Travelers Favorite State 2025: घूमने के शौकीन लोगों के लिए 2025 में भारत का उत्तर प्रदेश हॉटस्पॉट बना रहा. आप भी जानें कैसे हुआ सीएम योगी आदित्यनाथ का सपना साकार.
29 December, 2025
Travelers Favorite State 2025: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की लीडरशिप में उत्तर प्रदेश टूरिज्म सेक्टर ने 2025 में शानदार सफलताएं हासिल की हैं. मुख्यमंत्री के विजन के मुताबिक धार्मिक, सांस्कृतिक और ऐतिहासिक जगहों के नवीनीकरण और टूरिज्म फैसिलिटी की ग्रोथ से यूपी डोमेस्टिक टूरिज्म में देश में पहला और विदेशी पर्यटन में चौथा नंबर हासिल किया है. भारत सरकार के पर्यटन मंत्रालय के आंकड़ों के अनुसार, साल 2025 में प्रदेश में 137 करोड़ से ज्यादा टूरिस्ट्स आए, जबकि 3.66 लाख विदेशी टूरिस्ट ने यूपी दर्शन किए. इसकी सबसे बड़ी वजह प्रयागराज में हुआ दिव्य और भव्य महाकुंभ-2025 रहा. जहां रिकॉर्ड 66 करोड़ से ज्यादा श्रद्धालु पहुंचे थे.

ये शहर बने फेवरेट
इसके अलावा अयोध्या, वाराणसी, मथुरा-वृंदावन और श्रावस्ती जैसी जगह अब देश के खास टूरिस्ट स्पॉट बन चुके हैं. सीएम योगी के विजन के मुताबिक प्रदेश में धार्मिक और सांस्कृतिक टूरिज्म की नई संभावनाओं का विकास हुआ है, साथ ही पर्यटन एवं कला, संस्कृति विभाग द्वारा समय-समय पर आयोजित होने वाले दीपोत्सव, रंगोत्सव, देवदीपावली और माघ मेला जैसे आयोजन देश, विदेश के टूरिस्ट्स को सबसे ज्यादा अट्रैक्ट कर रहे हैं.

टूरिज्म सेक्टर
हमेशा से उत्तर प्रदेश, भारतीय संस्कृति और इतिहास का महत्वपूर्ण केंद्र रहा है, लेकिन 2017 से पहले की सरकारों में उपेक्षित पड़े टूरिस्ट स्पॉट्स को सीएम योगी आदित्यनाथ के शासन काल में न सिर्फ पुनर्जीवित किया, बल्कि परिवहन, हॉस्पिटैलिटी और कनेक्टिविटी को भी मजबूत बनाया गया. एयरपोर्ट, ट्रेन-बस सेवाओं और होटल-होम स्टे की सुविधाओं से विदेशी टूरिस्ट्स की संख्या में भी गजब वृद्धि दर्ज की गई. टूरिज्म सेक्टर ने इस साल प्रदेश में पर्यटन के विकास के लिए 1283.33 करोड़ रुपये की योजनाएं शुरू कीं. इनमें वाराणसी के घाटों का सौंदर्यीकरण, एकीकृत सर्किट हाउस और कन्वेंशन सेंटर का निर्माण, चित्रकूट में कालिंजर एकीकृत मार्ग और राम वन गमन मार्ग पर पर्यटक सुविधा केंद्रों का विकास सबसे प्रमुख हैं.

करोड़ों का बजट
मुरादाबाद के भगवानपुर मंदिर, शाहजहांपुर के अजीताश्रम योगकुंज (जन्मस्थली), वाल्मीकिनगर में लवकुश कुटी, त्रेतायुग भूमि कुटी, भरतकोठी, सीता रसोई और कौसल्या स्थल का रेनोवेशन तेजी से हो रहा है. इसी क्रम में जिला पर्यटन इकाइयों के माध्यम से 7 करोड़ रुपये की लागत से 5 नए प्रोजेक्ट्स भी शुरू हुए. मुख्यमंत्री पर्यटन विकास सहयोगिता योजना के तहत इस साल 2 परियोजनाओं को अप्रूवल मिला, जबकि बाकी 4 को जल्द ही स्वीकृति मिलने वाली है.
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महाकुम्भ 2025
टूरिज्म एंड कल्चर डिपार्टमेंट ने बाकी विभागों के साथ मिलकर समय-समय पर कई सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन कराया, जिसने प्रदेश में पर्यटन को नई ऊंचाइयों पर पहुंचाया. इस साल का सबसे बड़ा आयोजन प्रयागराज में महाकुम्भ-2025 का रहा. महाकुम्भ के दिव्य-भव्य आयोजन में देश विदेश से रिकार्ड संख्या में टूरिस्ट प्रयागराज आये. इसके अलावा आयोध्या के भव्य दीपोत्सव के आयोजन में दीयों के प्रज्जवलन का अपना ही पुरान गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड तोड़ा. वहीं, वाराणसी की रामलीला में विश्व का सबसे बड़ा राम तख्त भी गिनीज बुक में दर्ज हुआ. गंगा घाट पर राम कथा, कथक-नृत्य, 3-डी होलोग्राम और प्रोजेक्शन मैपिंग ने समा बांधा. साथ ही होली के त्योहार पर ब्रज क्षेत्र में रंगोत्सव, रामनगर की चिल्का होली, काशी की होली तथा मथुरा की लठमार होली ने टूरिस्ट्स को मंत्रमुग्ध किया. सला 2025 में घाघरा महोत्सव, ब्रह्मा महोत्सव, मकर संक्रांति महोत्सव, दूधई मेला, गाजीपुर महोत्सव, वाराणसी महोत्सव, चित्रकूट का लालगढ़ मेला जैसे आयोजनों से पर्यटक संख्या, रिवेन्यू और स्थानीय रोजगार में बेहतरीन बढ़ोतरी हुई.

