CJP Protest : नीट पेपर लीक और देश में बढ़ती बेरोजगारी के खिलाफ कॉकरेच जनता पार्टी (CJP) का प्रदर्शन उग्र हो गया है. 20 जुलाई को ‘चलो संसद’ मार्च को लेकर सोमवार को माहौल गरमा गया है. साथ ही युवा संसद भवन के बाहर इकट्ठा हो गए हैं और वह लगातार शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा मांग रहे हैं. इसी बीच पार्लियामेंट का मेन गेट बंद कर दिया गया है और भारी संख्या में तैनात अर्धसैनिक बल तैनात कर दिए गए हैं.
जनपद के रास्ते संसद तक पहुंचने की कोशिश
इसके अलावा भारी संख्या में प्रदर्शनकारी लगातार कोशिश कर रहे हैं कि जनपद के रास्ते वह संसद तक पहुंचे हैं. लेकिन बड़ी संख्या में मौजूद पुलिस लगातार रोकने की कोशिश कर रही हैं. वहीं, सुरक्षा व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए जनपद मेट्रो स्टेशन के गेट को बंद कर दिया गया है. प्रदर्शन के दौरान कई सड़कों पर वाहनों का जाम लग गया. आलम यह है कि लोग घंटों से जाम में फंसे हुए हैं. इस जाम को लेकर प्रदर्शनकारियों पर सवाल खड़े होने लग गए हैं. वहीं, प्रदर्शनकारियों का एक हिस्सा संसद के बाहर पहुंच गया है. इस दौरान पुलिस ने भीड़ को तितर-बितर करने के लिए 20-25 मिनट तक आंसू गैस भी छोड़े हैं.
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थ्री-टियर सुरक्षा ग्रिड
सुरक्षा व्यवस्था को पुख्ता करने के लिए दिल्ली पुलिस और अर्धसैनिक बलों ने जंतर-मंतर, पार्लियामेंट स्ट्रीट, सेंट्रल विस्टा, कनॉट प्लेस और शंकर चौक जैसे स्थानों पर थ्री टियर ग्रेड की सुरक्षा को तैनात कर दिया है. इस दौरान दिल्ली पुलिस की दो लेयर और पैरामिलिट्री फोर्स की एक परत को लगाया गया है. साथ ही परिस्थिति को ध्यान में रखते हुए रैपिड रिस्पॉन्स टीमें चौबीसों घंटे स्टैंडबाय पर हैं. इसी बीच नई दिल्ली के डीसीपी सचिन शर्मा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा कि एक पब्लिक एडवाइजरी जारी की है. उन्होंने लिखा कि दिल्ली पुलिस साफ तौर पर ये स्पष्ट करती है कि इस तरह के आंदोलन के लिए अनुमति नहीं मांगी गई है.
जंतर-मंतर के आसपास 163 लागू
डीसीपी सचिन शर्मा ने बताया कि मॉनसून सत्र और प्रदर्शन को ध्यान में रखते हुए नई दिल्ली में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) की धारा 163 लागू कर दी गई है. इसके तहत इन जगहों पर पांच से ज्यादा लोगों के इकट्ठा होने और मार्च निकालने की इजाजत नहीं है. सिर्फ जंतर-मंतर के अंदर शांतिपूर्ण प्रदर्शन की छूट दी गई है. दूसरी तरफ पुलिस ने चेतावनी दी है कि जो भी इन धाराओं का उल्लंघन करेगा उसके खिलाफ BNS की धारा 223 और अन्य कानूनी प्रावधानों के तहत मुकदमा दर्ज कर सख्त कार्रवाई की जाएगी.
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