यूपी में संभल हिंसा के मास्टर माइंड शारिक साठा पर पुलिस ने शिकंजा कस दिया है. अधिकारियों ने शारिक सत्ता के करोड़ों के आवास और संपत्ति को कुर्क कर लिया.
Sambhal Violence: यूपी में संभल हिंसा के मास्टर माइंड शारिक साठा पर पुलिस ने शिकंजा कस दिया है. अधिकारियों ने शारिक साठा के करोड़ों के आवास और संपत्ति को कुर्क कर लिया. पुलिस ने शारिक को 24 नवंबर, 2024 को संभल में हुई हिंसा का मुख्य साजिशकर्ता बताया है. अदालत द्वारा उसकी संपत्ति की कुर्की का वारंट जारी करने के बाद यह कार्रवाई की गई. मालूम हो कि 19 नवंबर 2024 को संभल में तनाव का माहौल था, जब अदालत के आदेश पर शाही जामा मस्जिद का सर्वेक्षण किया गया था. यह सर्वेक्षण इस दावे के बाद किया गया था कि पहले इस स्थान पर हरिहर मंदिर था. 24 नवंबर को सर्वेक्षण के दूसरे चरण के दौरान प्रदर्शनकारी स्थानीय लोगों और सुरक्षाकर्मियों के बीच झड़प हुई, जिसमें चार लोगों की मौत हो गई और दर्जनों लोग घायल हो गए. अधिकारियों ने बताया कि भारी पुलिस बल की तैनाती के बीच नखासा पुलिस थाना क्षेत्र के दीपा सराय इलाके में स्थित शारिक साठा के घर पर कुर्की की कार्रवाई की गई.
अदालत ने घोषित किया है भगोड़ा
संभल तहसीलदार धीरेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि फरार आरोपी के खिलाफ अदालत के आदेशों का पालन करते हुए भारतीय न्याय संहिता की धारा 84 के तहत कार्रवाई की गई है. कुर्की के दौरान जिला पुलिस बल और राजस्व विभाग की टीमें मौके पर मौजूद थीं. अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (उत्तर) कुलदीप सिंह ने बताया कि संभल हिंसा मामले से संबंधित कानूनी कार्रवाई के तहत अदालत ने शारिक साठा की चल और अचल संपत्तियों की कुर्की के वारंट जारी किए थे. एएसपी ने कहा कि चार पुलिस थानों और प्रांतीय सशस्त्र कांस्टेबुलरी (पीएसी) की एक प्लाटून तैनात की गई थी. हम उससे जुड़ी अन्य संपत्तियों का भी सत्यापन कर रहे हैं. उन्होंने बताया कि हिंदूपुरा खेड़ा निवासी शारिक साठा को निर्धारित समय के भीतर अदालत में पेश न होने पर धारा 84 के तहत भगोड़ा घोषित कर दिया गया था, जिसके बाद कुर्की वारंट जारी किए गए थे.
मददगारों को भी तलाश रही पुलिस
पुलिस अधीक्षक कृष्ण कुमार बिश्नोई ने पीटीआई को बताया कि पुलिस ने मंगलवार को सत्ता के घर को कुर्क कर लिया. उन्होंने कहा कि उसके सहयोगियों से पूछताछ के बाद उसकी संपत्ति और स्थान का पता लगाने के लिए आगे की कार्रवाई की जा रही है. पुलिस ने बताया कि सत्ता लंबे समय से फरार है. उसे पकड़ने के लिए कई छापे मारे गए हैं, लेकिन वह अभी तक पकड़ में नहीं आया है. अधिकारियों ने बताया कि इससे पहले उसके खिलाफ गैर-जमानती वारंट सहित कई वारंट जारी किए गए थे, जिसके बाद अदालत ने उसकी संपत्ति जब्त करने का आदेश दिया था. पुलिस ने साठा को बड़े पैमाने पर वाहन चोरी में शामिल कुख्यात ऑटो-लिफ्टर बताते हुए संभल हिंसा में मुख्य आरोपी बताया है, जिसमें उसके खिलाफ कई मामले दर्ज किए गए हैं. एसपी बिश्नोई ने कहा कि पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि फरार आरोपी को कौन सहायता प्रदान कर रहा है और वह इतने लंबे समय तक गिरफ्तारी से कैसे बच रहा है. पुलिस को संदेह है कि वह विदेश भाग गया होगा.
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News Source: Press Trust of India (PTI)
