Home Latest News & Updates ट्रंप ने जेनेरिक दवाओं पर 200% तक टैरिफ लगाने का किया ऐलान; जानें क्या है यूएस प्रेसिडेंट का पूरा प्लान

ट्रंप ने जेनेरिक दवाओं पर 200% तक टैरिफ लगाने का किया ऐलान; जानें क्या है यूएस प्रेसिडेंट का पूरा प्लान

by Amit Dubey 22 July 2026, 8:42 AM IST
22 July 2026, 8:42 AM IST
Tariffs On Generic Medicine

Tariffs On Generic Medicine: अमेरिका के प्रेसिडेंट डोनाल्ड ट्रंप ने एक बार फिर से टैरिफ वार की शुरुआत कर दी है. उन्होंने अभी जेनेरिक दवाओं पर टैरिफ लागू करने का प्लान बताकर दुनिया के कई देशों को चिंतित कर दिया है. इसका असर भारतीय दवा कंपनियों पर भी पड़ने वाला है.

डोनाल्ड ट्रंप ने विभिन्न देशों से अमेरिका भेजी जाने वाली जेनेरिक दवाओं पर 200 फीसदी तक टैरिफ लगाने की बात कही है. हालांकि, इसके लिए उन्होंने अपना पूरा प्लान बता दिया है.

जेनेरिक दवाओं की बात करें तो ये सस्ती दवाएं होती हैं, जो ब्रांडेड दवाओं का सस्ता और समान ऑप्शन हैं. मतलब कि इन दवाओं की कीमत ब्रांडेड दवाओं से कम होती हैं. देश में इन दवाओं को आप प्रधानमंत्री भारतीय जन औषधि केंद्र से ले सकते हैं.

…200% कर दिया जाएगा- ट्रंप

मिली जानकारी के अनुसार, बुधवार को अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अगस्त 2028 से इम्पोर्ट की जाने वाली जेनेरिक दवाओं पर भारी टैरिफ लगाने का ऐलान किया है. उन्होंने कहा कि इस कदम का मकसद ऐसी फार्मास्युटिकल दवाओं की मैन्युफैक्चरिंग को अमेरिका में ही शुरू करना है.

इस कदम से भारत पर असर पड़ सकता है, जो अमेरिका को जेनेरिक दवाओं का सबसे बड़ा एक्सपोर्टर है.

ट्रंप ने अपने आधिकारिक ट्रुथ सोशल पर एक पोस्ट करने यह घोषणा की है. उन्होंने कहा, “1 अगस्त, 2026 से, अमेरिका में आने वाली सभी जेनेरिक दवाओं पर दो साल तक जीरो परसेंट टैरिफ लागू रहेगा. इसके बाद, एक साल के लिए टैरिफ बढ़ाकर 100 परसेंट और उसके बाद 200 परसेंट कर दिया जाएगा.”

मतलब कि 2028 में जेनेरिक दवाओं पर अमेरिका 100 फीसदी और फिर उसके बाद 200 फीसदी का टैरिफ वसूलेगा.

ट्रंप ने भारी टैरिफ लगाने की बढ़ाई ये वजह

ट्रंप ने इन दवाओं पर भारी टैरिफ लगाने की वजह भी बताई है. अमेरिकी प्रेसिडेंट ट्रंप ने कहा, “ऐसा जेनेरिक फार्मास्युटिकल प्रोडक्शन को अमेरिका में वापस लाने के लिए किया जा रहा है. जो कंपनियां तय समय-सीमा के अंदर प्लांट और इक्विपमेंट नहीं बनाएंगी, उन पर जुर्माना लगाया जाएगा.”
राष्ट्रपति ने कहा कि इस पॉलिसी का मकसद अमेरिकी लोगों की सुरक्षा करना है. उन्होंने कहा, “पेटेंटेड, ब्रांडेड या इनोवेटिव दवाओं पर जो पॉलिसी अब तक बहुत सफल रही है, वह वैसी ही बनी रहेगी.”

भारत से 38% दवाओं का अमेरिका में एक्सपोर्ट

बता दें कि भारत को अक्सर “दुनिया की फार्मेसी” कहा जाता है क्योंकि यह दुनिया भर के देशों को जेनेरिक दवाएं सप्लाई करता है. ग्लोबल ट्रेड रिसर्च इनिशिएटिव की एक रिपोर्ट के अनुसार, 2025 में भारत ने अमेरिका को 9.7 बिलियन डॉलर की फार्मास्युटिकल दवाएं एक्सपोर्ट की थी. यह भारत के कुल 25.8 बिलियन डॉलर के ग्लोबल फार्मा एक्सपोर्ट का 38 परसेंट था.

भारतीय जेनेरिक दवाओं का इस्तेमाल हाइपरटेंशन, डायबिटीज, कैंसर, संक्रामक रोगों और मानसिक स्वास्थ्य से जुड़ी समस्याओं के इलाज में बड़े पैमाने पर किया जाता है.

अब जेनेरिक दवाओं पर टैरिफ बढ़ाने से भारत की दवा कंपनियों की चिंता बढ़ने लगी है. इसका प्रभाव इन कंपनियों के शेयरों पर भी दिख सकता है.

ट्रंप ने फिर शुरू किया टैरिफ वार? यूएस ने कनाडाई सामानों पर लगाया 50% का टैक्स; जानें वजह

News Source: PTI

You may also like

LT logo

Feature Posts

Newsletter

@2026 Live Time. All Rights Reserved.

Are you sure want to unlock this post?
Unlock left : 0
Are you sure want to cancel subscription?