यूपी टूरिज्म पोर्टल
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के मार्गदर्शन में बनी उत्तर प्रदेश पर्यटन नीति-2022 ने प्रदेश में पर्यटन के बहुआयामी विकास को सुनिश्चित किया. इसके तहत up-tourismportal.in पर 1757 पर्यटन इकाइयों का पंजीकरण हो चुका है, जबकि 37,688.58 करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं. इसके अलावा पर्यटन विभाग ने यूपी के टूरिज्म के प्रमोशन के लिए ज्यूरिख ट्रेवल मार्ट, ग्लोबल ट्रेवल मार्केट-2025, पेरिस फैशनवीक, जीटीएसी टोक्यो-सिडनी, आईटीबी एशिया, फिटूर-2025 जैसे अंतर्राष्ट्रीय मंचों पर हिस्सा लिया. साथ ही राष्ट्रीय स्तर पर आईटीबी इंडिया, जीटीए पटना-लखनऊ-मुंबई-चेन्नई-दिल्ली, एक्सपो जयपुर आदि में भागीदारी से प्रचार बढ़ा.

नया प्लान
सीएम युवा टूरिज्म फेलोशिप प्रोग्राम का संचालन और युवा पर्यटन दलों का हुआ गठन युवा सशक्तिकरण पर जोर देते हुए पर्यटन विभाग विभाग ने सीएम टूरिज्म फेलाशिप प्रोग्राम का संचालन किया गया. इसके तहत युवाओं को प्रशिक्षण प्रदान किया गया. साथ ही प्रदेश के सभी 75 जिलों में युवा पर्यटन दलों का गठन हुआ, जो पर्यटकों को सुविधाएं प्रदान करने और सांस्कृतिक संरक्षण के लिए जागरूकता फैला रहे हैं. इसके अलावा पर्यटन विभाग भारत सरकार के साथ मिलकर 17 ट्रैवल-टूरिज्म कोर्सेज का संचालन करता है, जिनसे प्रदेश के युवा टूरिस्ट गाइड, एयर होस्टेस, क्रू कैबिन और होटल क्षेत्र में रोजगार मिल रहा है. साथ ही 46 करोड़ की लागत से शाहजहांपुर में कन्वेंशन एंड एग्जीबिशन सेंटर का फेज-2 लगभग पूरा हो चुका है. युवा ट्रेवल मार्ट के तहत युवा पर्यटक दलों ने प्रमुख पर्यटन स्थलों और आयोजनों में अयोध्या, बरेली, चंदौली, शाहजहांपुर, वाराणसी, फर्रुखाबाद, प्रयागराज और लखनऊ में पर्यटकों को सहायता प्रदान की. पर्यटन विभाग ने जागरूकता फैलाने और विरासत के संरक्षण के प्रयास से प्रदेश के प्रमुख नगरों में स्कूली क्विज और फोटो प्रतियोगिताएं आयोजन किया. वहीं विश्व पर्यटन दिवस पर लखनऊ के 11 स्कूलों के युवाओं को प्रमुख पर्यटन स्थलों का टूर कराया गया.

यूपी में टूरिज्म के नए आयाम
केंद्र सरकार की स्वदेश दर्शन योजना-2.0 के तहत प्रयागराज में आजाद पार्क, नॉलेज हब और श्रावस्ती में बौद्ध म्यूजियम विकसित बनाया जा रहा है. साथ ही वित्त मंत्रालय की ‘म्यूजियम एंड हेरिटेज क्लस्टर फेज-1’ से कानपुर के 1857 स्वतंत्रता संग्राम के स्थलों, सुल्तानपुर-फर्रुखाबाद के नवाबगंज मंदिर और चित्रकूट के मां कामाक्षी देवी मंदिर का विकास किया जा रहा है. हरदोई में 268 लाख की एकीकृत परियोजना पूरी हो रही है. साथ ही मुख्यमंत्री के विजन के मुताबिक विभाग की तरफ से विकसित की जा रहीं होम स्टे योजना से स्वरोजगार बढ़ा है, जबकि ग्रामीण पर्यटन से लोक गीत-संगीत, व्यंजन और परंपराओं का प्रचार हो रहा है. योगी सरकार के प्रयासों से उत्तर प्रदेश अब टूरिज्म का ग्लोबल सेंटर बन कर उभर रहा है. यहां के धार्मिक, सांस्कृतिक और ऐतिहासिक स्थलों का जो कायाकल्प हुआ है वो दुनियाभर के पर्यटकों का सबसे बड़ा अट्रैक्शन बना है. ये न सिर्फ प्रदेश में आर्थिक उन्नति ला रहा, बल्कि सांस्कृतिक विरासत को भी संरक्षित कर रहा है.
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