Haryana Crime: हरियाणा में नशा तस्करी के खिलाफ पुलिस का अभियान लगातार जारी है. इसी कड़ी में हिसार पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए गांजे की एक बड़ी खेप बरामद की है. पुलिस ने एयरपोर्ट चौक पर नाकाबंदी के दौरान एक जीप से 114 किलो 910 ग्राम गांजा बरामद किया. बरामद नशे की बाजार कीमत करीब 60 लाख रुपये बताई गई है.पुलिस ने जीप चालक को गिरफ्तार कर वाहन को भी कब्जे में ले लिया है.
हांसी की तरफ से आ रहे वाहन को पकड़ा
पुलिस के अनुसार, नशा तस्करी से जुड़ी गुप्त सूचना मिलने के बाद पुलिस टीम ने एयरपोर्ट चौक पर नाकाबंदी की थी. इसी दौरान हांसी की तरफ से एक जीप आती दिखाई दी. पुलिस ने वाहन को रुकने का इशारा किया. पुलिस का कहना है कि चालक ने पुलिस टीम को देखकर जीप को अचानक एचटीएम क्षेत्र की तरफ मोड़ने का प्रयास किया. इसी दौरान जीप बंद हो गई. पुलिस टीम ने मौके पर ही चालक को काबू कर लिया.
डिग्गी में छिपाकर रखे थे गांजे के 21 पैकेट
इसके बाद पुलिस टीम ने जीप की तलाशी ली. तलाशी के दौरान वाहन की डिग्गी से गांजे के 21 पैकेट बरामद हुए. इन पैकेटों का कुल वजन 114 किलो 910 ग्राम पाया गया. पुलिस ने गांजे की खेप के साथ तस्करी में इस्तेमाल की जा रही जीप को भी कब्जे में ले लिया है. पुलिस के मुताबिक बरामद गांजे की अनुमानित बाजार कीमत करीब 60 लाख रुपये है.
सप्लाई नेटवर्क खंगालने में जुटी पुलिस
मामले में थाना एचटीएम, हिसार में एनडीपीएस एक्ट की संबंधित धाराओं के तहत केस दर्ज किया गया है. गिरफ्तार आरोपी को अदालत में पेश कर पुलिस रिमांड हासिल करने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी. पुलिस रिमांड के दौरान आरोपी से यह पता लगाने का प्रयास करेगी कि गांजे की इतनी बड़ी खेप कहां से लाई गई थी और इसे हिसार या आसपास के इलाकों में कहां सप्लाई किया जाना था. इसके अलावा पुलिस सप्लाई नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका भी खंगालेगी.
सप्लाई होने से पहले पकड़ी बड़ी खेप
हिसार पुलिस की इस कार्रवाई से गांजे की बड़ी खेप को बाजार में पहुंचने से पहले ही पकड़ लिया गया. पुलिस अब मामले की आगे की जांच में जुटी है. जांच के दौरान नशे की खेप के स्रोत और इससे जुड़े अन्य आरोपियों के बारे में जानकारी सामने आने की उम्मीद है.
हरियाणा पुलिस की ओर से प्रदेश में नशा तस्करी के खिलाफ लगातार अभियान चलाया जा रहा है. पुलिस का फोकस नशे की सप्लाई चेन को तोड़ने और तस्करी से जुड़े नेटवर्क का पता लगाने पर है.
