Heatwave in US: अमेरिका के पूर्वोत्तर राज्यों में कुदरत का भीषण रूप देखने को मिल रहा है. ‘फोर्थ ऑफ जुलाई’ के राष्ट्रीय जश्न से ठीक पहले न्यूयॉर्क, फिलाडेल्फिया और बोस्टन जैसे महानगर भट्टी की तरह तप रहे हैं. तापमान 100°F (38°C) के पार पहुंच चुका है, जबकि भारी उमस के कारण ‘हीट इंडेक्स’ इंसानी बर्दाश्त से बाहर हो रहा है.
मौसम विभाग (NWS) ने देश की एक-तिहाई आबादी (करीब 13 करोड़ लोगों) के लिए ‘अत्यधिक गर्मी’ का रेड अलर्ट जारी किया है. दशकों का रिकॉर्ड टूटने के बाद प्रशासन ने आपातकालीन हिदायत दी है. वीकेंड की खुशियों के बीच मंडराते इस आसमानी खतरे ने पूरे देश में सस्पेंस और दहशत का माहौल बना दिया है.
आपातकाल की घोषणा
अमेरिका के पूर्वोत्तर (Northeast) राज्यों में रिकॉर्ड-तोड़ और जानलेवा गर्मी (Heatwave) पड़ रही है. देश के इस हिस्से में तापमान ने पिछले कई दशकों का रिकॉर्ड तोड़ दिया है. न्यूयॉर्क सिटी, वाशिंगटन डीसी, फिलाडेल्फिया और बोस्टन जैसे प्रमुख महानगर इस समय भट्टी की तरह तप रहे हैं. अमेरिकी मौसम विभाग, नेशनल वेदर सर्विस (NWS) ने देश के करीब 12 से 13 करोड़ लोगों (जनसंख्या का एक बड़ा हिस्सा) के लिए अत्यधिक गर्मी का अलर्ट जारी किया है. हालात इतने गंभीर हैं कि प्रशासन को आपातकाल जैसी घोषणाएं करनी पड़ी हैं और लोगों को सख्त हिदायत दी गई है कि वे केवल बहुत जरूरी होने पर ही घरों से बाहर निकलें.
कई दिनों तक भीषण गर्मी की चेतावनी
अमेरिका के पूर्वोत्तर में भीषण गर्मी ने ‘फोर्थ ऑफ़ जुलाई'(4 जुलाई) के जश्न में खलल डाल दिया है. न्यूयॉर्क, बोस्टन और फिलाडेल्फिया में कई दिनों तक भीषण गर्मी की चेतावनी जारी की गई. वीकेंड पर होने वाले ‘फोर्थ ऑफ़ जुलाई’ (4 जुलाई) के जश्न से ठीक पहले उमस भरी गर्मी का असर इस इलाके में बढ़ता जा रहा है.पूर्वोत्तर इलाके में तापमान 90 डिग्री फ़ारेनहाइट (30 डिग्री सेल्सियस) से ज़्यादा रहने का अनुमान है. गुरुवार तक फिलाडेल्फिया और बोस्टन में तापमान 100 डिग्री फ़ारेनहाइट तक पहुंच गया. नेशनल वेदर सर्विस का कहना है कि उमस के कारण गर्मी का असल अहसास (हीट इंडेक्स) कई बार इससे भी ज़्यादा होगा.

कई कार्यक्रमों में बाधा
एक ‘हीट डोम’ यानी किसी इलाके के ऊपर बना हाई-प्रेशर सिस्टम जो गर्मी और उमस को रोककर रखता है, अमेरिका के कई हिस्सों में भीषण गर्मी पैदा कर रहा है. इससे लोगों को काफी परेशानी होगी, खासकर ऐसे समय में जब 250वीं सालगिरह की परेड, जहाजों का जुलूस, आउटडोर कॉन्सर्ट और बोस्टन में एक ऐतिहासिक बालकनी से ‘आज़ादी के घोषणापत्र’ को पढ़ने का मशहूर सालाना कार्यक्रम हो रहा है. न्यूयॉर्क के मेयर ज़ोरान मम्दानी ने लोगों को सलाह दी कि वे घर के अंदर ठंडी जगह पर रहें और बहुत ज़्यादा तापमान से बचें. मम्दानी ने कहा कि आने वाले कई दिनों तक तापमान 100 डिग्री (फ़ारेनहाइट) से ऊपर जाने की संभावना है. यह बहुत चिंता की बात है क्योंकि अक्सर गर्मी को कम करके आंका जाता है.
