UP News: उत्तर प्रदेश में योगी सरकार ने किसान रजिस्ट्री में बड़ी उपलब्धि हासिल की है. गाजियाबाद और रामपुर जनपद ने 100 फीसदी लक्ष्य हासिल किया है. अब तक 2.45 करोड़ से अधिक किसानों का पंजीकरण हो चुका है. मुख्यमंत्री योगी के नेतृत्व में सूबे में किसानों को सरकारी योजनाओं का लाभ पारदर्शी और समयबद्ध तरीके से उपलब्ध कराने के उद्देश्य से चलाया जा रहा किसान रजिस्ट्री अभियान तेजी से आगे बढ़ रहा है.
तेज गति से चल रहा अभियान
इसी का परिणाम है कि प्रदेश ने किसान रजिस्ट्री की प्रगति में राष्ट्रीय स्तर पर 10वां स्थान हासिल किया है. प्रदेश ने भारत सरकार द्वारा निर्धारित लक्ष्य का 85.19 प्रतिशत पूरा कर लिया है, जबकि शत-प्रतिशत लक्ष्य हासिल करने के लिए अब 14.81 प्रतिशत कार्य शेष है. विभाग की समीक्षा रिपोर्ट के अनुसार उत्तर प्रदेश अब राष्ट्रीय रैंकिंग में नौवें स्थान के बेहद करीब है और अभियान को तेज गति से पूरा करने के प्रयास किए जा रहे हैं.
2.45 करोड़ से अधिक किसानों का पंजीकरण
दरअसल, भारत सरकार ने उत्तर प्रदेश के लिए 2,88,70,495 किसानों के पंजीकरण का लक्ष्य निर्धारित किया है. इसके सापेक्ष अब तक 2,45,94,831 किसानों का पंजीकरण किया जा चुका है यानी लक्ष्य का 85.19 प्रतिशत कार्य पूरा हो चुका है. वर्तमान में 42,75,664 किसानों का पंजीकरण शेष है, जिसे जल्द पूरा करने के लिए अभियान को और गति दी जा रही है.समीक्षा रिपोर्ट के अनुसार यदि अभियान को 29 अगस्त 2026 तक पूरा करना है तो प्रतिदिन लगभग 1,42,522 किसानों का पंजीकरण करना होगा. वहीं 29 सितंबर 2026 तक लक्ष्य पूरा करने के लिए प्रतिदिन 71,261 और 29 अक्टूबर 2026 तक पूरा करने के लिए प्रतिदिन 47,507 किसानों का पंजीकरण आवश्यक होगा.
गाजियाबाद और रामपुर में 100 प्रतिशत पंजीकरण
किसान रजिस्ट्री अभियान में गाजियाबाद और रामपुर ने भारत सरकार द्वारा निर्धारित लक्ष्य का 100 प्रतिशत पंजीकरण पूरा कर प्रदेश के अन्य जिलों के लिए मिसाल पेश की है. इसके अलावा अंश निर्धारण की प्रगति में झांसी और हरदोई शीर्ष प्रदर्शन करने वाले जिलों में शामिल हैं. रिपोर्ट के अनुसार उत्तर प्रदेश में अंश निर्धारण का कार्य भी तेजी से चल रहा है और इसकी प्रगति 88.92 प्रतिशत तक पहुंच चुकी है. इससे भूमि अभिलेखों के डिजिटलीकरण, किसान पहचान की सटीकता तथा सरकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन में मदद मिलेगी.
योजनाओं में आएगी पारदर्शिता
योगी सरकार किसान रजिस्ट्री अभियान को डिजिटल कृषि सुधारों का महत्वपूर्ण आधार मान रही है. इस अभियान के माध्यम से किसानों का एकीकृत डिजिटल डाटाबेस तैयार किया जा रहा है, जिससे पात्र किसानों तक पीएम किसान सम्मान निधि, फसल बीमा, कृषि ऋण, सब्सिडी और अन्य सरकारी योजनाओं का लाभ पारदर्शी एवं समयबद्ध तरीके से पहुंचाना आसान होगा. किसान रजिस्ट्री के शत-प्रतिशत लक्ष्य को शीघ्र पूरा कर प्रदेश के प्रत्येक पात्र किसान को डिजिटल पहचान से जोड़ा जाए. इससे कृषि प्रशासन अधिक प्रभावी बनेगा, योजनाओं में पारदर्शिता आएगी और किसानों को सरकारी सेवाओं का लाभ किसी बाधा के बिना मिल सकेगा.
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