Rohit Sharma : भारत और इंग्लैंड के बीच तीन मैचों की वनडे सीरीज खेली जा रही है. इस सीरीज में अभी तक 1-1 से दोनों टीमें बराबरी पर चल रही हैं और अंतिम मैच जीतने वाली टीम इस सीरीज को लेकर जाएगी. अब देखना होगा कि अंतिम मैच में कौन सी टीम बाजी मारती है. इसी बीच आखिरी मैच से पहले सोशल मीडिया पर रोहित शर्मा के अलविदा को लेकर चर्चा तेज हो गई हैं. उन्होंने इंग्लैंड के खिलाफ एजबेस्टन में खेले गए पहले वनडे मैच में 21 गेंद पर 11 बनाए थे, जबकि दूसरे मैच में वह 47 गेंदों में 26 रन बनाकर पवेलियन की तरफ चल दिए थे. इस बार उन्होंने 47 गेंदों में से 31 गेंद डॉट्स की थीं. वहीं, आउट होने के बाद वह धीमी गति से पवेलियन की तरफ लौट रहे थे. इन दो पारियों के बाद ही सोशल मीडिया और भारतीय मीडिया में खबर चलने लगी कि वह इस सीरीज के बाद वनडे से भी संन्यास की घोषणा कर देंगे. साथ ही लॉर्ड्स में खेले जाने वाला सीरीज का तीसरा मैच उनके करियर का आखिरी मुकाबला होगा. दूसरी तरफ एक समय रोहित शर्मा और विराट कोहली को लेकर एक थ्योरी यह भी चली थी कि यह दोनों खिलाड़ी विश्व कप 2027 को खेलने के बाद क्रिकेट के सभी फॉर्मेट को अलविदा कह देंगे. लेकिन बीच-बीच में रोहित शर्मा के रिटायरमेंट की खबर अचानक तूल पकड़ने लग जाती है.
क्या रोहित का होगा आखिरी मैच
सूत्रों के हवाले से कहा जा रहा है कि BCCI की वरिष्ठ चयन समिति ने पिछले हफ्ते हेड कोच गौतम गंभीर के साथ मिलकर रोहित शर्मा से इस मुद्दे को लेकर चर्चा की थी. वहीं, सेलेक्टर्स लगातार युवा खिलाड़ी यशस्वी जायसवाल को मौका देने की बात कह रहे हैं और वह काफी समय से अपनी बारी का इंतजार भी कर रहे हैं. समिति ने यह भी स्पष्ट कर दिया है कि वह 2027 विश्व कप में रोहित शर्मा की कोई भूमिका को नहीं देखती है. दूसरी तरफ यह भी खबर है कि इंग्लैंड के खिलाफ सीरीज खत्म होने के बाद रोहित शर्मा ओपनिंग के लिए टीम की पहली पसंद नहीं रहेंगे. मौजूदा स्थिति को देखते हुए रविवार को लॉर्ड्स में खेले जाने वाला तीसरा वनडे मैच रोहित शर्मा का भारत के लिए आखिरी मैच साबित हो सकता है.

142 साल बाद महिला क्रिकेटरों ने रचा इतिहास! लॉर्ड्स पर जीता पहला टेस्ट मैच; पुरुषों को लगे थे 54 साल
पहले ही ले चुके है दो फॉर्मेट से संन्यास
रोहित शर्मा पहले टी-20 और टेस्ट क्रिकेट से संन्यास ले चुके हैं. उन्होंने 29 जून, 2024 में भारत को टी-20 विश्व कप जिताने के कुछ ही घंटों बाद टी-20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास ले चुके हैं. इसके बाद 7 मई, 2025 को इंग्लैंड दौरे से पहले इंस्टाग्राम पर एक पोस्ट के माध्यम से टेस्ट क्रिकेट से संन्यास लेने की घोषणा कर दी. हालांकि, रोहित का यह सबसे चौंकाने वाला फैसला था और हर एक क्रिकेट प्रेमी हैरान हो गया था. आपको बताते चलें कि पिछले साल चयन समिति ने रोहित शर्मा की जगह वनडे की टीम की कप्तानी शुभमन गिल को सौंप दी थी. वनडे कप्तान के तौर पर रोहित शर्मा ने टीम इंडिया को विश्व कप 2023 के फाइनल तक पहुंचाया था. साथ ही अगले ही साल उनकी कप्तानी में भारतीय टीम ने टी-20 विश्व कप 2024 अपने नाम किया था.