अमेरिका का पूर्वोत्तर क्षेत्र आमतौर पर अपने ठंडे और सुहावने मौसम के लिए जाना जाता है. इस क्षेत्र के लोगों के शरीर को अत्यधिक उमस और गर्मी को बर्दाश्त करने की आदत नहीं है. देखा जाए तो इस बार की गर्मी अभूतपूर्व और ऐतिहासिक है.
- एक दशक से ज्यादा का रिकॉर्ड टूटा: मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, न्यूयॉर्क और वाशिंगटन डीसी में पड़ रही गर्मी पिछले 10 से 15 वर्षों में सबसे भीषण है. कई शहरों में वास्तविक तापमान 38 डिग्री सेल्सियस (100°F) के पार चला गया है.
- हीट इंडेक्स (Heat Index) का रिकॉर्ड: इस बार असली खतरा थर्मामीटर के तापमान से नहीं, बल्कि हवा में मौजूद अत्यधिक नमी (ह्यूमिडिटी) से है. जब उच्च तापमान और उमस मिलते हैं, तो उसे ‘हीट इंडेक्स’ या महसूस होने वाली गर्मी कहा जाता है. इस समय पूर्वोत्तर के राज्यों में हीट इंडेक्स 43 से 46 डिग्री सेल्सियस (110°F से 115°F) तक पहुंच गया है, जो इस क्षेत्र के इतिहास में दुर्लभ है.
- रात में भी राहत नहीं: ऐतिहासिक रूप से पूर्वोत्तर में दिन गर्म होने पर भी रातें ठंडी हो जाती थीं. लेकिन इस बार रात का न्यूनतम तापमान भी 27 डिग्री सेल्सियस (80°F) के आसपास बना हुआ है. इसका मतलब है कि चौबीसों घंटे इंसानी शरीर को ठंडा होने का मौका नहीं मिल रहा है.
- हाल के वर्षों का पैटर्न: इससे पहले साल 2024 के जून और जुलाई महीनों में भी पूर्वोत्तर ने एक गंभीर ‘हीट डोम’ का सामना किया था, जिसने बोस्टन (98°F) और कनेक्टिकट (97°F) में ऑल-टाइम कैलेंडर रिकॉर्ड तोड़ दिए थे. पिछले कुछ वर्षों (2023, 2024, 2025) को वैश्विक स्तर पर इतिहास के सबसे गर्म वर्षों के रूप में दर्ज किया गया है, और यह मौजूदा गर्मी उसी खतरनाक श्रृंखला का हिस्सा है.
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सरकार और प्रशासन के इंतजाम
गर्मी को अमेरिका में सबसे घातक मौसमी आपदा माना जाता है क्योंकि यह बाढ़, बवंडर या तूफान से भी अधिक लोगों की जान लेती है. इसे देखते हुए स्थानीय और राज्य सरकारों ने युद्ध स्तर पर निम्नलिखित सुरक्षात्मक कदम उठाए हैं.
- कूलिंग सेंटर्स (Cooling Centers) की स्थापना: न्यूयार्क, शिकागो और फिलाडेल्फिया जैसे शहरों में प्रशासन ने सैकड़ों की संख्या में ‘कूलिंग सेंटर्स’ खोले हैं. ये वातानुकूलित (Air-Conditioned) सार्वजनिक स्थान जैसे लाइब्रेरी, सामुदायिक केंद्र और सरकारी भवन हैं, जहां वे लोग आकर रह सकते हैं जिनके घरों में एसी नहीं है.
- आउटडोर गतिविधियों और समर कैंप पर रोक: बच्चों और युवाओं को सुरक्षित रखने के लिए स्कूलों के समर कैंप, आउटडोर खेलकूद प्रतियोगिताएं, आउटडोर कंसर्ट और किसानों के बाजारों को पूरी तरह से रद्द या स्थगित कर दिया गया है.
- एडवाइजरी और वर्क फ्रॉम होम की सलाह: स्वास्थ्य विभागों ने एडवाइजरी जारी कर बुजुर्गों, बच्चों और बीमार लोगों को घरों के अंदर रहने को कहा है. इसके साथ ही, भारी शारीरिक श्रम वाले बाहरी कामों (जैसे कंस्ट्रक्शन) को दिन के सबसे गर्म समय में न करने या काम के घंटे बदलने के निर्देश दिए गए हैं.
