Yamunotri Dham: समिति ने स्पष्ट किया है कि मंदिर में आने वाले प्रत्येक श्रद्धालु को बिना उसके धर्म या जाति की परवाह किए दर्शन की अनुमति दी जाएगी.
Yamunotri Dham: उत्तराखंड के गढ़वाल हिमालय में स्थित चार धामों में से एक यमुनोत्री धाम की प्रबंधन समिति ने आगामी चारधाम यात्रा के लिए एक ऐतिहासिक निर्णय लिया है. समिति ने स्पष्ट किया है कि मंदिर में आने वाले प्रत्येक श्रद्धालु को बिना उसके धर्म या जाति की परवाह किए दर्शन की अनुमति दी जाएगी. यमुनोत्री मंदिर समिति के प्रवक्ता पुरुषोत्तम उनियाल ने इस निर्णय की जानकारी देते हुए बताया कि चारधाम यात्रा पर आने वाला प्रत्येक व्यक्ति ‘सनातनी’ है. उन्होंने जोर देकर कहा कि जो भी भक्त सच्ची श्रद्धा और भक्ति भाव के साथ यमुना देवी के द्वार पर आएगा, उसका स्वागत ‘अतिथि देवो भव’ की प्राचीन भारतीय परंपरा के अनुसार किया जाएगा.
सामाजिक सद्भाव और पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा
समिति ने बताया कि मंदिर में प्रवेश के समय किसी भी श्रद्धालु से उसकी जाति या धर्म के बारे में पूछताछ नहीं की जाएगी. यह कदम अन्य धामों की तुलना में अधिक उदार माना जा रहा है, क्योंकि इससे पहले बद्रीनाथ, केदारनाथ और गंगोत्री धाम में गैर-सनातनियों के लिए प्रवेश की शर्तें अधिक सख्त रही हैं. इस वर्ष चारधाम यात्रा का शुभारंभ 19 अप्रैल को अक्षय तृतीया के पावन अवसर पर होने जा रहा है. मंदिर समिति के इस फैसले से सामाजिक सद्भाव और पर्यटन को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है. बद्रीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति के अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी ने कहा कि अगर कोई गैर हिंदू सनातन धर्म में अपनी आस्था का शपथ पत्र देता है, तो उसे मंदिरों में जाने की अनुमति दी जाएगी.
23 अप्रैल को खुलेंगे बद्रीनाथ मंदिर के कपाट
वहीं, गंगोत्री मंदिर समिति ने घोषणा की है कि गैर सनातन लोगों को पंचगव्य (गाय के गोबर, गोमूत्र, दूध, दही और घी को मिलाकर बनाया गया प्रसाद) खाने के बाद ही मंदिर में प्रवेश दिया जाएगा. इस साल चार धाम यात्रा 19 अप्रैल को अक्षय तृतीया के अवसर पर शुरू होगी. उत्तरकाशी जिले में गंगोत्री और यमुनोत्री मंदिरों के कपाट खुल रहे हैं. बद्रीनाथ मंदिर के कपाट 23 अप्रैल को खुलेंगे और केदारनाथ मंदिर के कपाट 22 अप्रैल को खुलेंगे. चार धाम यात्रा के लिए ऑनलाइन पंजीकरण 6 मार्च से शुरू हुआ और 26 मार्च शाम 5 बजे तक 9.32 लाख से अधिक भक्तों ने पंजीकरण कराया है. इसके अलावा 23 मई से शुरू होने वाली हेमकुंड साहिब यात्रा के लिए भी 4,000 से अधिक भक्तों ने पंजीकरण कराया है. बद्रीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति के अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी ने बताया कि काफी संख्या में हो रहे पंजीकरण से यह साबित हो रहा है कि चारधाम यात्रा के लिए श्रद्धालुओं में काफी उत्साह है.
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News Source: PTI
