Iran War : ईरान और इजरायल में जारी युद्ध की वजह से मिडिल ईस्ट में तनाव चरम पहुंच गया है. इसी बीच भारत ने सभी पक्षों से शांति पूर्वक इस मुद्दे पर हल निकालने के लिए कहा है और नागरिकों की सुरक्षा भी सुनिश्चित करने का भी आग्रह किया है.
Iran War : अमेरिका और इजरायल के संयुक्त अभियान में सुप्रीम लीडर अली खामेनेई को मारने के बाद मिडिल ईस्ट में तनाव चरम पर पहुंच गया है. इसी बीच ईरान ने कसम खाई है कि जुल्म करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा. इसी कड़ी में ईरान ने मिडिल ईस्ट के देशों में स्थित अमेरिकी सैन्य ठिकानों और इजरायल पर हमला कर दिया. स्थानीय खबरों के अनुसार ईरान ने मिसाइलों से सटीक निशाना साधा है. वहीं, मिडिल ईस्ट में बिगड़ते हालातों के बीच भारत सरकार का भी बयान सामने आ गया है. भारतीय विदेश मंत्रालय ने एक प्रेस रिलीज में ईरान और खाड़ी क्षेत्र में लड़ाई शुरू होने पर गहरी चिंता व्यक्त की है.
लोगों को दी जानी चाहिए सुरक्षा
बयान में आगे कहा गया है कि भारत ने सभी पक्षों से संयम बरतने और तनाव बढ़ने से बचने और आम लोगों की सुरक्षा को प्राथमिकता देने की अपील करते हैं. साथ ही रमजान के पवित्र महीने में इस क्षेत्र में हालात काफी और लगातार बिगड़ गए हैं. भारत खाड़ी देशों में फैले युद्ध को लेकर संयम बरतने की बात लगातार करता आ रहा है और मामले को बातचीत के माध्यम से सुलझाने की बात कह रहा है. भारत ने साफ कर दिया है कि किसी मुद्दे को बातचीत के माध्यम से सुलझाया जाना चाहिए.
खामेनेई की मौत के बाद पाकिस्तान में आंदोलन
वहीं, खामेनेई की मौत के बाद पाकिस्तान में दंगा भड़क गया है. इजरायल और अमेरिका का विरोध करने निकले लोगों में से कई की मौत हो गई है और पाकिस्तान को स्थिति संभालने के लिए सेना को सड़क पर उतारना पड़ा है. इसी बीच यह मांग भी तेजी से उठने लगी है कि पाकिस्तान को तत्काल ट्रंप द्वारा बनाए गए बोर्ड ऑफ पीस से जल्द अलग हो जाना चाहिए. बता दें कि यह बोर्ड डोनाल्ड ट्रंप ने गाजा में शांति बहाल करने के लिए बनाया है. पाकिस्तान इस बोर्ड का मेंबर है जिसको लेकर अब पाकिस्तान का एक तबका काफी नाराज है. अब खामेनेई की मौत के बाद यह तबका और भड़क गया है जहां वह पाकिस्तान की केंद्रीय सरकार को अलग करने के लिए कह रहे हैं.
क्या खुद अलग करेगा पाकिस्तान?
संयुक्त राष्ट्र में पाकिस्तान की पूर्व राजदूत मलीहा लोधी ने कहा कि अब वक्त आ गया है कि पाकिस्तान इस बोर्ड से अलग हो जाएं. राजदूत ने प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ से अपील की है कि ईरान पर हुए हमलों के बाद अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा बनाए गए बोर्ड ऑफ पीस से खुद को अलग कर लें. बता दें कि ईरान के बाद पाकिस्तान दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा शिया मुस्लिम वाला देश है. अली खामेनेई की मौत के बाद पाकिस्तान में हिंसक आंदोलन भड़क गया है. इसी बीच पाकिस्तान ने सोमवार को देश भर सार्वजनिक जमावड़ा पर प्रतिबंध लगा दिया है और देश भर में हिंसा की वजह से अभी तक 26 लोग मारे गए हैं.
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News Source: PTI