- पावर ग्रिड की निगरानी: अत्यधिक गर्मी के कारण हर घर में एसी और कूलिंग सिस्टम लगातार चल रहे हैं, जिससे बिजली की मांग चरम पर पहुंच गई है. सरकार बिजली ग्रिड कंपनियों के साथ मिलकर काम कर रही है ताकि ब्लैकआउट (बिजली गुल होने) की स्थिति से बचा जा सके.
- अस्पतालों में विशेष व्यवस्था: आपातकालीन चिकित्सा सेवाओं (EMS) को हाई अलर्ट पर रखा गया है. अस्पतालों में हीट स्ट्रोक, डिहाइड्रेशन और सांस की तकलीफ से पीड़ित मरीजों के लिए विशेष वार्ड और अतिरिक्त स्टाफ तैनात किए गए हैं.

इतनी भीषण गर्मी पड़ने का मुख्य कारण क्या है?
इस अभूतपूर्व और खतरनाक मौसम के पीछे मुख्य रूप से दो बड़े कारक काम कर रहे हैं- एक तात्कालिक मौसम संबंधी घटना और दूसरा दीर्घकालिक जलवायु परिवर्तन.
1. ‘हीट डोम’ (Heat Dome) का निर्माण
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, इस समय पूरे मध्य और पूर्वोत्तर अमेरिका के ऊपर एक अत्यंत शक्तिशाली उच्च वायुदाब का क्षेत्र (High-Pressure System) बन गया है, जिसे वैज्ञानिक भाषा में ‘हीट डोम’ कहा जाता है. यह हीट डोम एक बंद बर्तन के ढक्कन की तरह काम करता है. यह सूरज की गर्मी से गर्म हुई हवा को जमीन के पास ही रोक (Trap) लेता है. इस सिस्टम के कारण आसमान बिल्कुल साफ रहता है और बादल नहीं बनते, जिससे सूरज की सीधी और तीखी किरणें लगातार जमीन को और गर्म करती रहती हैं. हवा बाहर नहीं निकल पाती, जिससे दिन-ब-दिन तापमान बढ़ता चला जाता है.
2. अटलांटिक महासागर से आने वाली अत्यधिक उमस
पूर्वोत्तर अमेरिका की भौगोलिक स्थिति अटलांटिक महासागर के करीब है. इस बार हीट डोम के साथ-साथ समुद्र की ओर से भारी मात्रा में नमी वाली हवाएं (Moisture) आ रही हैं. जब अत्यधिक तापमान और यह नमी आपस में मिलते हैं, तो हवा भारी हो जाती है और पसीना सूखना बंद हो जाता है, जिससे इंसानी शरीर खुद को प्राकृतिक रूप से ठंडा नहीं कर पाता. यही कारण है कि तापमान 38 डिग्री होने पर भी शरीर को 46 डिग्री जैसी जानलेवा तपिश महसूस हो रही है.
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3. जलवायु परिवर्तन और ग्लोबल वार्मिंग
इस तरह की चरम मौसमी घटनाओं (Extreme Weather Events) के बार-बार और इतनी तीव्रता से आने के पीछे मानव-जनित जलवायु परिवर्तन (Climate Change) सबसे बड़ा जिम्मेदार है. जीवाश्म ईंधन (कोयला, तेल और गैस) के जलने से निकलने वाली ग्रीनहाउस गैसें पृथ्वी के वायुमंडल को लगातार गर्म कर रही हैं. वैज्ञानिकों का कहना है कि ग्लोबल वार्मिंग के कारण अब हीटवेव पहले की तुलना में अधिक लंबी, अधिक गर्म और अधिक बार आने लगी हैं. इसके साथ ही शहरीकरण भी एक कारण है, जहां शहरों के कंक्रीट और स्टील के जंगल (इमारतें और सड़कें) दिन में गर्मी सोख लेते हैं और रात में उसे छोड़ते हैं, जिससे शहरों का तापमान ग्रामीण इलाकों से भी ज्यादा बना रहता है.
15 वर्षों के गर्मी के रिकॉर्ड टूटे
अमेरिका के पूर्वोत्तर और मध्य-पश्चिम (Midwest) राज्यों में आए इस ऐतिहासिक ‘हीट डोम’ के कारण न्यूयॉर्क, वाशिंगटन डीसी, बोस्टन, फिलाडेल्फिया और शिकागो जैसे प्रमुख शहरों में पिछले 10 से 15 वर्षों के गर्मी के रिकॉर्ड टूट रहे हैं. राष्ट्रीय मौसम सेवा (NWS) के अनुसार, इन शहरों में न केवल दिन का तापमान रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच रहा है, बल्कि रात के न्यूनतम तापमान में भी सर्वकालिक उच्च स्तर दर्ज हो रहा है.
