Bomb Blast Threat: देश के अलग-अलग राज्यों में ई-मेल के जरिए बम ब्लास्ट की धमकी देने वाले मामले में अहमदाबाद पुलिस को बड़ी सफलता मिली है.
- अहमदाबाद से निकुल पटेल की रिपोर्ट
Bomb Blast Threat: देश के अलग-अलग राज्यों में स्कूलों, मेट्रो रेल और सरकारी संस्थानों को ई-मेल के जरिए बम ब्लास्ट की धमकी देने वाले मामले में अहमदाबाद पुलिस को बड़ी सफलता मिली है. अहमदाबाद साइबर क्राइम ब्रांच और क्राइम ब्रांच की संयुक्त कार्रवाई में पश्चिम बंगाल से एक आरोपी को गिरफ्तार किया गया है. आरोपी डार्क वेब के जरिए हैक किए गए ई-मेल आईडी बेचता था और उसी आईडी का इस्तेमाल धमकी भरे मेल भेजने में किया जाता था. देशभर में बम धमकी वाले ई-मेल से मची दहशत के बीच अहमदाबाद पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए एक मुख्य आरोपी को गिरफ्तार किया है. आरोपी देश के कई राज्यों गुजरात, दिल्ली, पंजाब, हरियाणा, महाराष्ट्र, असम और उत्तर प्रदेश में स्कूलों और सरकारी संस्थानों को ई-मेल के जरिए बम धमकी भेजने की साजिश में शामिल था. अहमदाबाद में भी इस तरह के मेल किये गए थे जिसके बाद अहमदाबाद साइबर क्राइम ब्रांच ने तकनीकी जांच शुरू की.
200 जीमेल आईडी और डेटा बरामद
ई-मेल की डिजिटल ट्रेल खंगालते हुए पुलिस को कनेक्शन पश्चिम बंगाल के नॉर्थ 24 परगना जिले तक मिला. साइबर टीम तुरंत पश्चिम बंगाल पहुंची और स्थानीय पुलिस की मदद से 30 वर्षीय आरोपी सौरव उर्फ माइकल को गिरफ्तार कर लिया. जांच में सामने आया है कि आरोपी ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के जरिए अवैध डिजिटल सेवाओं की बिक्री करता था. वह डार्क वेब से लीक या हैक किए गए ई-मेल अकाउंट, सोशल मीडिया अकाउंट और अन्य डिजिटल अकाउंट खरीदकर उनमें बदलाव कर दोबारा बेचता था. आरोपी की वेबसाइट पर जीमेल अकाउंट, बैंक अकाउंट, व्हाट्सएप, टेलीग्राम, फेसबुक और इंस्टाग्राम अकाउंट जैसी सेवाएं 1 से 5 डॉलर में बेची जाती थीं और भुगतान क्रिप्टोकरेंसी के जरिए लिया जाता था. इन्हीं ई-मेल आईडी का इस्तेमाल देशभर में बम धमकी भेजने के लिए किया गया. पुलिस ने आरोपी के कब्जे से कुछ चीजें भी जब्त की हैं जिसे आरोपी ने धमकी भरे मेल करने के लिए इस्तेमाल किया था.
अब बांग्लादेशी लिंक की भी जांच
साइबर क्राइम अहमदाबाद ने 3 CPU,5 हार्ड डिस्क,3 मोबाइल फोन,1 इंटरनेट राउटर को जब्त कर आगे की तलाश शुरू की है. इसके अलावा पुलिस को करीब 200 जीमेल आईडी और उनके पासवर्ड का डेटा भी बरामद हुआ है. जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी ने कुछ ई-मेल आईडी बांग्लादेश के एक व्यक्ति को बेची थी. अब इस मामले में बांग्लादेश कनेक्शन की भी जांच की जा रही है. आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की विभिन्न धाराओं के साथ आईटी एक्ट की गंभीर धाराओं में मामला दर्ज किया गया है. कोर्ट से आरोपी के 10 दिन के पुलिस रिमांड की मंजूरी भी मिल चुकी है. यह आरोपी डार्क वेब के माध्यम से हैक किए गए ई-मेल अकाउंट बेचता था. उन्हीं अकाउंट का इस्तेमाल कर देशभर में बम धमकी भेजी गई. जांच अभी जारी है और अन्य आरोपियों की तलाश की जा रही है. फिलहाल पुलिस पूरे नेटवर्क को खंगालने में जुटी है. इस मामले में और भी गिरफ्तारियां हो सकती हैं.
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