Delhi Protest: एसआईआर और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ जारी विरोध प्रदर्शनों के बीच केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने मंगलवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर INDIA ब्लॉक पर निशाना साधा. गृह मंत्री शाह ने कहा कि गुजरात में तीन नगर निकायों के लिए हुए चुनावों में भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने शानदार जीत हासिल की है. इन दो नगर पालिकाओं और एक नगर निगम की कुल 104 सीटों में से बीजेपी ने 90 सीटों पर जीत दर्ज की है. उन्होंने कहा कि गांधीनगर नगर निगम के चुनाव में भी बीजेपी ने शानदार प्रदर्शन किया और 44 में से 38 सीटों पर जीत हासिल की. आम आदमी पार्टी (AAP) ने सभी 32 सीटों पर चुनाव लड़ा, लेकिन उसके सभी उम्मीदवारों की जमानत जब्त हो गई. अमित शाह ने दावा किया कि गुजरात में मिली यह जीत राज्य के मतदाताओं के रुझान को दर्शाती है और साबित करती है कि वहां के मतदाता नरेंद्र मोदी के साथ मजबूती से खड़े हैं.
कांग्रेस ने 41 सालों से एक भी चुनाव नहीं जीता
दिल्ली में कांग्रेस समेत पूरा विपक्षी गठबंधन लगातार SIR के जरिए चुनाव हेराफेरी का आरोप लगा रही है. साथ ही वह CEC ज्ञानेश कुमार का इस्तीफा भी मांग रही है. इसी बीच गुजरात नगर निगम चुनाव में बीजेपी प्रचंड जीत पर शाह ने विपक्ष को घेरने का काम किया है. केंद्रीय गृह मंत्री ने कहा कि पिछले चुनाव की तुलना में गांधीनगर नगर निगम में बीजेपी का वोट शेयर 10 प्रतिशत बढ़ा है. मैं यह बात साफ करना चाहता हूं कि और खासकर राहुल गांधी को बताना चाहता हूं कि कांग्रेस पार्टी ने 41 सालों में एक भी चुनाव नहीं जीता है. उन्होंने आखिरी चुनाव 1985 में जीता था. तब से उन्हें गुजरात में लगातार हार का सामना करना पड़ा है. उन्होंने आगे कहा कि मैं राहुल से यह भी पूछना चाहता हूं कि क्या यह ‘SIR’ का नतीजा है? आप BJP और पीएम मोदी की लोकप्रियता को ‘SIR’ का कारण बताकर खारिज कर देते हैं. आपको आत्म-मंथन करने की जरूरत है. एक बड़े राज्य में जहां कभी आपकी सत्ता थी, वहां आप 41 सालों में एक भी चुनाव नहीं जीत पाए हैं.यह एक ऐसा मामला है जिस पर उन्हें गंभीरता से आत्म-मंथन करना चाहिए.
’12 साल में पहली बार मजबूत विदेश नीति देखी…’ अमित शाह ने बोला विपक्ष पर हमला; कही ये बात
चुनाव राहुल गांधी के लिए एक सबक
अमित शाह ने यह भी कहते हैं कि हाल ही में पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु और पुडुचेरी में उपचुनाव हुए. मैं आज देश की जनता को बताना चाहता हूं कि क्या यहां पर कांग्रेस पार्टी एक भी सीट नहीं जीत पाई? नौगांव में भारतीय जनता पार्टी के उम्मीदवार ने 1,42,000 वोटों के अंतर से जीत हासिल की. BJP ने यह सीट कांग्रेस पार्टी से छीन ली. नंदीग्राम में BJP उम्मीदवार ने 76 प्रतिशत वोट हासिल किए और 1,22,000 वोटों की भारी बढ़त बनाई. पश्चिम बंगाल के रेजीनगर में BJP 75,000 से ज़्यादा वोटों से जीती और तृणमूल से यह सीट छीन ली. सहयोगी पार्टी AINRC के NDA उम्मीदवार ने 8,482 वोटों से जीत हासिल की. कांग्रेस को केवल 22% वोट मिले. इसके अलावा, भारतीय जनता पार्टी ने राजस्थान में हुए स्थानीय निकाय चुनावों में भी शानदार जीत हासिल की है. BJP ने 90 प्रतिशत नगर निगमों, 66% नगर परिषदों और 65% नगर पालिकाओं में जीत दर्ज की. ये चुनाव राहुल गांधी के लिए एक सबक हैं. मालूम हो कि राजस्थान में 85% से ज़्यादा वार्डों में आम आदमी पार्टी की जमानत जब्त हो गई. मैं राहुल गांधी को यह भी बताना चाहता हूं कि त्रिपुरा में हुए ग्राम समिति चुनावों में NDA ने लगभग 4,000 सीटें जीतीं. इसमें 3,248 सीटें और 900 सीटें शामिल हैं.
त्रिपुरा में 33 सालों से नहीं जीती कांग्रेस
केंद्रीय गृह मंत्री ने यह भी कहा कि जो लोग नतीजों के लिए बैलेट मशीनों को वजह बताते हैं, उनसे मैं कहना चाहता हूं कि ये चुनाव बैलेट पेपर से हुए थे. यह बात उस तर्क को पूरी तरह गलत साबित करती है कि बैलेट मशीनों की वजह से BJP चुनाव जीतती है. त्रिपुरा में 33 सालों से कांग्रेस का कोई मुख्यमंत्री नहीं जीता है. बंगाल में कांग्रेस पार्टी 54 सालों से नहीं जीती है. बंगाल, त्रिपुरा और गुजरात जैसे राज्यों में कांग्रेस पार्टी को तीन, चार या पाँच दशकों तक हार का सामना करना पड़ा है. मैं सीधे तौर पर राहुल गांधी से पूछना चाहता हूं कि क्या यह SIR का नतीजा है? SIR तो 2024 के बाद लागू हुआ. जब से आप कांग्रेस के मुख्य नेता बने, उसके बाद से पार्टी अध्यक्ष और विपक्ष के नेता बने. तब से पार्टी लगातार चुनाव हार रही है.
मयूर विहार से एम्स का सफर होगा आसान : अमित शाह ने किया बारापुला फेज-3 का उद्घाटन
News Source: ANI
