Gold Treasure Found in Karnataka: कर्नाटक के लक्कुंडी गांव में सोने के आभूषण मिलने से ग्रामीणों में आश्चर्य का ठिकाना न रहा. गांव में एक व्यक्ति अपने घर का निर्माण करा रहा था. इस दौरान निर्माणाधीन मकान में सोने के काफी आभूषण मिले.
कर्नाटक के लक्कुंडी गांव में सोने के आभूषण मिलने से ग्रामीणों में आश्चर्य का ठिकाना न रहा. गांव में एक व्यक्ति अपने घर का निर्माण करा रहा था. इस दौरान निर्माणाधीन मकान में सोने के काफी आभूषण मिले. इस बात की जानकारी धीरे-धीरे पूरे गांव में फैल गई. निर्माणाधीन मकान के पास ग्रामीणों की भीड़ इकट्ठा होने लगी. यह सूचना जब सरकार के पास पहुंची तो कर्नाटक सरकार ने गांव में सुरक्षाबलों की तैनाती करते हुए खजाने की खोज शुरू करा दी. कर्नाटक सरकार ने शुक्रवार को गडग जिले के ऐतिहासिक लक्कुंडी गांव में एक घर के निर्माण के दौरान सोने के आभूषण मिलने के बाद खजाने की खोज शुरू कर दी. लक्कुंडी स्थित कोटे वीरभद्रेश्वर मंदिर परिसर में व्यापक खुदाई का आदेश दिया गया है. यह परियोजना पर्यटन विभाग, पुरातत्व, संग्रहालय और विरासत विभाग, लक्कुंडी विरासत विकास प्राधिकरण और जिला प्रशासन द्वारा संयुक्त रूप से चलाई जा रही है. मंदिर परिसर में खुदाई के लिए जेसीबी मशीनें, ट्रक और ट्रैक्टर मंगवाए गए हैं. खुदाई के लिए 10 मीटर गुणा 10 मीटर का क्षेत्र निर्धारित किया गया है.
लक्कुंडी पर कभी चालुक्य, राष्ट्रकूट, होयसला का था शासन
इस क्षेत्र को खुदाई के लिए अधिसूचित कर दिया गया है. काम में लगे एक अधिकारी ने बताया कि हमने इस काम के लिए 15 महिलाओं और पांच पुरुषों को नियुक्त किया है. लक्कुंडी पर कभी चालुक्य, राष्ट्रकूट, होयसला, कलचुरी और विजयनगर राजाओं का शासन था और यह प्रसिद्ध परोपकारी दानाचिंतामणि अत्तिमाब्बे से जुड़ा हुआ था. पुरातत्व विभाग के सूत्रों के अनुसार, प्राचीन काल में यहीं सोने के सिक्के ढाले जाते थे.निर्माणाधीन मकान में एक लड़के को तांबे का एक छोटा बर्तन मिला, जिसमें 470 ग्राम सोने के आभूषण भरे हुए थे. इस खोज की शुरुआत तब हुई जब लड़के ने ये आभूषण खोज लिए. बताया जाता है कि ये आभूषण करीब 400 साल पुराने हैं. लड़के ने ये खजाना जिला प्रशासन को सौंप दिया, जिसके लिए उसे सम्मानित किया गया.
जमीन के नीचे छिपी हो सकती हैं अपार भौतिक संपदा
अधिकारियों ने बताया कि माना जाता है कि इस क्षेत्र में सोने, चांदी, हीरे, मोती, माणिक, मूंगा और कैट्स आई स्टोन सहित कई बहुमूल्य वस्तुएं दबी हुई हैं. खुदाई में शामिल अधिकारियों ने बताया कि लक्कुंडी ऐतिहासिक रूप से एक समृद्ध केंद्र रहा है. सबूत बताते हैं कि अभी भी अपार भौतिक संपदा जमीन के नीचे छिपी हो सकती है. नवंबर 2024 में किए गए एक अन्वेषण के दौरान लक्कुंडी में हजारों प्राचीन कलाकृतियां खोजी गईं. हाल ही में आभूषणों की खोज ने इस स्थल में लोगों की रुचि को और बढ़ा दिया है. आज भी इस क्षेत्र के विभिन्न हिस्सों में नीलम, मोती, रत्न, हीरे और कैट्स आई जैसे बहुमूल्य पत्थर मिलने की खबरें हैं. पुरातत्वविदों ने कहा कि नई खुदाई का ऐतिहासिक महत्व बहुत अधिक है और इससे कर्नाटक के मध्यकालीन इतिहास से जुड़े शिलालेख, स्मारक, मूर्तियां और आभूषण मिलने की उम्मीद है, जिससे लक्कुंडी की समृद्ध विरासत को समझने में काफी मदद मिलेगी.
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News Source: Press Trust of India (PTI)
