Bihar News : आबकारी विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए शराब के नशे में 5 लोगों को गिरफ्तार किया है. इसमें तीन सरकारी शिक्षक भी शामिल हैं. घटना के सामने आने के बाद शिक्षा विभाग में हड़कंप मच गया है.
- बिहार से अमरजीत सिंह की रिपोर्ट
Bihar News : सुपौल जिले में इंडो-नेपाल सीमा पर स्थित भीमनगर चेक पोस्ट पर आबकारी विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए शराब के नशे में 5 लोगों को गिरफ्तार किया है. गिरफ्तार किए गए लोगों में तीन सरकारी शिक्षक भी शामिल हैं, जो मधेपुरा जिले के बताए जा रहे हैं. इस घटना के सामने आने के बाद शिक्षा विभाग में हड़कंप मच गया है और पूरे मामले ने सरकारी व्यवस्था पर कई सवाल खड़े कर दिए. जानकारी के अनुसार पता चला है कि मधेपुरा जिले के ये शिक्षक ‘मुख्यमंत्री बिहार दर्शन’ योजना के तहत स्कूली छात्रों को शैक्षणिक भ्रमण पर कोशी बराज घुमाने लेकर आए थे. भ्रमण कार्यक्रम के बाद जब सभी लोग वापस लौट रहे थे, उसी दौरान शिक्षकों समेत 5 लोग नेपाल सीमा पार कर शराब का सेवन कर भारत लौट रहे थे. बताया जा रहा है कि गुरुवार की शाम सभी लोग भीमनगर स्थित चेक पोस्ट से गुजर रहे थे, तभी वहां तैनात उत्पाद विभाग की टीम नियमित जांच अभियान चला रही थी.
कई लोगों की गतिविधि संदिग्ध
जांच के दौरान टीम को कुछ लोगों की गतिविधि संदिग्ध लगी, जिसके बाद उन्हें रोककर पूछताछ की गई. संदेह गहराने पर सभी की ब्रेथ एनलाइजर मशीन से जांच कराई गई. जांच रिपोर्ट में पांचों लोगों के शराब के नशे में होने की पुष्टि हुई. इसके बाद मौके पर मौजूद उत्पाद विभाग की टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए सभी को हिरासत में ले लिया. इस कार्रवाई का नेतृत्व उत्पाद निरीक्षक संजय प्रियदर्शी कर रहे थे. उन्होंने बताया कि बिहार में पूर्ण शराबबंदी लागू है और राज्य के बाहर, विशेषकर नेपाल से शराब का सेवन कर वापस आना भी कानूनन अपराध की श्रेणी में आता है. उन्होंने स्पष्ट किया कि सीमावर्ती क्षेत्रों में विशेष निगरानी रखी जा रही है और ऐसे मामलों में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी.
नशे की हालत में पकड़े गए शिक्षक
घटना का सबसे गंभीर पहलू यह है कि जिन शिक्षकों को छात्रों के मार्गदर्शन और सुरक्षा की जिम्मेदारी सौंपी गई थी. वहीं, शिक्षक नशे की हालत में पकड़े गए. इससे न केवल शिक्षा व्यवस्था की साख पर सवाल उठे हैं, बल्कि छात्रों की सुरक्षा को लेकर भी चिंता बढ़ गई है। हालांकि, इस दौरान छात्रों के साथ किसी प्रकार की अप्रिय घटना की सूचना नहीं है, लेकिन शिक्षकों की इस हरकत को बेहद गैर-जिम्मेदाराना माना जा रहा है. सूत्रों के अनुसार, इस मामले की जानकारी संबंधित शिक्षा विभाग के अधिकारियों को भी दे दी गई है. विभागीय स्तर पर इन शिक्षकों के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू की जा सकती है. साथ ही स्थानीय प्रशासन भी इस घटना को गंभीरता से लेते हुए आगे की जांच में जुट गया है.
पांच लोगों के खिलाफ दर्ज किया गया मामला
फिलहाल, गिरफ्तार किए गए सभी पांचों आरोपियों के खिलाफ बिहार आबकारी अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है और उनसे पूछताछ जारी है. अधिकारियों का कहना है कि आगे की कानूनी प्रक्रिया पूरी करते हुए सभी को न्यायिक हिरासत में भेजा जाएगा. यह कार्रवाई एक बार फिर यह दर्शाती है कि बिहार में शराबबंदी कानून को सख्ती से लागू करने के लिए प्रशासन पूरी तरह सतर्क और सक्रिय है, खासकर सीमावर्ती इलाकों में निगरानी और जांच अभियान लगातार तेज किया जा रहा है.
यह भी पढ़ें- ग्वालियर में स्कॉर्पियो- ऑटो की भीषण भिड़ंतः एक ही परिवार के 5 सदस्यों की मौत, दर्शन कर लौट रहे थे मृतक
