CWG Medallists: प्रधानमंत्री मोदी ने कॉमनवेल्थ गेम्स में जीतने वाले भारतीय खिलाड़ियों से मुलाकात की और उनकी प्रशंसा की. उन्होंने सभी से उनकी तैयारी और ग्लासगो में रहने के दौरान उनके अनुभवों के बारे में पूछा. यह बातचीत रविवार को हुई थी और इसमें खेल मंत्री मनसुख मंडाविया, खेल राज्य मंत्री रक्षा खडसे और इंडियन ओलंपिक एसोसिएशन (IOA) की अध्यक्ष पी टी उषा भी शामिल हुईं.
बॉक्सर लवलीना बोरगोहेन को भारतीय नक्शे के बिगड़े हुए रूप पर एतराज जताने के लिए तारीफ मिली, वेटलिफ्टर मीराबाई चानू ने पिछले चार सालों में अपने साथ हुई मुश्किलों के बारे में खुलकर बात की, जबकि कुछ और लोगों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ उनके घर पर हल्की-फुल्की बातचीत के दौरान मजाक किया. बता दें, भारत ने कॉमनवेल्थ गेम्स में 39 मेडल जीते और चौथा स्थान हासिल किया. इस गिनती में 13 गोल्ड मेडल शामिल थे, जिनमें से सात बॉक्सिंग में आए.
नक्शा ठीक करवाने के लिए पीएम ने की तारीफ
पीएम मोदी ने सोमवार को अपने ऑफिस से बातचीत का वीडियो शेयर किया. उन्होंने 75kg कैटेगरी में सिल्वर मेडल जीतने वाली बॉक्सर लवलीना से पूछा, “क्या हुआ वो रेस्टोरेंट वाले से झगड़ा क्यों कर रही थी?” लवलीना ने हंसते हुए जवाब दिया, “हमने बहुत अच्छा परफॉर्म किया और यह गेम्स का आखिरी दिन था. यह खुशी का मौका था सर, हम जश्न मना रहे थे और जब मैंने बिगड़ा हुआ नक्शा देखा तो मुझे अच्छा नहीं लगा. मैंने उन्हें प्यार से बताया और उन्होंने बदलाव भी कर दिए हैं.”
चार साल का दर्द आंसू बनकर निकला
मीराबाई ने ग्लासगो में 48kg कैटेगरी में 190kg का वेट उठाकर गोल्ड जीता. PM ने अपनी वन-ऑन-वन बातचीत में मीराबाई से उनके अनुभव के बारे में पूछा. उन्होंने मीराबाई को लड्डू भी खिलाया. पीएम ने कहा, “इतने आंसू टपक रहे थे.” मुस्कुराती हुई मीराबाई ने जवाब दिया, “मैं उस पल बहुत खुश और इमोशनल थी. मैं रो रही थी क्योंकि मैं पेरिस ओलंपिक्स में एक किलोग्राम से मेडल से चूक गई थी. मैंने इन पिछले चार सालों में बहुत कुछ झेला था. मैं चोटों और कुछ पारिवारिक समस्याओं से भी जूझ रही थी. बहुत सी चीजें थीं. इसलिए ये चार साल मेरे लिए बहुत मुश्किल थे और जब मैं पोडियम पर खड़ी हुई, हमारा झंडा ऊपर उठा और राष्ट्रगान बजा, तो खुद को रोकना मुश्किल था.”
बॉक्सर नरेंद्र ने शेयर किया मजेदार किस्सा
बॉक्सर नरेंद्र बेरवाल, जिन्होंने +90kg गोल्ड जीता, ने इस मौके पर एक मजेदार कमेंट शेयर किया जो उन्हें 2015 के मिलिट्री वर्ल्ड गेम्स में एक पाकिस्तानी बॉक्सर को हराने के बाद मिला था. उन्होंने कहा 2015 वर्ल्ड मिलिट्री गेम्स के दौरान, मेरा एक पाकिस्तानी बॉक्सर से मुकाबला हुआ था. मैं जीत गया लेकिन जब हम अपनी छोटी-मोटी चोटों के इलाज के लिए मेडिकल रूम में साथ थे, तो उसने मुझसे कहा ‘भाईजान आपका नाम नरेंद्र है, आपके कोच का नाम नरेंद्र है, आपके प्रधानमंत्री का नाम नरेंद्र है, मुझे नरेंद्र नाम से नफरत हो गई है.’ इस पर प्रधानमंत्री हंस पड़े.
पीएम ने एथलीट्स को बताया प्रेरणा
पीएम ने एथलीट्स की कोशिशों की तारीफ की और उन्हें इंस्पिरेशन बताया. उन्होंने कहा “मैं इस हाउस में 12-13 साल से हूं और अगर कोई एक ग्रुप है जिससे मैं यहां रेगुलर मिलता हूं, तो वो एथलीट्स हैं, क्योंकि भारत के लिए मेडल जीतने की आपकी कोशिशों और नई ऊंचाइयों को छूने के आपके ट्रेडिशन की वजह से ऐसा हुआ है. स्कूलों में स्पोर्ट्स को प्रमोट करने की हमारी कोशिश से कहीं ज़्यादा, आपके मेडल्स लोगों को प्रेरित करते हैं.”
News Source: PTI
