Bengaluru AI Innovation: देश में कर्नाटक की राजधानी बेंगलुरु को ‘भारत की सिलिकॉन वैली’ कहते हैं क्योंकि यहां देश के प्रमुख सॉप्टवेयर और आईटी हब हैं. इसे देश की आईटी राजधानी भी कहा जाता है. आईटी के क्षेत्र में आगे बढ़ते हुए इस शहर ने अब पूरे एशिया में एक खास उपलब्धि हासिल की है.
मिली जानकारी के अनुसार, कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) इनोवेशन के मामले में बेंगलुरु एशिया में दूसरा स्थान प्राप्त किया है. इसकी जानकारी कर्नाटक सरकार ने दी है. आइए जानते हैं पूरी खबर.
क्या कहती है GSER 2026 की रिपोर्ट?
न्यूज एजेंसी पीटीआई की एक रिपोर्ट के मुताबिक, कर्नाटक सरकार ने ग्लोबल स्टार्टअप इकोसिस्टम रिपोर्ट (GSER) 2026 के अनुसार कहा है कि बेंगलुरु ने एआई इनोवेशन में एशिया में दूसरा स्थान हासिल किया है. इसके साथ ही परफॉर्मेंस, रिसर्च एवं विकास के मामले में ग्लोबल टॉप 10 में प्रवेश किया है.
स्टार्टअप इकोसिस्टम इंडेक्स में ग्लोबल स्तर पर 15वें स्थान पर रहने वाला बेंगलुरु, भारत के अग्रणी स्टार्टअप हब के रूप में अपनी स्थिति को और मजबूत कर रहा है. इसके इकोसिस्टम का मूल्य 152.8 बिलियन अमेरिकी डॉलर है.
कर्नाटक सरकार और कर्नाटक डिजिटल इकोनॉमी मिशन (KDEM) ने स्टार्टअप जीनोम के साथ साझेदारी में, विवाटेक पेरिस में जारी की गई रिपोर्ट के प्रमुख निष्कर्षों की घोषणा की है.
बेंगलुरु अब सिर्फ भारत की स्टार्टअप राजधानी नहीं- आईटी मंत्री
कर्नाटक के सूचना एवं संचार प्रौद्योगिकी मंत्री (आईटी मंत्री) प्रियांक खड़गे ने कहा, “बेंगलुरु-कर्नाटक अब सिर्फ भारत की स्टार्टअप राजधानी नहीं रह गया है; यह तेजी से वैश्विक डीपटेक और एआई इनोवेशन केंद्र बनता जा रहा है. स्टार्टअप जीनोम द्वारा मिली यह मान्यता प्रतिभा, अनुसंधान, उद्यमिता और उभरती प्रौद्योगिकियों में हमारे दीर्घकालिक निवेश को प्रमाणित करती है.”
एआई फंडिंग में औसत से अधिक मजबूत वृद्धि
वहीं, बेंगलुरु की इस उपलब्धि पर कर्नाटक आईटी और बीटी विभाग की एक आधिकारिक विज्ञप्ति में कहा गया, “यह निष्कर्ष ग्लोबल एआई नजरिये में बेंगलुरु-कर्नाटक के बढ़ते प्रभाव को रेखांकित करता है. एशिया के दूसरे सबसे बड़े एआई-आधारित स्टार्टअप इकोसिस्टम के रूप में स्थान प्राप्त यह क्षेत्र प्रतिभा, अनुसंधान, उद्यमिता और वेंचर कैपिटल में अपनी ताकत को लगातार बढ़ा रहा है.”
इसमें यह भी कहा गया है कि इस इकोसिस्टम ने प्रारंभिक चरण के एआई फंडिंग में औसत से अधिक मजबूत वृद्धि दर्ज की है, जो भारत के एआई भविष्य को आकार देने में कर्नाटक की भूमिका को मजबूत करती है. विभाग के अनुसार, ये रैंकिंग भारत के बढ़ते इनोवेशन के प्रभाव को उजागर करती हैं, जिसमें छह भारतीय इकोसिस्टम को ग्लोबल लेवल पर स्थान दिया गया है.
बता दें कि जीएसईआर 2026 इकोसिस्टम रैंकिंग छह प्रमुख सफलता कारकों में भारित समग्र इंडेक्स पर आधारित है. इनमें शामिल हैं- परफॉर्मेंस (27.5 प्रतिशत), फंडिंग (20 प्रतिशत), बाजार पहुंच (20 प्रतिशत), प्रतिभा और अनुभव (17.5 प्रतिशत), एआई-नेटिव क्लस्टर (10 प्रतिशत), और अनुसंधान एवं विकास इंजन (5 प्रतिशत).
HCL के राजस्व में हुई बढ़ोतरी, कंपनी के CEO बोले- क्लाउड माइग्रेशन और जेनएआई परियोजनाएं जोर पकड़ रही
News Source: PTI
