Kanpur Accident: कानपुर में दीपावली की सुबह एक दिल दहला देने वाले हादसे में एक ही परिवार के तीन लोगों की दर्दनाक मौत हो गई. पनकी पड़ाव में दीपावली की सुबह एक जर्जर मकान की कच्ची छत ढहने से एक ही परिवार के तीन लोगों की मलबे में दबकर दर्दनाक मौत हो गई. मृतकों में 60 वर्षीय विनोदनी शुक्ला, उनकी 28 वर्षीय बहू अंशिका शुक्ला और महज 20 दिन का मासूम पोता आरव शामिल हैं. इस हादसे में अंशिका के पति हर्ष शुक्ला (32 वर्ष) गंभीर रूप से घायल हो गए हैं, जिन्हें स्थानीय अस्पताल में भर्ती कराया गया है.
पूरे इलाके में शोक की लहर
रविवार सुबह करीब 8:30 बजे जब पूरा परिवार घर में बैठा था, तभी यह हादसा हुआ. सूचना मिलते ही पुलिस और SDRF की टीम ने स्थानीय लोगों की मदद से रेस्क्यू ऑपरेशन चलाकर मलबे से सभी को बाहर निकाला. पुलिस ने तीनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजकर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है. हादसे की जानकारी मिलते ही स्थानीय विधायक सुरेंद्र मैथानी ने भी मौके पर पहुंचकर पीड़ित परिवार को ढांढस बंधाया और प्रशासन से हर संभव मदद दिलाने का भरोसा दिया. उन्होंने मुआवजे की मांग की है. दीपावली के दिन हुए इस हादसे से पूरे इलाके में शोक की लहर है. महज 15 दिन पहले जन्मे मासूम ने अभी ठीक से आंखें भी नहीं खोली थीं कि वह अपनी मां और दादी के साथ हमेशा के लिए दुनिया से विदा हो गया.
पत्नी, मां और बेटे की गई जान
पनकी पड़ाव के सरायमीता निवासी हर्षित शुक्ला स्टील अथॉरिटी ऑफ इंडिया में काम करते हैं. रविवार को दीपावली के दिन उनकी पत्नी 28 वर्षीया अंशिका, 64 वर्षीया मां विनोदिनी मकान में बनी कच्ची कोठरी में बैठी थीं. वहीं 15 दिन का बेटा आरव भी खेल रहा था. इसी दौरान कमरे की कच्ची छत अचानक भरभराकर गिर गई. मलबे में अंशिका, विनोदिनी और मासूम आरव दब गए. चीख-पुकार सुनकर पहुंचे इलाकाई लोगों ने परिजनों की मदद से तीनों को मलबे से बाहर निकाला और आनन-फानन में कल्याणपुर सीएचसी ले गए. वहां डॉक्टरों ने तीनों को मृत घोषित कर दिया. पनकी इंस्पेक्टर दिनेश सिंह बिष्ट ने बताया कि घटना की जांच की जा रही है. उन्होंने बताया कि पीड़ितों को प्रशासन से हर संभव मदद दिलाने की कोशिश की जाएगी.
News Source: ANI
