Puri Rath Yatra: ओडिशा पुलिस पिछले साल रथयात्रा में हुई भगदड़ से सबक लेते हुए इस बार पुरी में कड़े इंतजाम कर रही है. डीजीपी वाईबी खुरानिया ने कटक पुलिस मुख्यालय में उच्च स्तरीय बैठक कर 16 जुलाई से शुरू होने वाले नौ दिवसीय उत्सव के लिए विशेष मानक संचालन प्रक्रिया (SOP) को अंतिम रूप दिया. भीड़ प्रबंधन और यातायात व्यवस्था के लिए एक विशेष बल तैनात किया जाएगा. रथयात्रा के प्रभारी वरिष्ठ अधिकारी के अनुसार, सुरक्षा व्यवस्था, भक्तों की सुचारु आवाजाही, वाहन पार्किंग और गर्म आर्द्र मौसम के मद्देनजर स्वास्थ्य सुविधाओं जैसे सभी पहलुओं को एसओपी में शामिल किया गया है, जिनका सख्ती से पालन किया जाएगा.
जारी होंगे घेरा पास
डीजीपी ने भगदड़ जैसी स्थिति से बचने के लिए मंदिर के पास सुरक्षा वाहनों की उचित तैनाती, के-9 (कैनाइन स्क्वाड) दस्ते, एनएसजी प्रशिक्षित स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप और विशेष सामरिक इकाइयों (एसटीयू) की नियुक्ति पर जोर दिया. उन्होंने कहा कि रथों की सुचारु आवाजाही सुनिश्चित करने के लिए और बढ़ती भीड़ को नियंत्रित करने के लिए घेरा पास जारी किया जाएगा. अधिकारी ने कहा कि पिछले साल रथ खींचने में देरी हुई थी क्योंकि भारी भीड़ आंतरिक घेरे में प्रवेश कर गई थी. इस बार पुरी जिला प्रशासन और श्री जगन्नाथ मंदिर प्रशासन से घेरा पास जारी करने का अनुरोध किया गया है.
भगवान की रथयात्रा 16 जुलाई को
डीजीपी ने कहा कि भगवान जगन्नाथ की वार्षिक रथयात्रा देखने के लिए देश-विदेश से आने वाले भक्तों के व्यवस्थित दर्शन के लिए विशेष व्यवस्था की जाएगी. उन्होंने कहा कि आपात स्थिति से निपटने, दुर्घटना प्रबंधन और विभिन्न विभागों के बीच त्वरित समन्वय सुनिश्चित करने पर भी चर्चा की गई. मंदिर की परंपरा के अनुसार, विशिष्ट तिथियों पर विभिन्न अनुष्ठान मनाए जाएंगे. ‘स्नान पूर्णिमा’ (भगवान का जन्म दिवस) 29 जून को, ‘नवयुवन दर्शन’ (आंख खोलना) 14 जुलाई को और रथ यात्रा 16 जुलाई को होगी.
रथयात्रा के लिए तैनात होगी विशेष टीम
रथ खींचने के बाद कई अन्य अनुष्ठान भी किए जाएंगे, जैसे 20 जुलाई को ‘हेरा पंचमी’, 23 जुलाई को ‘संध्या दर्शन’, 24 जुलाई को ‘बहुदा यात्रा’, 25 जुलाई को ‘सुना बेशा’ और 27 जुलाई को ‘नीलाद्रि बिजे’. खुरानिया ने कहा कि चूंकि इन सभी अवसरों पर देश-विदेश से लाखों श्रद्धालुओं के पुरी में जुटने की संभावना है, इसलिए बैठक में सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक व्यापक और प्रभावी बनाने का निर्णय लिया गया. उन्होंने कहा कि यातायात प्रबंधन को मजबूत करने के लिए आठ और पार्किंग स्थलों की पहचान की गई है. रथयात्रा के दिन ग्रैंड रोड पर भगवान जगन्नाथ, भगवान बलभद्र और देवी सुभद्रा के वाहनों की सुचारु आवाजाही सुनिश्चित करने के लिए रथों के सामने एक विशेष टीम तैनात की जाएगी.
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News Source: PTI
