Satya Niketan Building Collapse: दिल्ली में बिल्डिंग हादसे के बाद नगर निगम ने एक बार फिर सख्त कार्रवाई की है. MCD ने गुरुवार को तीन इंजीनियरों को सस्पेंड कर दिया. इन अधिकारियों पर ड्यूटी में लापरवाही बरतने और अवैध निर्माण के खिलाफ समय पर कार्रवाई नहीं करने का आरोप है. इस कार्रवाई के साथ ही अब तक सात इंजीनियर और एक डिप्टी कमिश्नर, यानी कुल आठ अधिकारियों पर कार्रवाई हो चुकी है. ये पूरा मामला दिल्ली के सत्य निकेतन इलाके में हुए दर्दनाक बिल्डिंग हादसे के बाद सामने आया है. यहां पेइंग गेस्ट यानी PG के तौर पर इस्तेमाल की जा रही एक बहुमंजिला इमारत अचानक ढह गई थी. हादसे में सात लोगों की मौत हुई, जिनमें पांच छात्र शामिल थे. इसके अलावा सात और लोग घायल हुए थे. हादसे के बाद MCD ने अवैध और खतरनाक इमारतों के खिलाफ कार्रवाई तेज कर दी है.
इंजीनियरों पर गिरी गाज
MCD की तरफ से जारी बयान के मुताबिक, गुरुवार को सस्पेंड किए गए अधिकारियों में असिस्टेंट इंजीनियर रविंदर कुमार और जूनियर इंजीनियर सुमन सौरभ और मोहित यादव शामिल हैं. तीनों साउथ वेस्ट जोन में तैनात थे. रविंदर कुमार पहले नजफगढ़ जोन में भी तैनात रह चुके हैं. MCD के मुताबिक, इन अधिकारियों पर अपने क्षेत्र में कथित तौर पर अवैध निर्माण के खिलाफ जरूरी कदम नहीं उठाने और ड्यूटी में लापरवाही बरतने का आरोप है. निगम ने साफ कर दिया है कि ऐसी लापरवाही को अब नजरअंदाज नहीं किया जाएगा.
7 मौतों के बाद सत्य निकेतन इलाके में चला MCD का बुलडोजर, दिल्ली में 24 जानलेवा इमारतों को तोड़ा
पहले भी हो चुकी है कार्रवाई
सत्य निकेतन हादसे के बाद MCD ने सोमवार को भी बड़ा एक्शन लिया था. उस समय साउथ जोन के डिप्टी कमिश्नर राकेश कुमार और चार इंजीनियरों को अनुशासनात्मक कार्रवाई लंबित रहने तक सस्पेंड किया गया था. गुरुवार की कार्रवाई के बाद यह संख्या बढ़कर आठ हो गई है. इनमें एक डिप्टी कमिश्नर और सात इंजीनियर शामिल हैं. इससे साफ है कि निगम अब फील्ड स्तर पर अधिकारियों की जिम्मेदारी तय करने के मूड में है.
अवैध निर्माण पर बढ़ेगी सख्ती
बिल्डिंग हादसे के बाद दिल्ली में अवैध और खतरनाक निर्माण को लेकर MCD का अभियान तेज हो गया है. निगम ने अपने फील्ड अधिकारियों को ज्यादा सतर्क रहने और समय रहते कार्रवाई करने का निर्देश दिया है. MCD का संदेश साफ है कि अगर किसी इलाके में बिना अनुमति निर्माण हो रहा है या कोई इमारत लोगों की सुरक्षा के लिए खतरा बन रही है, तो अधिकारियों को सिर्फ कागजी कार्रवाई तक सीमित नहीं रहना होगा. उन्हें समय पर मौके पर पहुंचकर कार्रवाई करनी होगी. सत्य निकेतन हादसे ने एक बार फिर दिल्ली में इमारतों की सुरक्षा और अवैध निर्माण पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं. अब देखना होगा कि MCD की यह सख्ती जमीन पर कितनी असरदार साबित होती है.
News Source: PTI
सत्य निकेतन हादसा: मालिक के बेटे समेत 3 गिरफ्तार, कोर्ट ने 2 दिन की पुलिस कस्टडी में भेजा
