Donald Trump: अमेरिका में मिडटर्म चुनाव के नतीजों के बाद राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं. चुनाव में सत्तारूढ़ पार्टी को बड़ा झटका लगने के बाद अब ट्रंप अपने प्रशासन में बदलाव करने पर विचार कर रहे हैं. चर्चा है कि, वो रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ को पद पर बनाए रखने या उनकी जगह किसी दूसरे चेहरे को लाने पर अपने करीबियों से सलाह ले रहे हैं. सीबीएस न्यूज की एक रिपोर्ट में कई सूत्रों के हवाले से ये दावा किया गया है. रिपोर्ट के मुताबिक, ट्रंप ने फोन पर बातचीत और अपने करीबी सलाहकारों के साथ बैठकों में हेगसेथ को लेकर सवाल उठाए हैं. हालांकि, उन्हें पद से हटाने को लेकर अभी कोई अंतिम फैसला नहीं हुआ है. इस पूरी चर्चा के केंद्र में ईरान के साथ जारी युद्ध को माना जा रहा है. वॉशिंगटन में इस सैन्य संघर्ष के राजनीतिक असर को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं.
ईरान है हार की वजह!
अमेरिका के उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने भी चुनावी झटके और ईरान युद्ध के बीच सीधा संबंध बताया है. उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, “हमारी हार की वजह युद्ध है.” उनके इस बयान के बाद ट्रंप प्रशासन की युद्ध नीति और रक्षा विभाग की भूमिका पर चर्चा और तेज हो गई है. रिपोर्ट में ये भी कहा गया है कि चुनावी नतीजों के बाद सेना के कुछ बड़े अधिकारियों को भी सवालों का सामना करना पड़ सकता है. इनमें अमेरिकी सेंट्रल कमांड के प्रमुख एडमिरल ब्रैड कूपर और ज्वाइंट चीफ्स ऑफ स्टाफ के चेयरमैन जनरल डैन केन का नाम शामिल है. ईरान युद्ध को लेकर उनकी सलाह और भूमिका की समीक्षा हो सकती है.
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रॉन डेसेंटिस का नाम
हेगसेथ की कुर्सी को लेकर अटकलों के बीच फ्लोरिडा के गवर्नर रॉन डेसेंटिस का नाम भी सामने आया है. एक और रिपोर्ट के मुताबिक, उन्हें रक्षा मंत्री पद का संभावित उम्मीदवार माना जा रहा है. बताया जा रहा है कि गवर्नर के रूप में उनका कार्यकाल 5 जनवरी को खत्म होने के बाद इस पद पर उनकी नियुक्ति की संभावना पर विचार हो सकता है. हालांकि, ट्रंप ने पत्रकारों से बातचीत में हेगसेथ को हटाने की खबरों को खारिज किया. उन्होंने कहा, “नहीं, मुझे लगता है कि वो बहुत अच्छा काम कर रहे हैं.” वहीं, व्हाइट हाउस की प्रवक्ता अन्ना केली ने भी कहा कि राष्ट्रपति को हेगसेथ पर पूरा भरोसा है.
बढ़ सकता है दबाव
हेगसेथ को पहले भी विपक्षी सांसदों की तरफ से महाभियोग की मांग का सामना करना पड़ा है. अब कांग्रेस के दोनों सदनों में डेमोक्रेट्स की मजबूत स्थिति बनने की संभावना के बीच उन पर राजनीतिक और संसदीय दबाव बढ़ सकता है. फिलहाल ट्रंप ने उनका समर्थन किया है, लेकिन आने वाले दिनों में रक्षा मंत्रालय को लेकर अमेरिकी राजनीति में हलचल जारी रह सकती है.
News Source: ANI
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