लोगों की यादों से नहीं मिट जाते : सिंघवी
रोहित शर्मा के रिटायरमेंट के बीच सुप्रीम कोर्ट के वरिष्ठ वकील अभिषेक मनु सिंघवी ने एक्स पर लिखा कि कुछ खिलाड़ियों को उनके द्वारा रन के लिए याद किया जाता है. लेकिन कुछ खिलाड़ी ऐसे भी होते हैं जिन्हें उस भरोसे के लिए याद किया जाता है जो उन्होंने पूरे देश को दिया है. रोहित शर्मा उन्हीं चुनिंदा खिलाड़ियों में से एक हैं. साथ ही महान खिलाड़ी क्रिकेट से संन्यास लेते हैं वह किसी की यादों से मिट नहीं जाते हैं.
महान क्रिकेटर हैं रो-को
वहीं, लोगों का कहना है कि एक समय टेस्ट क्रिकेट के लिए राहुल द्रविड़ और सचिन तेंदुलकर हुआ करते थे. उसी तरह से आज के समय में वनडे क्रिकेट में रोहित शर्मा और विराट कोहली हैं. उनका मैदान पर ही खड़ा हो जाने का मतलब है कि टीम इतनी आसानी से हारने वाली नहीं है. वह सीमित ओवरों के महान खिलाड़ियों में से एक है.

ऐतिहासिक मैदान ‘लॉर्ड्स’ पर बने शानदार रिकॉर्ड! इस मैदान पर भारतीय टीम की ये जीत क्यों है इतनी खास?
नहीं की अभी तक कोई घोषणा
रोहित शर्मा के रिटायरमेंट की खबरों के बीच अभी तक हिटमैन ने आधिकारिक तौर पर खुद घोषणा नहीं की है. न ही इस बार उन्होंने सोशल मीडिया पोस्ट के माध्यम से इस बारे में जानकारी दी है. दूसरी तरफ सूत्रों के हवाले से बताया जा रहा है कि बीसीसीआई की तरफ से अभी तक रोहित शर्मा पर संन्यास को लेकर दबाव नहीं बनाया गया है. हालांकि, चयनकर्ताओं का स्पष्ट मानना है कि आगामी विश्व कप के लिए यशस्वी जायसवाल को भी मौका दिया जाए.
प्रदर्शन को लेकर उठे सवाल
बीते कुछ महीनों में रोहित शर्मा का प्रदर्शन इतना खास नहीं रहा है और उसको लेकर लगातार सवाल खड़े हो रहे हैं. बीती आठ वनडे पारियों में रोहित ने 30 की औसत से सिर्फ 241 रन बनाए हैं. इस दौरान उनके बल्ले से मात्र एक ही अर्धशतक आया है. यही वजह है कि चयन समिति से लेकर सोशल मीडिया पर सवाल किए जा रहे हैं. साथ ही इंग्लैंड के खिलाफ भी उनका प्रदर्शन अभी तक औसत दर्जे का ही देखने को मिला है. इंग्लैंड के खिलाफ खेले गए दूसरे वनडे मैच में उन्होंने 47 गेंदों पर 26 ही बनाए. वह इस मैच में एक बार भी सहज महसूस नहीं कर पाए. नई गेंद के खिलाफ उनकी पारी विराट कोहली और श्रेयस अय्यर से काफी अलग नजर आई. इन दोनों बल्लेबाजों ने टीम की हार के बाद भी शानदार पारी खेली. साथ ही अब रोहित शर्मा की जगह यशस्वी जायसवाल को रखने की बात भी जोर पकड़ने लगी.

दूसरी तरफ युवा बल्लेबाज यशस्वी जायसवाल को जब भी मैदान पर खेलने का मौका मिला है. उन्होंने सभी क्रिकेटर्स को प्रभावित किया है. हाल ही में उन्होंने दो शतक लगातार सेलेक्टर्स के उस भरोसे को मजबूत किया है, जहां पर वह कहते हैं कि उन्हें कभी-कभी नहीं बल्कि लगातार मौके मिलनी चाहिए. टीम प्रबंधन का भी मानना है कि जायसवाल को अगर लगातार मौके नहीं दिए गए तो विश्व कप 2027 तक मजबूत टीम को तैयार करने में देरी हो जाएगी.
