BMC Elections 2026 : बीएमसी चुनाव से पहले कांग्रेस ने अपने उम्मीदवारों की पहली लिस्ट जारी कर दी है. इसके अलावा चुनाव से कुछ दिनों पहले VBA से गठबंधन करके पार्टी ने कार्यकर्ताओं को हैरान कर दिया.
BMC Elections 2026 : कांग्रेस ने सोमवार को आगामी बृहन्मुंबई नगर निगम (BMC) चुनाव से पहले उम्मीदवारों की पहली लिस्ट जारी कर दी है. इस लिस्ट में 87 प्रत्याशियों के नामों का एलान किया गया है. मुंबई कांग्रेस ने इसकी जानकारी दी और इस दौरान चुनाव के ठीक पहले गठबंधन करके पार्टी के कार्यकर्ताओं को हैरान कर दिया. कांग्रेस ने इससे पहले कहा था कि वह 15 जनवरी को होने वाले नगर निगम चुनाव के लिए सभी 227 वार्डों पर अकेले चुनाव लड़ेगी, लेकिन अचानक प्रकाश अंबेडकर के नेतृत्व वाली वंचित बहुजन अघाड़ी (VBA) के साथ गठबंधन करके सबको चौंका दिया और इस अलायंस को ध्यान में रखकर INC ने VBA को 62 सीटें दी हैं.
ऐसा हुआ कांग्रेस और अन्य दलों का सीट बंटवारा
कांग्रेस नेताओं ने बताया कि VBA के अलावा पार्टी ने राष्ट्रीय समाज पक्ष (RSP) को 10 सीटें और रिपब्लिकन पार्टी ऑफ इंडिया (गवई गुट) 2 सीटें दी हैं. कांग्रेस के इस फैसले से शहरी इकाई के पदाधिकारी काफी नाराज हैं. वहीं, मुंबई कांग्रेस अध्यक्ष वर्षा गायकवाड़ ने कहा कि पार्टी ने यह फैसला लोकतंत्र और संविधान की रक्षा के लिए लिया गया. दूसरी तरफ वरिष्ठ नेताओं ने कहा कि मुंबई से जुड़ा ऐसा मुद्दा पहली बार राज्य कांग्रेस अध्यक्ष ने घोषित नहीं किया. हालांकि, पार्टी के मुंबई अध्यक्ष ने कहा कि पार्टी के इस फैसले से वह काफी खुश हैं. राज्य कांग्रेस का मानना है कि वह प्रदेश में स्वतंत्र रूप से चुनाव लड़ने का रास्ता बना रही है. सालों से महाराष्ट्र में कांग्रेस की राजनीति किसी न किसी दल पर निर्भर रही है और गठबंधन का हिस्सा होने के बाद भी वह दूसरे नंबर पर रही, जिसके कारण उसके फैसले लेने की स्वतंत्रता काफी सीमित हो गई.
BJP ने बताया क्यों लिया ऐसा फैसला
बताया जा रहा है कि NCP (SP) प्रमुख शरद पवार और शिवसेना (UBT) अध्यक्ष उद्धव ठाकरे के प्रभाव की वजह से कांग्रेस की राजनीति काफी सीमित हो गई थी. इसके साथ ही VBA के साथ सीट बंटवारा मुंबई कांग्रेस कार्यकर्ताओं के लिए एक झटका है, क्योंकि 6 लोकसभा सीटों में से हर एक में VBA को 10 से ज्यादा वार्ड दिए गए हैं. इसके अलावा बात यह भी है कि इनमें से कई सारे वार्ड बीजेपी के गढ़ हैं जिसके कारण कांग्रेस ने इन्हें छोड़ दिया. इसके अलावा विशेषज्ञ यह भी बता रहे हैं कि VBA को उन इलाकों में भी सीट दी गई है जहां पर कोई दलित बस्ती नहीं है. वहीं, बीजेपी नेता ने कहा कि इलाके में एकमात्र ही दलित बस्ती है और वहां पर BJP-RPI के कार्यकर्ताओं का दबदबा है. उन्होंने दावा किया कि ज्यादा वार्डों में कांग्रेस के पास उम्मीदवार नहीं थे जिसके कारण पार्टी ने अपनी इज्जत बचाने के लिए ऐसा फैसला लिया है.
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