Donald Trump News: मिनियापोलिस में एक महिला की कार में हत्या करने के बाद अमेरिका के विभिन्न स्थानों पर प्रदर्शन होने लगे और यह अभी भी जारी है. इसको रोकने के लिए ट्रंप ने धमकी दी है.
अमेरिका में मिनियापोलिस में एक महिला को ICE द्वारी गोली मारकर की हत्या के बाद लोगों ने जमकर प्रदर्शन किया. इसके बाद धीरे-धीरे इस आंदोलन ने पूरे अमेरिका में जोर पकड़ना शुरू कर दिया और लोगों की तरफ से मांग उठने लगी कि ICE को खत्म कर देना चाहिए. मिनेसोटा के मिनियापोलिस शहर में हजारों प्रदर्शनकारी सड़क पर उतर आए और ICE Out For Good के नारे के तहत देश के विभिन्न इलाकों में आंदोलन करना शुरू कर दिया. इसी बीच राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने गुरुवार को इंसरेक्शन एक्ट लागू करने की धमकी दी, जिससे उन्हें मिनियापोलिस में इमिग्रेशन और कस्टम्स एनफोर्समेंट के खिलाफ प्रदर्शन करने वाले के आसपास सेना तैनात करने की इजाजत मिल जाएगी.
कर दूंगा इंसरेक्शन एक्ट लागू
डोनाल्ड ट्रंप की तरफ से यह धमकी उस वक्त सामने आई है जब मिनियापोलिस में बुधवार को एक फेडरल अधिकारी ने फावड़े और झाडू के हैंडल हमले करने वाले के पैर में गोली मार दी थी. इसके बाद शहर में डर और गुस्से का माहौल पैदा हो गया. वहीं, ट्रंप ने राज्य के गवर्नरों की आपत्तियों के बावजूद अमेरिकी सेना को तैनात करने की बात कही और जो अमेरिकी इतिहास में कभी नहीं हुआ. इसके अलावा ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ पर लिखा कि अगर मिनेसोटा के भ्रष्ट राजनेता कानून का पालन नहीं करते हैं और आंदोलनकारियों द्वारा I.C.E. अधिकारियों पर हमला करने से नहीं रोकते हैं तो मैं इंसरेक्शन एक्ट लागू कर दूंगा. उन्होंने यह भी कहा कि मुझसे पहले कई राष्ट्रपतियों ने इसको लागू किया है और मैं महान राज्य में हो रही ऐसी त्रासदी को खत्म कर दूंगा.
मिनियापोलिस की सड़कों पर हुए प्रदर्शन
वहीं, पुलिस चीफ ब्रायन ओ’हारा ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि यह जमावड़ा गैर-कानूनी थी और लोगों को वहां से चले जाना चाहिए. इसके बाद गुरुवार को मामला शांत होने लगा और गुरुवार सुबह तक वहां कम प्रदर्शनकारी और कानून प्रवर्तन अधिकारी मौजूद थे. मिनियापोलिस की सड़कों पर अब प्रदर्शन होना आम हो गया है, खासकर तब से जब 7 जनवरी को एक फेडरल एजेंट ने रेनी गुड को गोली मारकर हत्या कर दी थी. मामले पर डिपार्टमेंट ऑफ होमलैंड सिक्योरिटी का कहना है कि उसने दिसंबर की शुरुआत से राज्य में करीब 2 हजार से ज्यादा गिरफ्तारियां की हैं और वह पीछे हटने का नाम नहीं ले रहे हैं.
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News Source: Press Trust of India (PTI)
