Bangladesh Violence : बांग्लादेश में हिंदू अल्पसंख्यकों की मौत ने ब्रिटेन में भी सवाल खड़े होने लग गए हैं. इसी बीच विपक्षी पार्टी कंजर्वेटिव की नेता प्रीति पटेल ने ब्रिटिश सरकार से दखल देने की मांग की है.
Bangladesh Violence : ब्रिटिश पार्लियामेंट में विपक्षी सांसद और कंजर्वेटिव पार्टी की प्रमुख प्रीति पटेल ने बांग्लादेश हिंसा के दौरान हिंदू अल्पसंख्यकों की हत्या पर गंभीर चिंता जताई है. साथ ही उन्होंने ब्रिटिश सरकार से बांग्लादेश हिंसा को शांत करने के लिए दखल देने की अपील की है. उन्होंने कहा कि देश में स्थिरता लाने के लिए अपने प्रभाव का इस्तेमाल करने के लिए कहा है. कंजर्वेटिव सांसद ने शुक्रवार को विदेश सचिव यवेट कूपर को लिखा पत्र सोशल मीडिया पर पोस्ट किया, जिसमें लेबर पार्टी सरकार से हाउस ऑफ कॉमन्स में इस मुद्दे पर बयान देने की भी अपील की गई. पटेल ने कहा कि बांग्लादेश में हालात काफी चिंताजनक है. धार्मिक स्वतंत्रता की रक्षा की जानी चाहिए और हिंदुओं की हत्याओं को भी रोका जाना चाहिए.
धार्मिक स्वतंत्रता पर उठाए सवाल
उन्होंने कहा कि यूके सरकार को बांग्लादेश में स्थिरता लाने और ऐसे भविष्य के लिए काम करने के लिए अपने प्रभाव और बातचीत की शक्तियों का इस्तेमाल करना चाहिए, जहां पर धार्मिक स्वतंत्रता हो और हिंदू सुरक्षित हों. कूपर को लिखे पत्र में सांसद ने लिखा कि बीते कुछ हफ्तों में 18 दिनों की अवधि में कम से कम 6 हिंदुओं की हत्या की रिपोर्ट सामने आई है और इस स्तर का उत्पीड़न और हिंसा अस्वीकार्य है. हिंसा में वृद्ध को देखते हुए क्या आप बता सकते हैं कि बीते एक साल में निगरानी और प्रतिनिधित्व करने के लिए क्या कदम उठाए गए हैं? इसी बीच विदेश मंत्रालय ने बांग्लादेश में अल्पसंख्यकों पर हो रहे अत्याचार और हमलों को लेकर कड़ी निंदा की है. MEA के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा कि हम चरमपंथियों द्वारा अल्पसंख्यकों के साथ-साथ उनके घरों और व्यवसायों पर बार-बार होने वाले हमलों का एक पैटर्न देख रहे हैं और साथ ही अब ऐसी सांप्रदायिक घटनाओं से तेजी से निपटा जाना चाहिए.
कई कारणों की वजह से मारा जा रहा
उन्होंने कहा कि हमने ऐसी घटनाओं में व्यक्तिगत दुश्मनी और राजनीतिक मतभेदों की वजह से एक परेशान करने वाली प्रवृत्ति देखी है. अगर इस तरह की अनदेखियां होंगी तो अपराधियों का हौसला बढ़ेगा और अल्पसंख्यकों के बीच डर और असुरक्षा की भावना गहरी होती चली जाएगी. बंगाली हिंदू आदर्श संघ यूके के नेतृत्व में ब्रिटिश हिंदू समूहों ने बांग्लादेश में अल्पसंख्यकों पर हमला के खिलाफ लंदन में विरोध प्रदर्शन आयोजित किए हैं. उन्होंने आगे कहा कि बांग्लादेश के अल्पसंख्यक समुदाय भेदभाव, हिंसा, हत्या और आबादी में कम जैसी लंबे समय से चली आ रही चिंताओं का सामना कर रहे हैं. प्रदर्शनकारियों ने अंतर-धार्मिक आवाज चिनमय प्रभु की अनैतिक गिरफ्तारी और इस्लामिक चरमपंथियों द्वारा दीपू दास की सार्वजनिक लिंचिंग की निंदा की है.
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