Nishu Azad: दिल्ली के जंतर-मंतर पर कॉकरेच जनता पार्टी (CJP) के प्रोटेस्ट के दौरान निशु आजाद के पिता पर हमला करने की बात कथित तौर पर कबूल करने वाले स्वतंत्र भारद्वाज को लेकर दिल्ली पुलिस ने 72 घंटे के भीतर गिरफ्तारी का भरोसा दिया है. इस मामले को लेकर CJP के प्रतिनिधि आशुतोष रांका और सौरव दास शुक्रवार को संसद थाने पहुंचे. दरअसल, स्वतंत्र भारद्वाज के एक इंटरव्यू की क्लिप सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है. इसमें वह कथित तौर पर एक व्यक्ति पर हमला कर उसका सिर फोड़ने की बात कहते हुए दिखाई दे रहा है. दावा किया जा रहा है कि इस हमले में पीड़ित को 60 टांके आए थे. हालांकि, उसने बीजेपी नेता कपिल मिश्रा का नाम लेकर अपनी जान बचने का दावा किया था. CJP के प्रतिनिधियों ने पुलिस से मांग की है कि वायरल वीडियो की जांच कर स्वतंत्र भारद्वाज के खिलाफ उचित कानूनी कार्रवाई की जाए और उसे जल्द गिरफ्तार किया जाए.
सही एक्शन लेने में नाकाम रही
वहीं, जंतर-मंतर पर आंदोलन को ऑर्गनाइज करने के वाली सीजेपी ने भारद्वाज की गिरफ्तारी की मांग कर रहा था. उन्होंने आरोप लगाया कि दिल्ली पुलिस उनके खिलाफ सही एक्शन लेने में नाकाम रही है. साथ ही यह विवाद उस वक्त सामने आया जब दिल्ली पुलिस ने कहा कि निशु के पिता संजय कुमार को हाथापाई के दौरान सिर में मामूली चोटे लगी थी. इस बात से सिरे से इनकार कर दिया कि उनके सिर की हड्डी टूट गई. पुलिस ने कहा कि भारद्वाज और दूसरे आरोपी सूरज कुमार को मौके पर हिरासत में ले लिया गया. उनसे पूछताछ की गई और नोटिस दिए गए. अब उनके खिलाफ चार्जशीट फाइल दाखिल की जाएगी.
CJP के प्रदर्शन में शामिल हुए सोनम वांगचुक, दीपके भी रहे मौजूद; जंतर मंतर पर शुरू हुई भूख हड़ताल
पुलिस ने दिलाया पीड़िता को भरोसा
इसी बीच सीजेपी के को-कन्वीनर शुक्रवार को सौरव दास और आशुतोष रांका के अलावा MP चंद्रशेखर आज़ाद और पप्पू यादव भारद्वाज के खिलाफ एक्शन लेने के लिए पार्लियामेंट स्ट्रीट पुलिस स्टेशन पहुंचे. यहां पर उन्होंने शिकायत की और पुलिस से मामले की कार्रवाई कहां तक पहुंची इसके बारे में जानकारी ली. इसी बीच निशु ने कहा कि पुलिस ने भरोसा दिलाया कि भारद्वाज को 72 घंटे के अंदर अरेस्ट कर लिया जाएगा. उन्होंने मीडिया को बताया कि पुलिस ने कहा है कि वे स्वतंत्र भारद्वाज को 72 घंटे में अरेस्ट कर लेंगे. हमें विश्वास है कि वे एक्शन लेंगे और जैसा वे कर रहे थे वैसा टालते नहीं रहेंगे.
निशु ने यह भी कहा कि घटना के बाद गाली-गलौज और दुष्कर्म की धमकियों का सामना करना पड़ा. हालांकि, उन्हें इस मामले में भी FIR दर्ज कराई है. निशु ने कहा कि मुझे घर से बाहर निकलने में भी शर्म आ रही थी. कुछ हफ्तों तक मैं स्कूल नहीं जा सकी और मुझे लगता है कि हर कोई मुझे जज कर रहा है.
छोड़े गए जरूरी चार्ज जोड़े जाएं
AICC लॉ डिपार्टमेंट से जुड़े ऋषभ ने कहा कि डेलीगेशन ने FIR में हत्या की कोशिश, SC/ST एक्ट के नियम और क्रिमिनल इंटिमिडेशन के चार्ज जोड़ने की मांग की थी. उन्होंने यह भी बताया कि मांग यह थी कि छोड़े गए ज़रूरी चार्ज जोड़े जाएं. वे मान गए और भरोसा दिलाया कि 72 घंटे में उसे गिरफ्तार कर लिया जाएगा. ऋषभ ने यह भी बताया कि पुलिस ने उन्हें यह भी भरोसा दिलाया है कि निशु को टारगेट करने वाले कथित ऑनलाइन अब्यूज और आपत्तिजनक तस्वीरों पर एक अलग FIR दर्ज की जाएगी.
जंतर मंतर पर फिर शुरू हुआ हंगामा, फेंके गए पत्थर; पुलिस ने दागे आंसू गैस के गोले
News Source: PTI
