Home Top News 26 दिन बाद सोनम वांगचुक ने तोड़ा अनशन, नड्डा ने पिलाया सूप, PM ने की अपील, क्या प्रधान देंगे इस्तीफा?

26 दिन बाद सोनम वांगचुक ने तोड़ा अनशन, नड्डा ने पिलाया सूप, PM ने की अपील, क्या प्रधान देंगे इस्तीफा?

by Neha Singh 24 July 2026, 7:48 AM IST
24 July 2026, 7:48 AM IST
Sonam Wangchuk Ends Fast

Sonam Wangchuk Ends Fast: सोनम वांगचुक ने अपनी अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल खत्म कर दी है. गुरुवार आधी रात को गुरुग्राम के मेदांता हॉस्पिटल में केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा और जितेंद्र सिंह ने उनसे मुलाकात की और सरकार का भरोसा दिलाया, जिसके बाद उन्होंने अपनी भूख हड़ताल खत्म करने की घोषणा की. वांगचुक ने एक्स पोस्ट में कहा, “अभी केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा, डॉ. जितेंद्र सिंह और लेह लद्दाख की एपेक्स बॉडी के सीनियर नेताओं की मौजूदगी में, मैंने आखिरकार 26 दिनों के बाद अपना भूख हड़ताल तोड़ा.”

शर्तों पर हुई बातचीत

वांगचुक ने कहा कि अलग-अलग राजनीतिक दलों के कुल 65 सांसदों ने उनसे मुलाकात की और उनसे अनशन तोड़ने की अपील की. उन्होंने X पर अपनी पोस्ट में कहा, “यह अलग-अलग शर्तों पर लंबी बातचीत और देश में संभावित हिंसा को देखते हुए किया गया. मैं बहुत जल्द एक अलग वीडियो में शर्तों के बारे में डिटेल में बताऊंगा. इस बीच मैं आप सभी से आग्रह करता हूं कि कहीं भी किसी भी तरह की हिंसा न होने देने दें, बहुत सावधान रहें.”

पीएम मोदी ने की अपील

वांगचुक के भूख हड़ताल खत्म करने की घोषणा के बाद, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक्स पर एक पोस्ट में कहा, “मैं सोनम जी से आग्रह करता हूं कि वे डॉक्टरों की सलाह के अनुसार अपना डेली रूटीन फॉलो करें और जल्द से जल्द अपना वजन वापस पाएं.” प्रधानमंत्री ने आगे कहा, “मैं भगवान से प्रार्थना करता हूं कि सोनम जी स्वस्थ रहें.”

अस्पताल में वांगचुक की पत्नी गीतांजलि अंगमो और दूसरे लोगों की मौजूदगी में नड्डा ने कहा, “सरकार दिल्ली में जंतर-मंतर पर शांति से प्रोटेस्ट करने वालों और 20 जुलाई, 2026 को पार्लियामेंट तक मार्च में हिस्सा लेने वालों के खिलाफ केस दर्ज न करने को लेकर सकारात्मक है.” केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री ने आगे कहा कि सरकार पहले ही पेपर लीक और एग्जाम के लिए एजुकेशन रिफॉर्म पर पार्लियामेंट में चर्चा का भरोसा दे चुकी है. इसके अलावा, सरकार हाल ही में हुए NEET पेपर लीक के सुसाइड विक्टिम्स के लिए सही मुआवजे पर भी विचार कर रही है.

इस्तीफे तक जारी रहेगा आंदोलन

कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने शुक्रवार को कहा कि उन्हें “राहत और शुक्रगुजार” महसूस हो रहा है कि सोनम वांगचुक ने अपनी 26 दिन की भूख हड़ताल खत्म कर दी है, लेकिन उन्होंने कहा कि जंतर-मंतर पर उनका शांतिपूर्ण विरोध तब तक जारी रहेगा जब तक केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान इस्तीफा नहीं दे देते. CJP के फाउंडर अभिजीत दिपके ने वांगचुक को उनकी असाधारण हिम्मत और बलिदान के लिए धन्यवाद दिया. उन्होंने कहा अपनी जान जोखिम में डालकर, आपने पूरे देश की चेतना जगाई. आपकी जान इस देश के लिए बहुत कीमती है.

प्रधान के इस्तीफे की मांग के अलावा, संगठन ने कॉम्पिटिटिव परीक्षाओं में कथित गड़बड़ियों पर जवाबदेही, एजुकेशन सिस्टम में सुधार, कथित NEET पेपर लीक के बाद आत्महत्या करने वाले छात्रों के परिवारों के लिए 1 करोड़ रुपये का मुआवजा और आंदोलन में भाग लेने वाले शांतिपूर्ण प्रदर्शनकारियों के खिलाफ सभी FIR और कानूनी कार्रवाई वापस लेने की मांग की है. सरकार ने इन मांगोंं पर विचार करने का भरोसा तो दिया है. हालांकि सीजेपी अभी भी धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे पर अड़ी हुई है. अभिजीत दिपके ने कहा कि धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे तक जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी का शांतिपूर्ण विरोध जारी रहेगा.

26 दिनों तक की भूख हड़ताल

बता दें, वांगचुक 28 जून को जंतर-मंतर पर CJP के नेतृत्व वाले आंदोलन में शामिल हुए. उन्होंने परीक्षाओं में कथित गड़बड़ियों पर जवाबदेही, एजुकेशन सिस्टम में सुधार और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग करते हुए छात्रों के समर्थन में अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल शुरू की. 18 जुलाई को, दिल्ली पुलिस ने वांगचुक को विरोध स्थल से सफदरजंग अस्पताल में शिफ्ट कर दिया, यह कहते हुए कि उन्हें मेडिकल मदद की जरूरत है. उनकी पत्नी गीतांजलि अंगमो ने दिल्ली हाई कोर्ट में इस कदम को चुनौती दी और कहा कि उन्हें उनकी मर्जी के खिलाफ सरकारी अस्पताल में रखा जा रहा है.

इसके बाद हाई कोर्ट ने उन्हें गुरुग्राम के मेदांता अस्पताल में ट्रांसफर करने में मदद की, जहां उन्होंने अपना अनशन जारी रखा. मेदांता में रहने के दौरान, वांगचुक ने कहा कि वह अपने स्टूडेंट्स और एक टीचर के तौर पर अपने काम पर लौटना चाहते हैं, लेकिन युवा प्रदर्शनकारियों के लिए सुरक्षा उपायों के बिना वह अपना अनशन खत्म नहीं कर सकते. अगले 26 दिनों में उनका लगभग 11 kg वजन कम हो गया. उन्होंने 20 जुलाई के ‘संसद चलो’ मार्च पर पुलिस की कार्रवाई के बावजूद बार-बार आंदोलन को शांतिपूर्ण रखने की अपील की.

दिवंगत छात्रों को किया नमनः राहुल बोले- छात्र खुद को अकेला न समझें, पूरा विपक्ष खड़ा है उनके साथ

News Source: PTI

You may also like

LT logo

Feature Posts

Newsletter

@2026 Live Time. All Rights Reserved.

Are you sure want to unlock this post?
Unlock left : 0
Are you sure want to cancel subscription?