Jharkhand Civic Elections: भाजपा समर्थित रोशनी खलखो ने शुक्रवार को रांची नगर निगम के मेयर पद पर जीत हासिल की, जबकि कांग्रेस समर्थित सुधा गुप्ता जमशेदपुर में मानगो नगर निगम की मेयर चुनी गईं.
Jharkhand Civic Elections: भाजपा समर्थित रोशनी खलखो ने शुक्रवार को रांची नगर निगम के मेयर पद पर जीत हासिल की, जबकि कांग्रेस समर्थित सुधा गुप्ता जमशेदपुर में मानगो नगर निगम की मेयर चुनी गईं. खलखो ने अपने निकटतम कांग्रेस समर्थित प्रतिद्वंद्वी रमा खलखो को 14,363 मतों से हराया. रोशनी खलखो ने कहा कि मैं रांची के लोगों को उनके प्यार और समर्थन के लिए धन्यवाद देती हूं. मैं शहर के विकास के लिए कोई कसर नहीं छोड़ूंगी. मेयर पद के लिए कुल 11 उम्मीदवार मैदान में थे. सभी 53 वार्ड पार्षदों के नतीजे भी घोषित कर दिये गये हैं. मानगो नगर निगम में झारखंड के पूर्व स्वास्थ्य मंत्री बन्ना गुप्ता की पत्नी कांग्रेस समर्थित सुधा गुप्ता ने भाजपा समर्थित संध्या सिंह को 18,602 वोटों से हराया. हजारीबाग नगर निगम में पत्रकार अरविंद राणा ने अपने निकटतम कांग्रेस समर्थित प्रतिद्वंद्वी सरफराज को 4,657 वोटों से हराकर मेयर पद जीता.
मेदिनीनगर के मेयर बने अरुणा शंकर
राज्य चुनाव आयोग के सचिव राधे श्याम प्रसाद ने कहा कि झारखंड में 48 शहरी स्थानीय निकायों (यूएलबी) के चुनावों के लिए वोटों की गिनती शुक्रवार सुबह से जारी थी. आदित्यपुर में भाजपा समर्थित संजय सरदार ने झामुमो समर्थित भुगलू सोरेन को 7,795 वोटों से हराकर मेयर पद पर जीत हासिल की. पलामू जिले के मेदिनीनगर में भाजपा समर्थित अरुणा शंकर ने कांग्रेस समर्थित नम्रता त्रिपाठी को 3,122 वोटों से हराकर लगातार दूसरी बार मेयर पद का चुनाव जीता. शंकर को 24,169 वोट मिले, जबकि त्रिपाठी को 21,047 वोट मिले. झामुमो समर्थित पूनम सिंह 12809 वोट के साथ तीसरे स्थान पर रहीं. उन्हें कुल 24,169 वोट मिले, जबकि त्रिपाठी को 21,047 वोट मिले. झामुमो समर्थित उम्मीदवार पूनम सिंह 12,809 वोटों के साथ तीसरे स्थान पर रहीं. नतीजों की घोषणा के बाद भाजपा समर्थकों में जश्न मनाया. गिरिडीह नगर निगम में झामुमो समर्थित प्रमिला मेहरा ने 38,091 वोट हासिल कर मेयर पद पर जीत हासिल की. उन्होंने बीजेपी समर्थित डॉ. शैलेन्द्र कुमार चौधरी को 14,599 वोटों से हराया. चौधरी को 23,482 वोट मिले.
महापौर और अध्यक्ष के लिए 562 उम्मीदवार थे मैदान में
देवघर नगर निगम में झामुमो समर्थित रवि राउत ने 24,719 वोट हासिल कर अपनी निकटतम प्रतिद्वंद्वी रीता चौरसिया को 5,148 वोटों से हराया. चौरसिया को 19,571 वोट मिले. पार्षदों और महापौरों या अध्यक्षों के चुनाव के लिए क्रमशः दो रंगों के मतपत्रों – सफेद और गुलाबी का उपयोग करके मतदान किया गया था. निकाय चुनाव राजनीतिक दलों के चुनावी चिह्नों पर नहीं लड़े गए, लेकिन उम्मीदवारों को राजनीतिक दलों का समर्थन प्राप्त था. चुनाव 23 फरवरी को हुए थे, जिसमें कुल 43 लाख मतदाताओं में से 63 प्रतिशत से अधिक ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया था. 48 यूएलबी में महापौर और अध्यक्ष के पदों और नौ नगर निगमों, 20 नगर परिषदों और 19 नगर पंचायतों के 1,042 वार्डों में पार्षदों के लिए चुनाव हुए. 48 यूएलबी में 1,087 वार्ड हैं, लेकिन 1,042 में चुनाव हुए क्योंकि 41 पार्षद निर्विरोध चुने गए. कोई नामांकन प्राप्त नहीं होने के कारण तीन वार्ड खाली रह गए, जबकि एक उम्मीदवार की मृत्यु के बाद मानगो नगर निगम के एक वार्ड में मतदान रद्द कर दिया गया. महापौर और अध्यक्ष पद के लिए 235 महिलाओं सहित 562 उम्मीदवार मैदान में थे, जबकि 2,727 महिलाओं सहित 5,562 उम्मीदवारों ने वार्ड पार्षदों के लिए चुनाव
लड़ा था.
ये भी पढ़ेंः शराब घोटाले में बरी होने के बाद केजरीवाल ने किया शक्ति प्रदर्शन, PC में साधा मोदी-शाह पर निशाना
News Source: PTI
