Amit Thackeray: महाराष्ट्र के पुणे स्थित सरकारी पॉलिटेक्निक कॉलेज के प्रिंसिपल ऑफिस से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तस्वीर हटाए जाने को लेकर विवाद बढ़ता जा रहा है. इस मामले में अब महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (MNS) के अमित ठाकरे और दो कार्यकर्ताओं के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है. बताया जा रहा है कि MNS नेता अमित ठाकरे ने कॉलेज पहुंचकर दीवार पर लगी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तस्वीर पर आपत्ति जताई थी. इसके बाद MNS के एक कार्यकर्ता ने कथित तौर पर प्रधानमंत्री की तस्वीर वहां से हटा दी थी.
दो कार्यकर्ताओं को किया गया गिरफ्तार
चतुश्रृंगी पुलिस स्टेशन के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि इस घटना के सिलसिले में पूछताछ के लिए MNS के दो कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार किया गया है. साथ ही मामले की आगे की जांच चल रही है. कॉलेज के एक अधिकारी की शिकायत के अनुसार, MNS की छात्र शाखा के प्रमुख अमित शाह ठाकरे सोमवार दोपहर मेंबरशिप ड्राइव के तहत कॉलेज गए थे. शिकायत के अनुसार, उन्होंने कथित तौर पर अपने समर्थकों ने कहा कि वे ऑफिस की दीवार पर लगी पीएम मोदी की तस्वीर हटा दें, जो छत्रपति शिवाजी महाराज, डॉ. बीआर अंबेडकर और राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु की तस्वीरों के साथ लगी थी.
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विभिन्न धाराओं में दर्ज किया मामला
वहीं, शिकायतकर्ता का आरोप है कि अमित ठाकरे और अन्य लोग बिना इजाजत के ऑफिस में घुसे, तस्वीर हटाई, स्टाफ सदस्यों को धमकाया, नारेबाजी और हंगामा किया. पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता और महाराष्ट्र पुलिस एक्ट की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है.
अमित ने राजनीतिक परिपक्वता दिखाई
अमित ठाकरे ने सोमवार को कहा कि उनके राजनीतिक करियर में उनके खिलाफ पहला पुलिस केस छत्रपति शिवाजी महाराज से जुड़े एक आंदोलन की वजह से हुआ था. उन्होंने आगे कहा कि अगर दूसरा मामला भी छत्रपति शिवाजी महाराज के लिए दर्ज होता है, तो मुझे खुशी होगी. बीजेपी नेता गणेश बिडकर ने इस हरकत की आलोचना करते हुए कहा कि अमित ठाकरे ने राजनीतिक परिपक्वता दिखाई है. बिडकर ने यह भी कहा कि सरकारी दफ्तरों में राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री और महान हस्तियों की फोटो लगाना एक प्रोटोकॉल होता है. ऐसा लगता है कि इसके बारे में ठाकरे को जानकारी नहीं थी.
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