No Confidence Motion : सदन में अविश्वास प्रस्ताव पर चल रही बहस के दौरान प्रियंका गांधी और किरेन रिजिजू के बीच खूब बहस हुई. प्रियंका ने कहा कि जिन लोगों पंडित नेहरू की जमकर आलोचना की वह आज उनके प्रशंसक बन गए.
No Confidence Motion : लोकसभा स्पीकर ओम बिरला के खिलाफ लोकसभा में लाए गए अविश्वास प्रस्ताव पर चर्चा के दौरान प्रियंका गांधी वाड्रा और अल्पसंख्यक मंत्री किरेन रिजिजू आमने सामने आ गए. प्रियंका ने बहस के दौरान पूर्व प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू को कोट करने के लिए केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू पर निशाना साधा. उन्होंने कहा कि जो लोग दिन रात पंडित नेहरू की आलोचना करते हैं, वे अब उनकी बातों का हवाला दे रहे हैं. बहस में दखल देते हुए रिजिजू ने 1954 में तत्कालीन स्पीकर जीवी मावलंकर को हटाने के प्रस्ताव पर बहस के दौरान नेहरू की बातों का हवाला दिया.
किरेन रिजिजू ने सदन में नेहरू के हवाले कहा कि मैं सामने बैठे सभी माननीय सदस्य, जिन्होंने इस प्रस्ताव पर साइन किया है और जिन्होंने अपनी ड्यूटी के तहत इसका समर्थन किया है. उन लोगों से गुजारिश करूंगा कि वे उस चीज को पढ़ें जिस पर उन्होंने साइन किए हैं. मैं उनसे कहना चाहूंगा कि उन्होंने बुरी चीज पर साइन किए हैं. मुझे शक है कि उन लोगों ने साइन करने से पहले इसको गंभीरता के साथ पढ़ा होगा. साथ ही अगर वह इसे और ध्यान से पढ़ते तो वे उस डॉक्यूमेंट पर साइन करने से पहले सौ बार हिचकिचाते.
सिर्फ उनकी बुराई करते हैं : प्रियंका
अपनी बात को आगे बढ़ाते हुए रिजिजू ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि इस सदन में अगर प्रियंका गांधी प्रतिपक्ष नेता होती तो पार्टी का प्रदर्शन काफी बेहतर होता. लेकिन प्रियंका गांधी वहां बैठकर हंस रही है. इस पर प्रियंका ने कहा कि रिजिजू ने कहा मैं हंस रही थीं. मैं यहां पर साफ कर देना चाहती हूं कि मैं इसलिए हंस रही थी क्योंकि जिनकी वे रात-दिन बुराई करते रहते हैं यानी पंडित नेहरू की, उन्होंने अपने तर्क के लिए उनको एक कोट में इस्तेमाल किया.
अचानक नेहरू का सम्मान करने लगे
वायनाड की सांसद ने कहा कि नेहरू की आलोचना करने वाले पंडित नेहरू का सम्मान करने लगे हैं और खास बात यह रही कि डेमोक्रेसी को मजबूत करने के लिए उन्हें कोट किया. कांग्रेस नेता ने आगे कहा कि इस देश में एक ही नेता है जो सरकार के सामने नहीं झुका और वह राहुल गांधी. उन्होंने कहा कि विपक्ष के नेता इस सदन में बिना किसी झिझक के सच बोलते हैं और सत्ता पक्ष की बेंच पर बैठे लोग उस सच को अभी तक पचा नहीं पा रहे हैं.
इसके बाद सदन के बाहर मीडिया से बात करते हुए प्रियंका ने आरोप लगाया कि बीजेपी ने लोकतांत्रिक संस्थानों को बर्बाद कर दिया है. लेकिन विपक्ष इन संस्थानों को बचाने के लिए सड़क से लेकर संसद को लगातार लड़ाई करता रहेगा. उन्होंने कहा कि विपक्ष को इस प्रस्ताव लाने की जरूरत इसलिए थी क्योंकि सरकार ने बिरला पर दबाव डाला और उनकी आजादी में रुकावट डाली.
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News Source: PTI
