Home Latest News & Updates बिहार में ओवैसी को लेकर तेजस्वी ने नहीं खोले अपने पत्ते, AIMIM प्रमुख ने गठबंधन पर लालू यादव को घेरा

बिहार में ओवैसी को लेकर तेजस्वी ने नहीं खोले अपने पत्ते, AIMIM प्रमुख ने गठबंधन पर लालू यादव को घेरा

by Sanjay Kumar Srivastava 25 September 2025, 3:23 PM IST (Updated 25 September 2025, 3:25 PM IST)
25 September 2025, 3:23 PM IST (Updated 25 September 2025, 3:25 PM IST)
AIMIM chief Asaduddin Owaisi

AIMIM Chief: ओवैसी ने कहा कि पार्टी ने केवल बराबरी का व्यवहार करने पर जोर दिया और मंत्री पद की कोई इच्छा नहीं जताई.

AIMIM Chief: एआईएमआईएम (AIMIM) प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने गुरुवार को राजद प्रमुख लालू प्रसाद और उनके बेटे तेजस्वी यादव पर बड़ा हमला बोला है. असदुद्दीन ओवैसी ने बिहार विधानसभा चुनाव से पहले गठबंधन के अनुरोधों का जवाब नहीं देने का आरोप लगाया. उन्होंने कहा कि पार्टी ने केवल बराबरी का व्यवहार करने पर जोर दिया और मंत्री पद की कोई इच्छा नहीं जताई. हैदराबाद के सांसद ने किशनगंज जिले में आयोजित एक रैली में यह टिप्पणी की, जहां मुस्लिम आबादी अच्छी खासी है. यह रैली उनकी चार दिवसीय ‘सीमांचल न्याय यात्रा’ के हिस्से के रूप में आयोजित की गई थी. उन्होंने कहा कि हमारे बिहार अध्यक्ष अख्तरुल ईमान ने लालू प्रसाद और तेजस्वी यादव को तीन पत्र लिखकर इंडिया ब्लॉक में शामिल होने की हमारी इच्छा व्यक्त की.

कहा- मांगी 6 सीटें, नहीं मिला जवाब

ओवैसी ने कहा कि हमने केवल छह सीटों की मांग की थी. हमें किसी भी मंत्री पद में कोई दिलचस्पी नहीं है. हम केवल यह चाहते थे कि भाजपा और आरएसएस के खिलाफ संयुक्त लड़ाई में हमारे साथ बराबरी का व्यवहार किया जाए, न कि गुलामों की तरह. लेकिन अभी तक उनकी ओर से कोई जवाब नहीं आया है. राजद की उदासीनता को ज़िम्मेदार ठहराते हुए ओवैसी ने कहा कि बिहार में मुस्लिम समुदाय के पास समर्पित नेतृत्व का अभाव है. एआईएमआईएम प्रमुख ने दावा किया कि हर जाति के विपरीत, मुसलमानों के पास अपने नेता नहीं हैं. आपको यादव, कुशवाहा, कुर्मी, मांझी, राजपूत, पासवान और अन्य सभी जातियों के नेता मिल सकते हैं. लेकिन मुसलमानों के पास अपने लिए कोई नेता नहीं है.

पिछले चुनाव में जीती थीं पांच सीटें

मालूम हो कि ओवैसी की पार्टी ने पिछले विधानसभा चुनावों में पांच सीटें जीती थीं, लेकिन इमाम को छोड़कर सभी विधायक कुछ साल बाद राजद में शामिल हो गए थे. उन्होंने पूछा कि जब तेजस्वी मुख्यमंत्री बनने का सपना देख सकते हैं, तो सीमांचल के युवा नेता क्यों नहीं बन सकते? उन्होंने कहा कि हमने यह कदम इसलिए उठाया ताकि हम पर भाजपा की मदद करने का आरोप न लगे. राजद की ओर से उचित प्रतिक्रिया न मिलने से यह स्पष्ट हो जाएगा कि असल में भाजपा की मदद कौन कर रहा है. एआईएमआईएम ने पिछले विधानसभा चुनाव में 20 सीटों पर चुनाव लड़ा था और इनमें से पांच पर जीत हासिल की थी. मालूम हो कि सीमांचल क्षेत्र में पूर्णिया, अररिया, किशनगंज और कटिहार जिले शामिल हैं. इन जिलों में मुसलमानों की संख्या ज़्यादा है. ओवैसी ने अपनी ‘सीमांचल न्याय यात्रा’के तहत अररिया ज़िले में भी जनसभाओं को संबोधित किया.

ये भी पढ़ेंः SC/ST एक्ट की तर्ज पर कानून का वादा: राहुल गांधी की बिहार में EBC समुदाय के लिए बड़ी घोषणा

You may also like

LT logo

Feature Posts

Newsletter

@2026 Live Time. All Rights Reserved.

Are you sure want to unlock this post?
Unlock left : 0
Are you sure want to cancel subscription?