चुनाव आयोग राष्ट्रीय मतदाता दिवस (25 जनवरी) पर बिहार में चुनाव के दौरान उत्कृष्ट कार्य करने वाले अधिकारियों को सम्मानित करेगा.
Election Commission: चुनाव आयोग राष्ट्रीय मतदाता दिवस (25 जनवरी) पर बिहार में चुनाव के दौरान उत्कृष्ट कार्य करने वाले अधिकारियों को सम्मानित करेगा. चुनाव आयोग (EC) ने बिहार में चुनाव प्रबंधन और मतदाता जागरूकता के लिए ‘सर्वश्रेष्ठ चुनाव जिला पुरस्कार-2025, विशेष पुरस्कार और मीडिया पुरस्कार’ के तहत वरिष्ठ अधिकारियों और जिलों को सम्मानित करने का फैसला किया है. वर्ष 2011 से प्रत्येक वर्ष 25 जनवरी को मनाए जाने वाले राष्ट्रीय मतदाता दिवस पर अधिकारियों को ये पुरस्कार प्रदान किए जाएंगे. वरिष्ठ अधिकारियों और चयनित जिलों को विभिन्न श्रेणियों में पुरस्कृत किया जाएगा. बिहार के जिन वरिष्ठ अधिकारियों को “विशेष पुरस्कार श्रेणी” में पुरस्कारों के लिए चुना गया है, उनमें राज्य के मुख्य निर्वाचन अधिकारी (सीईओ) विनोद सिंह गुंजियाल (आईएएस), तत्कालीन अतिरिक्त महानिदेशक (एडीजी) मुख्यालय और राज्य पुलिस नोडल अधिकारी कुंदन कृष्णन (आईपीएस, जिन्हें अब डीजी के रूप में पदोन्नत किया गया है), उप महानिरीक्षक (डीआईजी) आर्थिक अपराध इकाई (ईओयू) और चुनाव के लिए नोडल अधिकारी मानवजीत सिंह ढिल्लों (आईपीएस) शामिल हैं.
पांच जिले भी होंगे सम्मानित
इन सभी अधिकारियों को उनके प्रभावी नेतृत्व और समन्वय के लिए सम्मानित किया गया है. इन पुरस्कार विजेताओं के साथ-साथ राज्य के पांच जिलों पूर्वी चंपारण, पूर्णिया, पटना, समस्तीपुर और मधुबनी को “सर्वश्रेष्ठ चुनावी जिला पुरस्कार” श्रेणी के लिए चुना गया है. इन पांच जिलों के जिला निर्वाचन अधिकारियों को चुनावी प्रक्रिया को सुचारु रूप से संचालित करने, नवाचार दिखाने और मतदाता भागीदारी बढ़ाने के प्रयासों के लिए सम्मानित किया जाएगा. इसी अवसर पर सीईओ कार्यालय की मीडिया टीम को राष्ट्रीय मतदाता दिवस 2026 सर्वश्रेष्ठ सोशल मीडिया टीम पुरस्कार के लिए चुना गया है. राज्य के तत्कालीन सोशल मीडिया नोडल अधिकारी कपिल शर्मा को इस पुरस्कार के लिए नामांकित किया गया है. विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) अभियान के दौरान बिहार की सोशल मीडिया टीम ने मतदाताओं और चुनावी प्रक्रिया से जुड़े सभी हितधारकों को सटीक, प्रामाणिक और समय पर जानकारी प्रभावी ढंग से पहुंचाई.
25 जनवरी को मिलेगा विशेष पुरस्कार
चुनाव आयोग द्वारा दिया गया यह सम्मान बिहार के सशक्त चुनाव प्रबंधन और नवाचार-आधारित संचार रणनीति की राष्ट्रीय स्तर पर मान्यता के रूप में देखा जा रहा है. राष्ट्रीय मतदाता दिवस हर साल 25 जनवरी को मनाया जाता है, जो चुनाव आयोग की स्थापना का प्रतीक है. मालूम हो कि 1950 में इसी दिन चुनाव आयोग की स्थापना हुई थी. इस दिवस का मुख्य उद्देश्य मतदाता पंजीकरण को प्रोत्साहित करना, सुगम बनाना और अधिकतम करना है, विशेष रूप से नए मतदाताओं को. साथ ही साथ अधिक से अधिक युवा मतदाताओं को राजनीतिक प्रक्रिया में भाग लेने के लिए प्रोत्साहित करना है. इस दौरान सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर प्रसारित भ्रामक और झूठी सूचनाओं का व्यवस्थित, त्वरित और तथ्यात्मक रूप से खंडन किया गया. 2025 में बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान मतदाता जागरूकता गतिविधियों को योजनाबद्ध तरीके से लागू किया गया, जिससे सभी योगदानकर्ताओं और हितधारकों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित हुई. इस प्रकार चुनावी प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी, विश्वसनीय और मतदाता केंद्रित बनाया गया.
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News Source: Press Trust of India (PTI)
