंकवादी हैं जो हाल ही में किश्तवाड़ में चलाए गए घेराबंदी और तलाशी अभियान से बचकर आसपास के वन क्षेत्रों में छिप गए हैं.
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News Source: Press Trust of India (PTI)
