Clean Haryana: राष्ट्रपिता महात्मा गांधी और पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न लाल बहादुर शास्त्री की जयंती के अवसर पर मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के नेतृत्व वाली हरियाणा सरकार ने फरीदाबाद को Garbage Vulnerable Point यानी GVP मुक्त बनाने की विशेष मुहिम शुरू की. शुक्रवार को बुढ़ैना स्थित राजकीय प्राथमिक विद्यालय और वॉटर बूस्टर के पास आयोजित कार्यक्रम में हरियाणा सरकार के कैबिनेट मंत्री विपुल गोयल ने अभियान का शुभारंभ किया.
शहर को कचरा मुक्त बनाने की विशेष मुहिम शुरू
इस दौरान उन्होंने स्वयं स्वच्छता अभियान में हिस्सा लेकर लोगों को स्वच्छ एवं सुंदर फरीदाबाद का संदेश दिया. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जनसेवा के 25 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में चलाए जा रहे सेवा संकल्प अभियान के तहत यह विशेष अभियान 2 अक्टूबर से 11 अक्टूबर तक चलेगा. इस दौरान शहर के उन स्थानों को चिह्नित कर स्वच्छ किया जाएगा, जहां बार-बार कचरा जमा होता है. इन कचरा संवेदनशील स्थानों को Garbage Vulnerable Point यानी GVP कहा जाता है.
कचरा उठाना ही नहीं, दोबारा जमा होने से रोकना चुनौती
अभियान की शुरुआत के दौरान कैबिनेट मंत्री विपुल गोयल ने कहा कि किसी स्थान से कचरा उठाकर उसे साफ कर देना ही समस्या का स्थायी समाधान नहीं है. असली चुनौती यह है कि सफाई के बाद उस स्थान पर दोबारा कचरा जमा न हो. उन्होंने कहा कि सड़क किनारे, खाली प्लॉट, नालों के आसपास और अन्य सार्वजनिक स्थानों पर लगातार कचरा डाले जाने से गंदगी, बदबू और बीमारी का खतरा बढ़ता है. इसलिए GVP मुक्त अभियान में केवल सफाई पर ही ध्यान नहीं दिया जाएगा, बल्कि नियमित निगरानी, उचित कचरा निस्तारण, जागरूकता और आवश्यकता के अनुसार सौंदर्यीकरण पर भी जोर रहेगा. उन्होंने कहा कि चिह्नित स्थानों पर नियमित सफाई सुनिश्चित करने के साथ उन्हें Door to Door Collection व्यवस्था से जोड़ने, गीले और सूखे कचरे को अलग-अलग रखने तथा कचरे के उचित निस्तारण की व्यवस्था को मजबूत करने पर काम किया जाएगा.
जहां लगता था कचरे का ढेर, वहां दिखेगी हरियाली
GVP मुक्त अभियान का एक महत्वपूर्ण उद्देश्य कचरे वाले स्थानों का स्वरूप बदलना भी है. मंत्री ने कहा कि जिन जगहों से कचरा हटाया जाएगा, वहां स्थानीय परिस्थितियों के अनुसार पौधरोपण, दीवारों पर चित्रकारी और अन्य सौंदर्यीकरण के प्रयास किए जाएंगे.
इसका उद्देश्य यह है कि जिस जगह की पहचान पहले कूड़े के ढेर के रूप में होती थी, वही स्थान आगे चलकर स्वच्छता और सुंदरता की मिसाल बने.
आदत बदलेगी तो ही स्थायी रूप से साफ होगा शहर
विपुल गोयल ने कहा कि नगर निगम और प्रशासन अपनी जिम्मेदारी निभाएंगे, लेकिन शहर को लंबे समय तक साफ रखने के लिए नागरिकों की भूमिका सबसे अहम है. यदि सफाई के कुछ घंटों या दिनों बाद लोग उसी स्थान पर दोबारा कचरा डालना शुरू कर दें तो किसी भी अभियान का उद्देश्य पूरा नहीं हो सकता. उन्होंने नागरिकों से अपील की कि घर का कचरा सड़क, खाली प्लॉट या सार्वजनिक स्थान पर न डालें. कचरा केवल निर्धारित कूड़ा वाहन में दें और घर पर ही गीले तथा सूखे कचरे को अलग-अलग रखें. उन्होंने सिंगल यूज प्लास्टिक का इस्तेमाल कम करने की भी अपील की.
