Rupee vs Dollar: पश्चिम एशिया में जारी तनाव अब खत्म हो गया है. इसको लेकर अमेरिका, ईरान और मध्यस्थता कर रहे पाकिस्तान की ओर से बड़ी जानकारी दी गई है. 15 जून को अमेरिकी प्रेसिडेंट डोनाल्ड ट्रंप ने ट्रूथ सोशल पर कहा, “इस्लामिक रिपब्लिक ऑफ ईरान के साथ समझौता अब पूरा हो गया है. सभी को बधाई!” उन्होंने यह भी बताया कि यह शानदार डील पूरे इलाके में शांति और सुरक्षा लाएगी. शुक्रवार को डील पर हस्ताक्षर किया जाएगा.
ईरान-यूएस डील के बीच भारतीय करेंसी रुपये को फायदा हुआ है. इस समझौते के बाद कच्चे तेल की कीमत में प्रति बैरल करीब 3 डॉलर की गिरावट आई है. वहीं, भारतीय रुपया डॉलर के मुकाबले पहले से अधिक मजबूत हो गया है. एक समय था जब एक डॉलर करीब 97 रुपये के बराबर होता था, अब एक डॉलर 95 रुपये से भी कम कीमत का हो गया है.
एक डॉलर बराबर 94.60 रुपया
सोमवार को अंतरबैंक विदेशी मुद्रा बाजार में, रुपया अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 94.70 पर खुला. उसके बाद यह बढ़कर 94.60 पर पहुंच गया, जो पिछले बंद भाव से 58 पैसे अधिक है. मालूम हो कि बीते कारोबारी सत्र यानी कि शुक्रवार को रुपया डॉलर के मुकाबले 67 पैसे बढ़कर 95.18 पर बंद हुआ था. डॉलर के मुकाबले रुपये में यह लगातार दूसरी तेजी है. वहीं, डॉलर इंडेक्स, जो छह करेंसियों की एक टोकरी के मुकाबले डॉलर की मजबूती को मापता है, 0.22 प्रतिशत की गिरावट के साथ 99.53 पर कारोबार कर रहा था.
रुपये में और भी आएगी मजबूती- एक्सपर्ट
न्यूज एजेंसी पीटीआई के अनुसार, विदेशी मुद्रा व्यापारियों का कहना है कि भारतीय शेयर बाजारों में दिन की मजबूत शुरुआत और कमजोर अमेरिकी डॉलर ने भारतीय करेंसी को और मजबूती प्रदान की है. वहीं, एक्सपर्ट और जियोजित इन्वेस्टमेंट्स लिमिटेड के मुख्य निवेश रणनीतिकार वीके विजयकुमार ने कहा, “आज रुपये की चाल पर अमेरिका और ईरान के बीच हुए शांति समझौते और उसके परिणामस्वरूप ब्रेंट क्रूड की कीमतों में आई भारी गिरावट का महत्वपूर्ण प्रभाव पड़ेगा. इसका मतलब यह है कि वित्त वर्ष 2027 के लिए भारत की भुगतान संतुलन की समस्या अब कोई गंभीर मुद्दा नहीं है.”
उन्होंने आगे कहा, “रुपये ने 20 मई को डॉलर के मुकाबले 96.96 के निचले स्तर से मजबूती हासिल करना शुरू किया. आज भी यह मजबूती जारी रहेगी और रुपया 94.80 से 94.60 के दायरे में कारोबार कर सकता है. साथ ही आने वाले दिनों में इसमें और मजबूती आने की संभावना है.”
News Source: PTI
