Assam Flood Death Toll: असम में बाढ़ ने भारी तबाही मचाई है. जी हां, देश का उत्तर-पूर्वी राज्य असम, आजकल भारी बारिश और बाढ़ की मार झेल रहा है. इससे लाखों की संख्या में लोग प्रभावित हुए हैं. वहीं, मरने वालों की संख्या में भी बढ़ोतरी हुई है. इस बीच बाढ़ से प्रभावित क्षेत्रों का मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा दौरा भी कर रहे हैं.
मिली जानकारी के अनुसार, इस साल असम में बाढ़ से अब तक 87 लोगों की मौत हो चुकी है. ताजा अपडेट के मुताबिक, असम में 380 गांव और 14230 हेक्टेयर से अधिक फसल क्षेत्र जलमग्न पड़े हुए हैं. बीते दिनों केंद्र सरकार ने असम बाढ़ से प्रभावितों की मदद के लिए 370 करोड़ रुपये की सहायता राशि की मंजूरी दी थी.
मरने वालों की संख्या बढ़कर हुई 87
न्यूज एजेंसी की एक रिपोर्ट के अनुसार, सोमवार को जारी एक सरकारी बुलेटिन के मुताबिक, असम में बाढ़ से मरने वालों की संख्या बढ़कर 87 हो गई है, क्योंकि दो और लोगों की मौत की खबर मिली है. साथ ही, सात जिलों में 1.28 लाख से ज्यादा लोग बाढ़ से प्रभावित हुए हैं.
असम राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (ASDMA) ने अपनी रिपोर्ट में कहा कि दोनों मौतें सबसे ज्यादा प्रभावित शिवसागर जिले में हुईं. बाढ़ से जूझ रहे सात जिलों में चराइदेव, शिवसागर, धेमाजी, गोलाघाट, बिस्वनाथ, जोरहाट और लखीमपुर शामिल हैं, जहां 380 गांव और 14,230.148 हेक्टेयर फसल क्षेत्र पानी में डूबे हुए हैं.
75,000 रुपये की राहत राशि
बीते दिनों अधिकारियों ने बताया कि केंद्र सरकार ने राज्य आपदा प्रतिक्रिया कोष (SDRF) के तहत 370 करोड़ रुपये से ज्यादा की मंजूरी दी है. न्यूज एजेंसी की एक रिपोर्ट के मुताबिक, असम में बाढ़ को लेकर अधिकारियों ने सोमवार को बताया कि प्रदेश की सरकार ने बाढ़ प्रभावित परिवारों को लगभग 75,000 रुपये की अंतरिम राहत की पहली किस्त जारी की है.
मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा, जो सबसे अधिक प्रभावित जिलों का दौरा कर रहे हैं, ने डिब्रूगढ़ से अंतरिम राहत की पहली किस्त जारी की. अधिकारियों ने बताया कि शिवसागर, चारियादेव, जोरहाट और गोलाघाट जिले काफी प्रभावित हुए हैं. यहां बुरी तरह क्षतिग्रस्त घरों वाले परिवारों को पहली किस्त में प्रभावित लोगों को दिए जा रहे अन्य लाभों के अलावा प्रति परिवार 15,000 रुपये मिलेंगे. इससे कुल राहत राशि प्रति परिवार 75,000 रुपये हो जाएगी.
प्रशासन चला रहा 38 राहत शिविर
जानकारी के अनुसार, मौत की ताजा रिपोर्ट के साथ, इस साल बाढ़ से मरने वालों की संख्या 87 हो गई है. बाढ़ से प्रभावित 1,28,071 लोगों में से 55,200 शिवसागर में, 34,050 चराइदेव में और 20,209 जोरहाट में थे. रविवार को पांच जिलों में 1.35 लाख से ज्यादा लोग बाढ़ से प्रभावित थे.
प्रशासन 38 राहत शिविर चला रहा था, जिनमें 11,066 विस्थापित लोगों को आश्रय दिया गया था. इसके अलावा 17 राहत वितरण केंद्र भी काम कर रहे थे. गोलाघाट जिले के नुमालीगढ़ में धनसिरी नदी खतरे के निशान से ऊपर बह रही थी.
News Source: PTI
