Maharashtra Local Body Elections : महारष्ट्र में AIMIM के उम्मीदवारों की जीत असदुद्दीन ओवैसी काफी खुश हैं. साथ ही उन्होंने कहा हम जीत गए हैं और दूसरी पार्टियों को आत्म मंथन करना चाहिए.
Maharashtra Local Body Elections : महाराष्ट्र नगर निकाय चुनाव में भारतीय जनता पार्टी (BJP) के बाद असदुद्दीन ओवैसी के नेतृत्व वाली AIMIM काफी चर्चाओं में बनी हुई है. पार्टी ने राज्य भर में 126 सीटें जीतकर अपनी राजनीतिक ताकत दिखाई है. खासकर छत्रपति संभाजीनगर में बड़े स्तर पर जीतना हैरान करने वाला है. इसी बीच AIMIM प्रमुख ओवैसी ने शनिवार को महाराष्ट्र के लोगों को पश्चिमी राज्य की विभिन्न जगहों पर 126 उम्मीदवारों का कॉपोर्रेटर चुनने के लिए धन्यवाद दिया. उन्होंने यह भी कहा कि जो पार्टियां चुनाव हारी है उन्हें आत्म मंथन करने की जरूरत है. इसके अलावा ओवैसी ने कहा कि AIMIM अब तेलंगाना में नगर निगम चुनाव लड़ने की तैयारी कर रही है और पार्टी ने पहले ही इच्छुक नाम मांगे हैं.
हमारी पार्टी जीत गई : ओवैसी
असदुद्दीन ओवैसी ने कहा कि जो पार्टियों हमको बीजेपी की बी टीम कहकर गाली देते हैं उन्हें अपने बारे में एक बार सोचना चाहिए. साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि अंग्रेजी की एक कहावत है कि जीत के कई बाप होते हैं और हार का कोई नहीं होता है. ओवैसी ने यह भी बोला कि हम क्यों हारे, अब उन लोगों को बताना होगा. जहां तक वोटर लिस्ट की बात है, वह सही है. साथ ही ठाकरे भाई के एक साथ आने वाले सवाल पर हैदराबाद के लोकसभा चुनाव में कहा कि फैसला सबके सामने है और उद्धव ठाकरे के इलाके में जीत हासिल की है. उन्होंने कहा कि हमारी पार्टी जीत गई है और मैं इससे बहुत खुश हूं. मुझे दूसरे के बारे में कुछ नहीं पता है.
कॉर्पोरेटर रहेंगे पार्टी के साथ
इसके अलावा ओवैसी ने भरोसा जताया कि पार्टी के सिंबल पर जीतने वाले कॉर्पोरेटर पार्टी के साथ रहेंगे, जबकि AIMIM अपने सभी लोगों के साथ रखने के लिए सभी जरूरी कदम उठा रही है. दूसरी तरफ बीजेपी की बी टीम के सवाल पर ओवैसी ने कहा कि उनके पास ऐसे आरोपों का कोई इलाज नहीं है. उन्होंने कहा कि इन आरोपों से मुझे कोई फर्क नहीं पड़ता है. जो लोग ऐसी बकवास कर रहे हैं, उन्हें समझना चाहिए कि आप उन लोगों का अपमान कर रहे हैं जिन्होंने हमें वोट दिया है. आपको बताते चलें कि हरिद्वार के हरि की पौड़ी में कथित तौर पर गैर-हिंदुओं के प्रवेश पर रोक लगाने वाले पोस्टर की खबरों पर पूछे जाने पर ओवैसी ने कहा कि यह संविधान के खिलाफ है. उन्होंने यह भी कहा कि यह छुआछूत का एक रूप है और समानता के अधिकार का उल्लंघन करता है.
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