Suresh Rathore Arrested: पुलिस ने सोमवार को बताया कि अंकिता भंडारी मर्डर केस में BJP के पूर्व MLA सुरेश राठौड़ को गिरफ्तार किया गया है. यह गिरफ्तारी एक वायरल ऑडियो-वीडियो क्लिप में ‘VIP’ का नाम कथित तौर पर लेने से जुड़ी है. सुपरिटेंडेंट ऑफ पुलिस (सिटी) प्रमोद कुमार ने बताया कि राठौड़ को हरिद्वार के बुग्गावाला में उनके ऑफिस से हिरासत में लिया गया और देहरादून के डालनवाला पुलिस स्टेशन लाया गया, जिसके बाद उन्हें ऑफिशियली गिरफ्तार कर लिया गया.
चार में से दो FIR रद्द
यह घटनाक्रम राठौड़ की तीन दिन पहले की गई एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के बाद हुआ है, जिसमें उन्होंने कहा था कि उत्तराखंड हाई कोर्ट ने उनके खिलाफ बहादराबाद और झबरेड़ा पुलिस स्टेशनों में दर्ज चार FIR में से दो को रद्द कर दिया है. सोशल मीडिया पर आपत्तिजनक ऑडियो और वीडियो क्लिप के कथित सर्कुलेशन को लेकर राठौड़ के खिलाफ FIR दर्ज की गई थीं. राठौड़ ने कहा था कि डालनवाला और नेहरू कॉलोनी पुलिस स्टेशनों में दर्ज बाकी दो मामलों की जांच अभी भी चल रही है और उन्होंने कहा कि वह अधिकारियों के साथ पूरा सहयोग कर रहे हैं. उत्तराखंड हाई कोर्ट ने 4 जून को इस मामले में राठौड़ के खिलाफ फाइल की गई चार FIR में से दो को रद्द कर दिया था. हालांकि, जस्टिस राकेश थपलियाल की सिंगल बेंच ने बाकी दो FIR में पुलिस जांच जारी रखने की इजाजत दे दी थी.
“छवि खराब करने के लिए रची गई साजिश”
शिकायत करने वाले दुष्यंत गौतम और आरती गौर ने कहा कि सोशल मीडिया पर सर्कुलेट की गई सामग्री जानबूझकर उनकी रेप्युटेशन खराब करने के मकसद से बनाई गई थी. BJP के नेशनल जनरल सेक्रेटरी और उत्तराखंड इंचार्ज गौतम को राठौड़ ने कथित तौर पर मामले के संबंध में पब्लिक की गई क्लिप में “VIP” शख्स बताया था. शुक्रवार को हरिद्वार में रिपोर्टरों से बात करते हुए, पूर्व विधायक ने सोशल मीडिया पर कोई ऑडियो या वीडियो क्लिप जारी करने या पार्टी के सीनियर नेताओं या मुख्यमंत्री के खिलाफ कोई टिप्पणी करने से इनकार किया था. अगर उनके बयानों से किसी को ठेस पहुंची है तो अफसोस जताते हुए, राठौड़ ने आरोप लगाया कि उनके पॉलिटिकल करियर को नुकसान पहुंचाने के लिए एक साजिश रची गई थी.
अंकिता मर्डर केस
शनिवार को, राज्य मंत्री देशराज कर्णवाल ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस की, जिसमें हाई कोर्ट से राहत के बारे में राठौड़ के दावों को “गुमराह करने वाला” बताया गया. बता दें, यह पूरा मामला अंकिता भंडारी हत्याकांड से जुड़ा है. पौड़ी जिले के एक रिसॉर्ट में 19 साल की रिसेप्शनिस्ट अंकिता भंडारी लापता हो गई थी और सितंबर 2022 में उसकी हत्या की पुष्टि हुई. इस घटना के बाद पूरे उत्तराखंड में बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन हुए, जिसके बाद रिसॉर्ट मालिक सहित तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया, जिन्हें बाद में उसकी हत्या के लिए दोषी ठहराया गया. कुछ महीने पहले सहारनपुर की रहने वाली उर्मिला सनावर ने सोशल मीडिया पर कई ऑडियो शेयर किए. उन्होंने आरोप लगाया कि ऑडियो में सुरेश राठौड़ ने हत्याकांड में शामिल एक वीआईपी का नाम लिया है, जो दुष्यंत गौतम है. मामला कोर्ट पहुंचा, दुष्यंत गौतम ने उनकी छवि खराब करने के लिए राठोड़ के खिलाफ मानहानी और आपराधिक मुकदमा किया. इसी मामले में राठौड़ को गिरफ्तार किया गया है.