सफाई मित्रों को बताया स्वच्छ फरीदाबाद का असली सिपाही
कार्यक्रम में कैबिनेट मंत्री ने सफाई कर्मचारियों के योगदान की भी सराहना की. उन्होंने कहा कि सफाई मित्र ऐसे समय में भी शहर की सफाई में जुटे रहते हैं, जब अधिकांश लोग अपने घरों में होते हैं. गर्मी, सर्दी और बरसात के बावजूद सफाई कर्मचारी लगातार सार्वजनिक स्थानों को स्वच्छ रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं. उन्होंने कहा कि स्वच्छ फरीदाबाद का सपना सफाई मित्रों के योगदान के बिना पूरा नहीं हो सकता. इसलिए प्रत्येक नागरिक को सफाई कर्मचारियों का सम्मान करना चाहिए और उनके काम में सहयोग देना चाहिए.
स्वच्छता को एक दिन का अभियान न बनाएं
विपुल गोयल ने कहा कि महात्मा गांधी ने स्वच्छता को जीवन का महत्वपूर्ण हिस्सा माना और स्वयं सफाई के कार्यों में भाग लेकर समाज को प्रेरित किया. वहीं लाल बहादुर शास्त्री ने सादगी, ईमानदारी और कर्तव्यनिष्ठा का संदेश दिया. ऐसे में दोनों महान व्यक्तित्वों की जयंती पर स्वच्छता का संकल्प लेना उनके प्रति सार्थक श्रद्धांजलि है. उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा 2 अक्टूबर 2014 को शुरू किए गए स्वच्छ भारत मिशन ने स्वच्छता को जनभागीदारी से जोड़ने का काम किया. अब जरूरत इस बात की है कि स्वच्छता को केवल किसी विशेष दिवस या अभियान तक सीमित न रखा जाए, बल्कि इसे रोजमर्रा की आदत बनाया जाए.
भागीदारी की अपील
कैबिनेट मंत्री ने RWA, सामाजिक संस्थाओं, व्यापारियों, युवाओं और स्थानीय नागरिकों से अभियान में सक्रिय भागीदारी की अपील की. उन्होंने कहा कि हर क्षेत्र के लोग अपने आसपास मौजूद कचरा संवेदनशील स्थानों को साफ रखने में योगदान दें. उन्होंने बच्चों को स्वच्छता का प्रभावी दूत बताते हुए कहा कि बच्चे अपने परिवार और आसपास के लोगों को स्वच्छता के प्रति जागरूक करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं.
11 अक्टूबर को अभियान खत्म होगा, लेकिन संकल्प नहीं
बुढ़ैना से शुरू हुआ GVP मुक्त अभियान 11 अक्टूबर तक फरीदाबाद के विभिन्न क्षेत्रों में चलाया जाएगा. मंत्री ने कहा कि 11 अक्टूबर के बाद भी स्वच्छता का संकल्प जारी रहना चाहिए. लक्ष्य ऐसा फरीदाबाद बनाना है, जहां किसी सार्वजनिक स्थान की पहचान बार-बार लगने वाले कचरे के ढेर से न हो. कार्यक्रम के दौरान उपस्थित लोगों को स्वच्छता की शपथ दिलाई गई। नागरिकों ने घर, गली, मोहल्ले और शहर को स्वच्छ रखने, सार्वजनिक स्थानों पर कचरा न फैलाने तथा सफाई मित्रों का सम्मान करने का संकल्प लिया.
हरियाणा: सरकारी भुगतान में देरी की तो अफसर की जेब से जाएगा ब्याज, सीएम सैनी का बड़ा निर्देश
