PM Modi: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को कहा कि भारत आने वाले G7 शिखर सम्मेलन में न केवल अपनी बात रखेगा, बल्कि ‘ग्लोबल साउथ’ की उम्मीदों को भी आवाज देगा. फ्रांस और स्लोवाकिया की अपनी एक हफ़्ते की यात्रा पर रवाना होने से पहले मोदी ने कहा कि G7 में भारत की मौजूदगी यह दिखाती है कि उसके सहयोगी देश भारत पर कितना भरोसा करते हैं और वैश्विक स्तर पर भारत का कद कितना बढ़ रहा है. उन्होंने कहा कि यह लगातार 8वां G7 शिखर सम्मेलन है जिसमें भारत को आमंत्रित किया गया है. G7 में भारत न केवल अपनी बात रखेगा, बल्कि ‘ग्लोबल साउथ’ की उम्मीदों को भी आवाज देगा. G7 शिखर सम्मेलन 16 और 17 जून को फ्रांस के एवियन में आयोजित किया जाएगा.
18 जून तक रहेंगे दौरे पर
मोदी 13 से 18 जून तक फ्रांस और स्लोवाकिया के दौरे पर रहेंगे. मोदी ने कहा कि मुझे पूरा भरोसा है कि फ्रांस और स्लोवाक गणराज्य की मेरी यात्राओं से यूरोप और G7 के साथ भारत के गहरे होते संबंधों को और मजबूती मिलेगी. साथ ही, इससे इस महाद्वीप और उससे आगे भी अपनी साझेदारियों का दायरा बढ़ाने के प्रति हमारी अटूट प्रतिबद्धता भी दिखेगी. मोदी ने कहा कि भारत के रणनीतिक दृष्टिकोण में फ्रांस का एक खास स्थान है. वहीं, स्लोवाकिया की उनकी यात्रा, जो 1993 में देश की आजादी के बाद किसी भारतीय प्रधानमंत्री की पहली यात्रा है, एक ऐतिहासिक मील का पत्थर साबित होगी और दोनों देशों के बीच बढ़ते संबंधों को और गति देगी.
14 जून को फ्रांस के राष्ट्रपति से मुलाकात
प्रधानमंत्री ने कहा कि वह 14 जून को नीस में फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों के साथ मिलकर ‘भारत इनोवेट्स’ का उद्घाटन करने के लिए उत्सुक हैं. ‘भारत-फ्रांस इनोवेशन वर्ष’ के तहत आयोजित होने वाला यह अहम कार्यक्रम भारत के सबसे होनहार स्टार्टअप्स को वैश्विक निवेश से जोड़ेगा. साथ ही भारत के उच्च शिक्षा इकोसिस्टम से निकलने वाले इनोवेशन के लिए एक बड़े उत्प्रेरक के रूप में भी काम करेगा.
फ्रांस के बाद मोदी 14-15 जून को सरकारी दौरे पर स्लोवाकिया जाएंगे. वहां वे ब्रातिस्लावा में राष्ट्रपति पीटर पेलेग्रिनी और प्रधानमंत्री रॉबर्ट फिको के साथ बातचीत करेंगे और बिज़नेस लीडर्स से मिलेंगे. उन्होंने कहा कि यह ऐतिहासिक दौरा हमारे द्विपक्षीय संबंधों की मज़बूत गति को और आगे बढ़ाएगा. मैं राष्ट्रपति पेलेग्रिनी और प्रधानमंत्री फिको के साथ बातचीत करने के लिए उत्सुक हूं.
भारत-EU मुक्त व्यापार समझौते को मिलेगी गति
उन्होंने आगे कहा कि भारत-EU मुक्त व्यापार समझौते की गति को आगे बढ़ाते हुए यह दौरा यूरोपीय संघ के साथ हमारी रणनीतिक साझेदारी को और मज़बूत करेगा. इसके बाद मोदी G7 समिट में शामिल होने के लिए एवियन जाएंगे और फिर 18 जून को पेरिस में अपनी फ्रांस यात्रा पूरी करेंगे, जहां वे राष्ट्रपति मैक्रों के साथ विवाटेक (VivaTech) 2026 में शामिल होंगे. VivaTech यूरोप में टेक्नोलॉजी और इनोवेशन का सबसे बड़ा आयोजन है. इस बार इसमें भारत का सबसे बड़ा नेशनल पवेलियन होगा, जो भारतीय और यूरोपीय इनोवेशन इकोसिस्टम के बीच पार्टनरशिप की बड़ी संभावनाओं का एक सही प्रतीक है.
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News Source: PTI