मौजूदा चैंपियन अर्जेंटीना और स्पेन में होगा महा मुकाबला, इंग्लैंड को मात दे फाइनल में मेस्सी की टीम
चैंपियंस ट्रॉफी का बदला अंदाज
चैंपियंस ट्रॉफी के बाद रोहित शर्मा ने अपनी बल्लेबाजी का अंदाज पूरी तरह बदल दिया. वह अब काफी संभलकर और जरूरत से ज्यादा सतर्क होकर बल्लेबाज कर रहे हैं. टीम मैनेजमेंट का मानना है कि लय पकड़ने के लिए रोहित शर्मा को कम से कम तीन मैचों में खेलने की जरूरत पड़ती है. रोहित शर्मा के लिए सबसे बड़ी चुनौती यह भी है कि वह पहले ही दोनों फॉर्मेट से संन्यास ले चुके हैं और उन्हें अब बस वनडे में ही खेलने का मौका मिलता है. साथ ही पिछले सीजन में उन्होंने विजय हजारे ट्रॉफी भी खेली थी और उनमें से एक मैच सिक्किम में खेला था. एक्सपर्ट्स का मानना है कि रोहित शर्मा को अपनी लय में आने के लिए काफी समय लगता है. ऐसे में चयन समिति ने अपनी राय को स्पष्ट कर दिया है. अब फैसला रोहित शर्मा और बीसीसीआई को लेना है.

रो-को की सबसे सफल जोड़ी
बता दें कि रोहित शर्मा और विराट कोहली ने पिछले डेढ़ दशक में भारतीय बल्लेबाजी की मजबूत नींव रखी है. वनडे क्रिकेट में रो-को की जोड़ी सबसे ज्यादा सफल मानी जाती है. रन बनाने के मामले में ये जोड़ी सचिन तेंदुलकर-राहुल द्रविड़ और कुमार संगकारा-महेला जयवर्धने से पीछे हैं. वहीं, दूसरे वनडे मैच में पूर्व हेड कोच रवि शास्त्री ने रोहित शर्मा का जिक्र करते हुए उनकी उपलब्धियों की जमकर तारीफ की. उन्होंने कहा कि काफी लंबे समय तक भारतीय टीम की सफलता में रोहित ने अहम भूमिका निभाई है. शास्त्री ने 2019 विश्व कप में रोहित शर्मा के पांच शतकों का भी जिक्र किया और भारत को टी-20 विश्व कप जिताने को लेकर भी याद किया. दूसरी तरफ कमेंटेटर इयान वार्ड ने रोहित शर्मा के शांत स्वभाव और नेतृत्व क्षमता की जमकर तारीफ की. अब सबकी निगाहें लॉर्ड्स में होने वाले मैच पर टिकी हुई हैं और रोहित शर्मा अगर इसमें शतकीय पारी खेलते हैं तो उनकी चर्चा तरफ होने लगेगी.
विश्व कप में जड़ा सबसे तेज शतक
विश्व कप 2023 में हिटमैन ने अफगानिस्तान के खिलाफ वर्ल्ड का सबसे तेज शतक जड़ा था. उन्होंने दिल्ली में 63 गेंदों में अपना शतक पूरा कर लिया था और यह शतक किसी विश्व कप में किसी भी भारतीय द्वारा सबसे तेज शतक जड़ा था. हाल-फिलहाल में रोहित शर्मा का रिकॉर्ड तोड़ने किसी भी भारतीय के लिए इतना आसान नहीं होगा. साथ ही अगर विश्व कप 2027 में वनडे विश्व कप का हिस्सा रोहित शर्मा नहीं होते हैं तो उनकी कमी जरूर खलेगी. हालांकि, हर एक भारतीय क्रिकेट फैंस की चाहत है कि वह अपने करियर को अलविदा कहने से पहले एक बार जरूर विश्व कप खेले और उस खिताब को भारतीय टीम ही जीतकर लेकर आए.
T20 में फीकी, वनडे में फौलादी! अक्षर पटेल के सहारे भारत ने ऐसे किया था इंग्लैंड को घर में चित
