Russo-Ukrainian War : रूस ने एक बार फिर यूक्रेन पर मिसाइलों से हमला किया है. इस हमले में 7 यूक्रेनी नागरिकों की मौत हो गई है और 3 बच्चे समेत 10 लोग गंभीर रूप से घायल हो गए हैं.
Russo-Ukrainian War : यूक्रेन और रूस के बीच जारी जंग के चार साल पूरे हो गए हैं और दूर-दूर तक इसके समाप्त होने के संकेत नहीं दिख रहे हैं. हालांकि, बीच-बीच में अमेरिका की मध्यस्थता में कई दौर की बातचीत हुई है लेकिन कोई भी हल नहीं निकल पाया है. इसी कड़ी में रूस ने शनिवार को यूक्रेन के दूसरे सबसे शहर खार्किव पर मिसाइलों से हमला किया है. यहां पर एक मंजिला इमारत पर रूस की मिसाइल टकराने से 7 लोगों की मौत हो गई है और 3 बच्चे समेत 10 लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं. यूक्रेनी राष्ट्रपति वोलोडिमिर जेलेंस्की ने हमले की निंदा की और इस हमले पर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर जवाब देने की अपील की. उन्होंने कहा कि रूस ने रात भर यूक्रेन पर 29 मिसाइल और 480 ड्रोन से जमकर हमले किए हैं.
7 जगहों को बनाया गया निशाना
जेलेंस्की ने यह भी कहा कि कीव और दूसरे सेंट्रल इलाकों को भी रूस ने अपना निशाना बनाने की कोशिश की है. साथ ही उसने देश भर में करीब 7 जगहों को अपना निशाना बनाया है. शुरुआती जानकारी से पता चला है कि एयर डिफेंस सिस्टम ने 19 मिसाइलों और 453 ड्रोन को मार गिराया, जिसमें 9 मिसाइलों और 26 स्ट्राइक ड्रोन से 22 इलाकों पर रिकॉर्ड दर्ज किए गए हैं. रूसी हमले के बाद खार्किव में इमरजेंसी वर्कर मलबे के ढेर में जिंदा लोगों की तलाश कर रहे हैं और इसके लिए उन्होंने एक अभियान भी चलाया है. इसके अलावा दक्षिणी ओडेसा इलाके में कई ड्रोन से हमले किए गए हैं जिसकी वजह से इंफ्रास्ट्रक्चर को भारी नुकसान पहुंचा है और बहुमंजिला इमारत में भी भीषण आग लग गई. इस आग को बुझाने के लिए 80 फायरफाइटर्स को लगाया गया है.
चार में सबसे ज्यादा ईरानी ड्रोन दागे
वहीं, हमले में रेल इंफ्रास्ट्रक्चर को भी भारी नुकसान पहुंचा है और कई रूट को बदलना पड़ा है. इस पूरे हमले पर जेलेंस्की ने कहा कि जिंदगी पर इस हमले का विरोधियों का जवाब देना होगा. रूस ने यूक्रेन के सिविलियन इलाके और जरूरी इंफ्रास्ट्रक्चर को खत्म करने की अपनी कोशिशें नहीं छोड़ी हैं. यही वजह है कि मदद जारी रहनी चाहिए. उन्होंने आगे कहा कि हम अपने लोगों की ज्यादा सुरक्षा की गारंटी के लिए यूरोपियन के साथ मिलकर काम करने पर भरोसा करते हैं. मैं उन सभी का शुक्रगुजार हूं जो हमारी सुरक्षा को मजबूत करने में मदद करते हुए आए हैं. उन्होंने कहा कि चार साल पहले रूस के हमले के बाद उन्होंने यूक्रेन पर ईरानी डिजाइन वाले शाहेद ड्रोन दागे हैं.
जेलेंस्की ने आगे कहा कि उन्हें मिडिल ईस्ट में ड्रोन से बचाव के लिए अमेरिका की तरफ से मदद की रिक्वेस्ट मिली थी और उन्होंने यूक्रेन एक्सपर्ट्स के साथ इक्विपमेंट देने का ऑर्डर दिया था. मिडिल ईस्ट में चल रहे युद्ध ने दूसरे विश्व युद्ध के बाद यूरोप के सबसे बड़ी जंग से अंतरराष्ट्रीय स्तर से ध्यान हटा लिया और इस हफ्ते होने वाली रूस और यूक्रेन के बीच यूएस की मध्यस्थता में बातचीत के नए राउंड को टालने पर मजबूर कर दिया है.
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News Source: PTI