- न्यूयॉर्क सिटीः न्यूयॉर्क सिटी में तापमान 100 से 102 डिग्री फ़ारेनहाइट (38°C – 39°C) के आसपास पहुंच रहा है, जो पिछले एक दशक में सबसे अधिक है.
- वाशिंगटन डीसीः अमेरिकी राजधानी में लगातार कई दिनों तक तापमान 100°F या उससे अधिक रहने का एक नया रिकॉर्ड बन रहा है.
- बोस्टनः यहां शुक्रवार तक तापमान 100 डिग्री फ़ारेनहाइट (37.7°C) को छूने का अनुमान है, जो इस क्षेत्र के सामान्य औसत से बहुत ज्यादा है.
- फिलाडेल्फियाः यहां अत्यधिक गर्मी की चेतावनी (Extreme Heat Warning) जारी है और सुबह 6 बजे ही हीट इंडेक्स 86°F तक पहुंच रहा है. शहर के ऐतिहासिक स्थलों पर काम करने वाले कलाकारों और पर्यटकों के लिए विशेष गाइडलाइंस जारी की गई हैं. इसके अलावा शिकागो में तापमान 95°F से ऊपर बना हुआ है और लोग खुद को ठंडा रखने के लिए पार्कों और फव्वारों का सहारा ले रहे हैं.

कम तापमान पर भी तनाव का असर
अमेरिका के पूर्वोत्तर इलाके में उमस कोई नई बात नहीं है. लेकिन न्यूयॉर्क में NYU लैंगोन हेल्थ के डॉ. अलेक्जेंडर अज़ान ने कहा कि हवा का ज़्यादा तापमान और उमस मिलकर खतरनाक स्थिति पैदा करते हैं. अज़ान ने कहा कि उनके शरीर में गर्मी का सामना करने के लिए ज़रूरी अनुकूलन क्षमता नहीं होती है, इसलिए दक्षिण में रहने वाले लोगों की तुलना में यहां कम तापमान पर भी ‘हीट स्ट्रेस’ (गर्मी का तनाव) हो सकता है, जैसे कि ‘हीट एग्जॉशन’ (गर्मी से बहुत ज़्यादा थकान) और गंभीर मामलों में ‘हीट स्ट्रोक’.विशेषज्ञों का कहना है कि शहरों में रहने वाले लोगों को ज़्यादा खतरा है.
न्यूयॉर्क में घरों के अंदर रहने की अपील
नेचुरल रिसोर्सेज़ डिफेंस काउंसिल के क्लाइमेट साइंटिस्ट विजय लिमाये ने कहा कि कंक्रीट, डामर और स्टील जैसी चीज़ें गर्मी को सोखकर रखती हैं. आपके फ़ोन पर दिख रहा तापमान शायद उस असल तापमान को न दिखाए जिसका सामना आप बाहर निकलने पर करेंगे. न्यूयॉर्क शहर ने कहा है कि सरकारी कर्मचारियों और वॉलंटियर्स की 200 से ज़्यादा टीमें बेघर लोगों का हाल-चाल लेंगी और उन्हें घर के अंदर जाने के लिए कहेंगी.
शहर में सैकड़ों कूलिंग सेंटर होंगे, जिनमें जैविट्स सेंटर कन्वेंशन हॉल से लेकर वैन और मिस्टिंग फ़ैन वाली खुली जगहें शामिल हैं. न्यूयॉर्क में अमेरिकन केनेल क्लब का ‘म्यूज़ियम ऑफ़ द डॉग’ रविवार तक लोगों को अपने कुत्ते साथ लाने की इजाज़त दे रहा है ताकि वे गर्मी से राहत पा सकें. एग्ज़ीक्यूटिव डायरेक्टर क्रिस्टोफ़र ब्रॉमसन ने बताया कि उन्हें यह आइडिया तब आया जब उन्होंने अपने न्यूफ़ाउंडलैंड कुत्ते को म्यूज़ियम के ठंडे फ़र्श पर आराम से लेटे हुए देखा. उन्होंने कहा कि मैंने सोचा कि हर कुत्ते को यह सुविधा मिलनी चाहिए.
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