Kerala News: केरल के कोझिकोड में अवैध रूप से घुसने के आरोप में पुलिस ने तीन बांग्लादेशी नागरिकों को गिरफ्तार कर लिया. उनके पास से नकली पहचान पत्र बरामद हुआ. ये विदेशी प्रवासी मजदूर बनकर छिपे थे. वे बिना वैध दस्तावेजों के लेबर कैंप में रह रहे थे. आरोपियों ने बचने के लिए अपनी पहचान बदल दी थी. सभी आरोपी भारत में अवैध रूप से दाखिल हुए थे. पुलिस ने मंगलवार को बताया कि तीन बांग्लादेशी नागरिकों को भारत में गैर-कानूनी तरीके से घुसने और केरल के कोझिकोड जिले के एक लेबर कैंप में प्रवासी मजदूर बनकर रहने के आरोप में गिरफ़्तार किया गया है.
प्रवासी मजदूर बनकर छिपे थे लेबर कैंप में
आरोपियों की पहचान मुहम्मद वुला हुसैन (47), मुहम्मद हसन अली (27) और मुहम्मद महदी हसन (28) के तौर पर हुई है. ये गिरफ़्तारियां मावूर पुलिस की ओर से कल्पल्ली में की गई अचानक जांच के दौरान हुईं. पुलिस ने बताया कि उन्हें जानकारी मिली थी कि इलाके में प्रवासी मज़दूरों के बीच कुछ बांग्लादेशी नागरिक रह रहे हैं. FIR के मुताबिक, ये तीनों लोग पासपोर्ट, वीजा या किसी अन्य कानूनी मंज़ूरी जैसे वैध यात्रा दस्तावेज़ों के बिना भारत में दाखिल हुए थे. पुलिस का आरोप है कि वे अवैध तरीकों से देश में दाखिल हुए, अपनी बांग्लादेशी नागरिकता छिपाई और खुद को भारत के किसी दूसरे राज्य का प्रवासी मज़दूर बताया. पुलिस ने बताया कि आरोपियों के मोबाइल फोन की जांच करने पर बांग्लादेशी राष्ट्रीय पहचान पत्रों की डिजिटल कॉपी मिलीं, जिससे पुष्टि हुई कि वे बांग्लादेशी नागरिक हैं.
नकली आईडी जब्त
पुलिस ने बताया कि दो भाषाओं की जानकारी रखने वाले एक पुलिस अधिकारी की मदद से उन लोगों से हिंदी में पूछताछ की गई. उन्होंने माना कि उनके पास भारत में आने या रहने के लिए ज़रूरी पासपोर्ट, वीज़ा या कोई अन्य वैध दस्तावेज़ नहीं थे. शुरुआती जांच और मिले दस्तावेज़ों के आधार पर जांचकर्ताओं ने यह नतीजा निकाला कि ये तीनों बिना वैध यात्रा दस्तावेज़ों के गैर-कानूनी तरीके से भारत आए थे और इलाके में एक लेबर कैंप में रह रहे थे. उन्होंने बताया कि जांच अभी जारी है. पुलिस ने कहा कि सोमवार को की गई जांच-पड़ताल के दौरान ये तीनों एक प्राइवेट लेबर कैंप में रहते हुए पाए गए. अधिकारियों ने बताया कि आरोपियों के पास से नकली पहचान पत्र बरामद किए गए. सिम कार्ड भी ज़ब्त किए गए.
मददगारों पर भी कसेगा शिकंजा
जांचकर्ता यह पता लगाने की कोशिश कर रहे हैं कि वे कहां से हासिल किए गए थे. पूछताछ के लिए तीनों को पहले मावूर पुलिस स्टेशन ले जाया गया और बाद में आगे की पूछताछ के लिए कोझिकोड स्पेशल ब्रांच ऑफिस भेजा गया.बिना सही कागज़ात के भारत में घुसने और रहने के आरोप में इमिग्रेशन एंड फॉरेनर्स एक्ट की धारा 3(1) और धारा 21 के तहत मामला दर्ज किया गया है. पुलिस ने कहा कि वे इस बात की जांच कर रहे हैं कि इन तीनों लोगों को काम पर किसने रखा था और क्या किसी ने उन्हें नकली पहचान पत्र हासिल करने या यहां रहने में मदद की थी. पुलिस ने यह भी कहा कि मावूर इलाके में जांच तेज़ की जाएगी ताकि उन दूसरे विदेशी नागरिकों की पहचान की जा सके जो बिना सही कागजात के जिले में रह रहे हो सकते हैं.
News Source: PTI
