Home Latest News & Updates केरल में मिला छात्र का शव, अरुणाचल प्रदेश का रहने वाला मारपू कर रहा था बी.टेक, मंत्री ने दिए जांच के आदेश

केरल में मिला छात्र का शव, अरुणाचल प्रदेश का रहने वाला मारपू कर रहा था बी.टेक, मंत्री ने दिए जांच के आदेश

by Sanjay Kumar Srivastava 16 August 2026, 2:18 PM IST (Updated 16 August 2026, 2:20 PM IST)
16 August 2026, 2:18 PM IST (Updated 16 August 2026, 2:20 PM IST)
केरल में छात्र का मिला शव, अरुणाचल प्रदेश का रहने वाला मारपू कर रहा था बी.टेक, उच्च शिक्षा मंत्री ने दिए जांच के आदेश

Student Death: एमए कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग के बी.टेक छात्र मिची मारपू (20) कोझिपिल्ली स्थित एक किराए के मकान में मृत पाए गए. मूल रूप से अरुणाचल प्रदेश के पापुम पारे जिले के रहने वाले मारपू शनिवार शाम अपने कमरे में अचेत अवस्था में मिले. अस्पताल ले जाने पर डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया. पुलिस घटनास्थल की परिस्थितियों के आधार पर इसे आत्महत्या का मामला मान रही है. मौके से अंग्रेजी और हिंदी में लिखा तीन पन्नों का सुसाइड नोट भी बरामद हुआ है. शुरुआती जांच के अनुसार, कम एकेडमिक क्रेडिट स्कोर के कारण एक साल बर्बाद (‘इयर बैक’) होने के डर से छात्र ने यह कदम उठाया होगा.

छात्र संगठनों में आक्रोश

हालांकि, मौत के सटीक कारणों का पता लगाने के लिए विस्तृत जांच की जा रही है. उच्च शिक्षा मंत्री ने इस घटना की विस्तृत जांच का आश्वासन दिया है. इस बीच, कॉलेज के छात्रों में गहरा आक्रोश व्याप्त है. छात्र संगठनों ने कॉलेज प्रशासन के क्रेडिट नियमों के खिलाफ व्यापक विरोध प्रदर्शन करने का फैसला किया है. उनका आरोप है कि स्वायत्तता के नाम पर निर्धारित कठिन नियमों के कारण छात्रों पर अत्यधिक मानसिक दबाव बनाया जा रहा है. छात्रों का आरोप है कि कॉलेज में क्रेडिट की न्यूनतम ज़रूरत राज्य के दूसरे इंजीनियरिंग कॉलेजों के मुकाबले ज़्यादा है. कॉलेज की तरफ़ से इस पर कोई तुरंत प्रतिक्रिया नहीं आई.

छात्र की मौत दुर्भाग्यपूर्णः मंत्री

पुलिस ने कहा कि मृतक के परिवार वालों के कोथमंगलम पहुंचने के बाद पोस्टमार्टम किया जाएगा. कोथमंगलम पुलिस ने अप्राकृतिक मौत का मामला दर्ज किया है और जांच कर रही है. इस बीच, मंत्री जॉन ने छात्र की मौत को दुर्भाग्यपूर्ण घटना बताया और भरोसा दिलाया कि इसकी उचित जांच की जाएगी. उन्होंने कहा कि किसी भी हाल में इस तरह से किसी छात्र का आत्महत्या करना बहुत दुखद है. मैं यूनिवर्सिटी से संपर्क करूंगा और उनसे इस मामले की जांच करने का आधिकारिक अनुरोध करूंगा. जॉन ने कहा कि पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है. उन्होंने बताया कि ‘ईयर-बैक’ सिस्टम से प्रभावित होने के बाद छात्र को हॉस्टल से निकाल दिया गया था और उसे कैंपस के बाहर पेइंग गेस्ट के तौर पर रहना पड़ रहा था.

‘ईयर-बैक’ से कई छात्र प्रभावित

खबर है कि उसी कॉलेज में लगभग 20 छात्र इसी तरह की ‘ईयर-बैक’ स्थिति का सामना कर रहे हैं. इसका सीधा असर इन छात्रों के भविष्य पर पड़ता है. जॉन ने कहा कि जब ऐसे मामले सामने आते हैं, तो कॉलेजों को युवा छात्रों के मामले में ज़्यादा सावधानी बरतनी चाहिए. जॉन ने बताया कि KTU के तत्कालीन ‘बोर्ड ऑफ़ स्टडीज़’ के फ़ैसले के बाद पिछली सरकार के कार्यकाल में 2024 में ‘ईयर-बैक’ सिस्टम लागू किया गया था. इस फ़ैसले के अनुसार, जो छात्र पांचवें सेमेस्टर में ज़रूरी क्रेडिट हासिल नहीं कर पाते, उन्हें एक साल पीछे (ईयर-बैक) कर दिया जाता. 2024 में लिए गए इस फ़ैसले को 2026 में लागू किया जाना था. उन्होंने कहा कि इसी के तहत पांचवें सेमेस्टर में आने वाले छात्रों के लिए यह नियम इस साल से लागू हो गया.

मंदिर के 66 वर्षीय मैनेजर ने की सारी हदें पार! नाबालिग लड़की का किया यौन शोषण; पुलिस ने दबोचा

News Source: PTI

You may also like

Live Times logo

Feature Posts

Newsletter

@2026 Live Time. All Rights Reserved.

Are you sure want to unlock this post?
Unlock left : 0
Are you sure want to cancel subscription?