Stock Market Updates: भारतीय शेयर बाजार में मंगलवार, 15 सितंबर को कारोबार की शुरुआत तेजी के साथ हुई. हालांकि, कुछ ही देर में बाजार की रफ्तार धीमी पड़ गई. शुरुआती कारोबार में सेंसेक्स करीब 400 अंक चढ़ गया था और निफ्टी भी 23,500 के ऊपर था. लेकिन जैसे-जैसे कारोबार आगे बढ़ा, ये बढ़त लगभग पूरी तरह गायब हो गई. सुबह करीब 10:50 बजे सेंसेक्स 108.60 अंक यानी 0.15 फीसदी गिरकर 74,673.16 पर और निफ्टी 49.75 अंक यानी 0.21 फीसदी की कमजोरी के साथ 23,348.35 पर कारोबार कर रहा था. बाजार की तस्वीर में एक दिलचस्प बदलाव देखने को मिला. जहां IT स्टॉक्स में जोरदार खरीदारी रही. वहीं, मि़डकैप और स्मॉलकैप शेयरों पर दबाव दिखा. निफ्टी मिडकैप इंडेक्स करीब 0.7 फीसदी और स्मॉलकैप इंडेक्स लगभग 1 फीसदी नीचे था.
IT स्टॉक्स बने हीरो
आज के कारोबार में IT सेक्टर सबसे ज्यादा चर्चा में रहा. HCL टेक्नोलॉजीज़, टेक महिंद्रा, TCS और इन्फोसिस जैसे बड़े IT शेयरों में जोरदार खरीदारी देखने को मिली. TCS का शेयर करीब 5.21 फीसदी उछलकर 2,316.75 रुपये पर पहुंच गया. शेयर ने दिन के कारोबार में 2,322 रुपये का हाई भी बनाया. वहीं HCL टेक करीब 6.5 फीसदी और टेक महिंद्रा लगभग 5.6 फीसदी ऊपर रहे. इन्फोसिस में भी करीब 4.83 फीसदी की तेजी देखने को मिली. इसके अलावा टाटा एल्क्सी करीब 3.75 फीसदी और एमफैसिस लगभग 4.70 फीसदी चढ़ा. यानी IT सेक्टर ने मंगलवार को बाजार को संभालने में बड़ी भूमिका निभाई.
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कई शेयरों में गिरावट
जहां IT सेक्टर ने बाजार को सहारा दिया, वहीं कई शेयरों में बिकवाली का दबाव दिखा. अशोक लेलैंड करीब 2.07 फीसदी गिरकर 160.36 रुपये पर पहुंचा. टाटा कैपिटल में 2.16 फीसदी की गिरावट रही. ICICI लोम्बार्ड जनरल इंश्योरेंस का शेयर 52 वीक लो तक पहुंच गया. जिंदल स्टेनलेस, BHEL, वोडाफोन आइडिया, कोचीन शिपयार्ड, अल्ट्राटेक सीमेंट और मझगांव डॉक शिपबिल्डर्स में भी करीब 2 फीसदी या उससे ज्यादा की गिरावट रही. इन सबके अलावा कोचीन शिपयार्ड ने ब्रिक्स समिट 2026 के दौरान ड्रायडॉक्स वर्ल्ड दुबई के साथ एग्रीमेंट किया है. इस खबर के बावजूद शेयर में दबाव दिखाई दिया. ये करीब 2 फीसदी तक गिर गया.
रुपये पर भी दबाव
करेंसी मार्केट में भारतीय रुपया मंगलवार को डॉलर के मुकाबले 21 पैसे कमजोर होकर 95.76 रुपये प्रति डॉलर पर खुला. शुक्रवार को रुपया 95.55 रुपये प्रति डॉलर पर बंद हुआ था. अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में तेजी रुपये और भारतीय शेयर बाजार दोनों के लिए चिंता बढ़ा सकती है. कच्चा तेल करीब 1.30 फीसदी बढ़कर 107 डॉलर प्रति बैरल के आसपास कारोबार कर रहा था.
विदेशी निवेशकों की बिकवाली
भारतीय बाजार में फॉरेन इन्वेस्टर्स यानी FIIs की बिकवाली भी निवेशकों के लिए चिंता का कारण बनी हुई है. 11 सितंबर को FIIs ने भारतीय शेयरों से करीब 930.90 करोड़ रुपये निकाले. वहीं, घरेलू इन्वेस्टर्स यानी DIIs ने 1,968.17 करोड़ रुपये की खरीदारी की. सितंबर में अब तक FIIs की खरीद करीब 579 करोड़ रुपये रही है. वहीं, DIIs ने करीब 24,987 करोड़ रुपये का निवेश किया है. इस साल अब तक FIIs भारतीय कैश मार्केट में लगभग 1.89 लाख करोड़ रुपये की नेट बिकवाली कर चुके हैं, जबकि DIIs ने करीब 3.51 लाख करोड़ रुपये का निवेश किया है.
दुनियाभर की मार्केट का हाल
अमेरिकी बाजार में सोमवार को कमजोरी रही. S&P 500 करीब 0.48 फीसदी गिरा. नैस्डैक 0.56 फीसदी और डाउ जोन्स 0.29 फीसदी नीचे बंद हुआ. AI कंपनियों से जुड़ी घबरों और चिप स्टॉक्स में दबाव ने अमेरिकी बाजार को प्रभावित किया. एशियाई बाजारों में भी तस्वीर पूरी तरह एक जैसी नहीं रही. जापान का निक्की और साउथ कोरिया का कोस्पी मजबूती में रहे. वहीं, शंघाई कम्पोजिट और हांगकांग का हैंग सैंग दबाव में दिखे. यानी देखा जाए तो, मंगलवार को भारतीय शेयर बाजार की कहानी फिलहाल ‘सुबह की तेजी, फिर सुस्ती’ वाली रही.
News Source: PTI
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